पंजाब के बरनाला जिले से एक अत्यंत दुखद खबर सामने आई है, जहां फिरोजपुर में अपनी सैन्य सेवा निभा रहे 22 वर्षीय अग्निवीर जवान कुलविंदर सिंह देश की सुरक्षा के दौरान वीरगति को प्राप्त हो गए हैं। उनकी अचानक हुई शहादत की सूचना जैसे ही उनके पैतृक गांव पहुंची, वहां गहरा शोक छा गया। इस दुखद हादसे के बाद पूरे इलाके में मातमी सन्नाटा फैला हुआ है और शहीद सैनिक के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में गमगीन माहौल के कारण लोगों ने सम्मान स्वरूप अपने घरों में चूल्हा तक नहीं जलाया है।
मात्र 22 वर्ष की उम्र में देश के लिए न्योछावर किए प्राण
अग्निवीर कुलविंदर सिंह का जन्म और पालन-पोषण पंजाब के बरनाला जिले में भदौड़ विधानसभा क्षेत्र के तहत स्थित गांव काहनेके में हुआ था। उन्होंने अपनी स्कूली शिक्षा गांव के ही सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूल से पूरी की थी और 12वीं कक्षा पास करने के बाद सेना में जाने का सपना साकार किया। लगभग चार वर्ष पूर्व देश भक्ति और सेवा के अटूट जज्बे से प्रेरित होकर वे भारतीय सेना में बतौर अग्निवीर भर्ती हुए थे। इतनी कम उम्र में सेना में शामिल होकर उन्होंने न केवल देश की रक्षा का जिम्मा संभाला, बल्कि अपने परिवार के लिए भी एक मजबूत संबल बने।
माता-पिता का एकमात्र आर्थिक आधार थे जांबाज कुलविंदर
कुलविंदर सिंह एक बेहद साधारण और आर्थिक रूप से कमजोर पृष्ठभूमि से ताल्लुक रखते थे। कम उम्र में ही उन्होंने अपने पूरे परिवार का भार अपने मजबूत कंधों पर उठा लिया था। वे अपने वृद्ध माता-पिता के एकमात्र सहारे थे और उनकी सैन्य सेवा से मिलने वाली आय ही पूरे घर का मुख्य आधार थी। अचानक हुई इस दुखद घटना ने उनके परिवार पर दुखों का पहाड़ तोड़ दिया है, जिससे हर कोई स्तब्ध है। वीर जवान का अंतिम संस्कार आज पूरे सैन्य और प्रशासनिक सम्मान के साथ उनके पैतृक गांव में किया जाएगा।
पंजाब मंडी बोर्ड के चेयरमैन ने जताया गहरा शोक
घटना पर गहरा दुख प्रकट करते हुए पंजाब मंडी बोर्ड के चेयरमैन तरसेम सिंह ने शहीद जवान और उनके परिवार के प्रति अपनी हार्दिक संवेदनाएं व्यक्त की हैं। तरसेम सिंह ने बताया कि कुलविंदर सिंह एक बहादुर, अनुशासित और समर्पित सैनिक थे, जिन्होंने विपरीत परिस्थितियों के बावजूद अपनी मेहनत से सेना में जगह बनाई थी। उन्होंने कहा कि इतनी कम उम्र में देश सेवा करते हुए वीरगति पाना पूरे क्षेत्र के लिए एक अपूरणीय क्षति है। स्थानिक नेतृत्व और प्रशासन इस मुश्किल समय में पीड़ित परिवार के साथ मजबूती से खड़ा है।





















