मंगलवार को महाराष्ट्र की राजनीति में एक ही दिन दो बड़ी मुलाकातों ने हलचल मचा दी। एक तरफ दिल्ली में डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मिलने पहुंचे, तो दूसरी तरफ मुंबई में सीएम देवेंद्र फडणवीस के सरकारी आवास पर एनसीपी अजीत पवार गुट और एनसीपी शरद पवार गुट, दोनों खेमों के नेता पहुंच गए। एक ही दिन अलग-अलग शहरों में हुई इन बैठकों ने राजनीतिक गलियारों में कयासों को हवा दे दी है।
दिल्ली में शिंदे और शाह की मुलाकात
उद्धव बालासाहेब ठाकरे (UBT) गुट को छोड़कर शिवसेना का दामन थामने वाले 6 सांसद मंगलवार को डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे के साथ नई दिल्ली पहुंचे और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से शिष्टाचार भेंट की। इस मुलाकात में शिवसेना के संसदीय दल के नेता और सांसद डॉक्टर श्रीकांत शिंदे भी साथ मौजूद रहे। यह बैठक सिर्फ औपचारिक भेंट नहीं थी, बल्कि इसमें ठोस मुद्दों पर भी बातचीत हुई।
विकास कार्यों और फंड पर हुई बातचीत
बैठक के दौरान इन 6 सांसदों के संसदीय क्षेत्रों में जो विकास कार्य अभी अटके पड़े हैं, उन्हें जल्द पूरा कराने पर सकारात्मक चर्चा हुई। सांसदों ने केंद्र सरकार से जुड़ी विभिन्न परियोजनाओं में तेजी लाने, जरूरी निधि जारी करने और बुनियादी ढांचे के विकास से जुड़ी अपनी मांगें सीधे अमित शाह के सामने रखीं।
शाह ने दिया भरोसा
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सभी सांसदों का गर्मजोशी से स्वागत किया और उनकी मांगों को ध्यान से सुना। उन्होंने साफ कहा कि इन संसदीय क्षेत्रों में चल रही जनकल्याणकारी योजनाओं और विकास कार्यों के लिए केंद्र सरकार की तरफ से पैसे या किसी भी तरह की मदद में कोई कमी नहीं आने दी जाएगी।
शिंदे बोले, यह सद्भावना मुलाकात थी
अमित शाह के साथ बैठक खत्म होने के बाद डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे ने कहा, 'यह एक सद्भावना मुलाकात थी। हमारे 6 सांसद भी बैठक में मौजूद रहे। केंद्रीय गृह मंत्री के साथ ये बैठक और बातचीत उनके निर्वाचन क्षेत्रों में विकास कार्यों पर केंद्रित रही।' संसद के मॉनसून सत्र को लेकर पूछे गए सवाल पर उन्होंने कहा, 'आज बारिश हुई है। मॉनसून सत्र अच्छा रहेगा।'
उधर मुंबई में फडणवीस के आवास पर जुटे एनसीपी के नेता
ठीक इसी दिन मुंबई में भी सियासी सरगर्मी देखने को मिली। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के सरकारी निवास वर्षा बंगले पर एनसीपी अजीत पवार गुट के नेता प्रफुल्ल पटेल और सुनील तटकरे पहुंचे और फडणवीस से मुलाकात की। इसके कुछ ही देर बाद एनसीपी शरद पवार गुट के नेता जयंत पाटिल भी वर्षा बंगले पर पहुंच गए और फडणवीस से मुलाकात की। खास बात यह रही कि दोनों धड़ों के नेता एक ही दिन एक ही जगह पहुंचे, जिससे बैठक को लेकर उत्सुकता और बढ़ गई।
बैठक की वजह अब तक साफ नहीं
फडणवीस और एनसीपी के दोनों गुटों के नेताओं के बीच हुई इस मुलाकात की असली वजह अब तक सामने नहीं आई है। न तो सरकार की तरफ से और न ही किसी नेता की तरफ से इस बारे में कोई आधिकारिक बयान जारी किया गया है।
राजनीतिक विश्लेषकों में तेज हुई चर्चा
एक ही दिन दिल्ली और मुंबई में हुई इन दो अलग-अलग लेकिन अहम बैठकों ने महाराष्ट्र की राजनीति में नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है। विपक्ष के नेता और राजनीतिक विश्लेषक इन मुलाकातों के पीछे छिपे संभावित सियासी संकेतों को लेकर अलग-अलग तरह के कयास लगा रहे हैं। हालांकि जब तक इन बैठकों की असली वजह सामने नहीं आती, तब तक इन कयासों की पुष्टि करना मुश्किल है।











