जनवरी 2025 में इलॉन मस्क के नेतृत्व वाले डिपार्टमेंट ऑफ गवर्नमेंट एफिशिएंसी (DOGE) द्वारा शुरू किए गए प्रशासनिक बदलावों के कारण अमेरिकी सरकारी तंत्र में गहरा संकट देखा जा रहा है। इस अभियान के तहत दसियों हजार कर्मचारियों की छंटनी की गई, दफ्तर आकर काम करने के सख्त नियम लागू किए गए और शून्य-आधारित बजट प्रक्रिया अपनाई गई। अमेरिकी सरकार की अचल संपत्ति और सूचना प्रौद्योगिकी (IT) प्रबंधन देखने वाली एजेंसी जनरल सर्विसेज एडमिनिस्ट्रेशन (GSA) पर इसका सीधा असर पड़ा। व्यापक छंटनी के साथ-साथ एजेंसी को सैकड़ों सरकारी इमारतों को बेचने की योजना बनानी पड़ी, जिसके बाद अब दफ्तरों के बुनियादी ढांचे के बिगड़ने की खबरें आ रही हैं।
सुरक्षा और स्वच्छता पर उठते गंभीर सवाल
सरकारी कर्मचारियों के लिए आवंटित अस्थाई दफ्तर के भीतर की स्थिति लगातार खराब होती जा रही है। इमारत की तीसरी मंजिल पर स्थित पुरुष शौचालय की छत का एक हिस्सा गिर गया, जिससे शौचालय पर मलबा फैल गया और छत में बड़ा छेद हो गया। इसके अलावा परिसर में चूहों को पकड़ने के जाल में मृत चूहे भी पाए गए। कर्मचारियों का कहना है कि पुरानी सरकारी इमारतों में चूहों की मौजूदगी कोई नई बात नहीं है, लेकिन छत के टूटने ने उनकी सहनशीलता की सीमा पार कर दी।
दफ्तर में पीने के पानी की गुणवत्ता पर भी सवाल उठ रहे हैं। वाटर बोतल भरने वाले नल के पास एक नोटिस लगाया गया है, जिसमें कर्मचारियों को सलाह दी गई है कि वे बोतल भरने से पहले 5 से 10 सेकंड तक पानी को बिना बोतल के बहने दें और पानी साफ होने पर ही बोतल भरें। नाम न छापने की शर्त पर एक जीएसए कर्मचारी ने अपनी निराशा व्यक्त करते हुए कहा, "हम सभी बहुत कुछ झेल चुके हैं, लेकिन इस घटना ने मुझे आखिरकार यह अहसास करा दिया कि उन्हें हमारी कोई परवाह नहीं है।" कर्मचारी ने यह भी चिंता जताई कि अब उन्हें शौचालय जाने से पहले ऊपर छत देखनी पड़ रही है और पीने के पानी की सुरक्षा पर भी संदेह बना हुआ है।
दफ्तर का स्थानांतरण और संपत्तियों की बिक्री
एजेंसी का यह दफ्तर एक बड़े रियल एस्टेट फेरबदल के दौर से गुजर रहा है। जीएसए प्रशासक एड फ़ोर्स्ट सहित शीर्ष नेतृत्व ने कर्मचारियों को सूचित किया है कि वे दिसंबर 2028 तक ऑफिस ऑफ पर्सनल मैनेजमेंट (OPM) की इमारत में काम करेंगे। यह फैसला इसलिए लेना पड़ा क्योंकि 1800 एफ स्ट्रीट स्थित जीएसए के पुराने मुख्य दफ्तर में बड़े पैमाने पर मरम्मत और नवीनीकरण का काम चल रहा है।
चिंता की बात यह है कि जिस ओपीएम इमारत में कर्मचारियों को बिठाया गया है, उसे भी तेजी से बेचने यानी त्वरित निपटान की सूची में रखा गया है। जीएसए द्वारा जारी एक आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, यह कदम सरकार भर में कम इस्तेमाल होने वाली जगहों को कम करने और सरकारी संपत्तियों को सुव्यवस्थित करने की नीति का हिस्सा है। हालांकि, बड़े पैमाने पर की गई छंटनी के ठीक एक साल बाद, जीएसए ने करीब 400 नए कर्मचारियों को नियुक्त करने की योजना की घोषणा की है।
डोज़ अभियान का वर्तमान स्वरूप
दफ्तर की बदहाली और सुरक्षा संबंधी चिंताओं पर जीएसए और ओपीएम की तरफ से तुरंत कोई प्रतिक्रिया नहीं दी गई। इस बीच डोज़ अभियान से जुड़े नेतृत्व में भी बदलाव देखा गया है।
हालांकि इलॉन मस्क ने ट्रंप प्रशासन में अपनी सार्वजनिक भूमिका से दूरी बना ली है, लेकिन डोज़ से जुड़े अन्य अधिकारी अभी भी सरकारी विभागों में सक्रिय हैं। ये अधिकारी लगातार खर्चों में कटौती और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तकनीकों को अपनाने पर जोर दे रहे हैं। वहीं, इस अभियान से जुड़े कुछ अन्य विशेषज्ञ वापस निजी क्षेत्र में लौट चुके हैं और अब एआई, डेटा सेंटर और निर्माण क्षेत्रों में काम कर रहे हैं।





















