प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X के माध्यम से देश के नाम एक विशेष संदेश साझा किया। अपने आधिकारिक हैंडल से किए गए इस पोस्ट में उन्होंने भगवान श्रीकृष्ण की महिमा और उनके स्वरूप का स्मरण करते हुए एक पारंपरिक श्लोक लिखा। इस संदेश के सामने आते ही इंटरनेट पर चर्चाएं शुरू हो गईं और बड़ी संख्या में लोगों ने इस पर अपनी प्रतिक्रियाएं दर्ज कराईं।
श्रीकृष्ण जन्मोत्सव पर साझा किया गया पारंपरिक श्लोक
नरेंद्र मोदी ने अपने इस संदेश में वासुदेवसुतं देवं कंसचाणूरमर्दनम्, देवकीपरमानन्दं कृष्णं वन्दे जगद्गुरुम् श्लोक का उल्लेख किया। इस श्लोक के जरिए भगवान श्रीकृष्ण के उन रूपों और गुणों का वंदन किया जाता है, जिनके बारे में हिंदू ग्रंथों और मान्यताओं में विस्तार से बताया गया है। इस श्लोक का अर्थ भगवान श्रीकृष्ण के जन्म, उनके द्वारा कंस और चाणूर जैसे असुरों के संहार, माता देवकी को मिलने वाले परम आनंद और उन्हें संपूर्ण जगत का गुरु बताने से जुड़ा हुआ है। देश के प्रमुख नेता द्वारा इस पावन अवसर पर इस प्रकार के धार्मिक और आध्यात्मिक श्लोक को साझा किए जाने से सोशल मीडिया पर एक खास माहौल देखने को मिला।
सोशल मीडिया पर यूजर्स की विभिन्न प्रतिक्रियाएं
प्रधानमंत्री के इस पोस्ट के सामने आते ही सोशल मीडिया यूजर्स की तरफ से प्रतिक्रियाओं का तांता लग गया। इस पोस्ट के कमेंट सेक्शन और रिप्लाई में आम जनता और विभिन्न यूजर्स ने अपनी भावनाएं व्यक्त कीं। कई लोगों ने इस अवसर पर अपनी तरफ से भी जय श्री कृष्ण और जन्माष्टमी की शुभकामनाएं साझा कीं। इसके अलावा, कुछ यूजर्स ने इस मौके पर भगवान श्रीकृष्ण के उपदेशों और जीवन दर्शन को याद किया, जबकि कुछ अन्य लोगों ने राजनीतिक और सामाजिक विषयों पर अपनी बातें रखीं। इस प्रकार की मिली-जुली प्रतिक्रियाओं से यह साफ होता है कि इस त्योहार और इस संदेश को लेकर लोगों के मन में गहरी आस्था और अपने-अपने विचार दोनों मौजूद थे।



























