अगरतला के असम राइफल्स मैदान में आयोजित राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने राज्य की विकास यात्रा का लेखा-जोखा प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि पिछले आठ वर्षों के दौरान सामाजिक और आर्थिक क्षेत्रों में व्यापक प्रगति दर्ज की गई है, जिसके चलते केवल छह साल की अवधि में त्रिपुरा का सकल राज्य घरेलू उत्पाद (GSDP) दोगुना हो गया है। सरकार नागरिकों के सामाजिक और आर्थिक जीवनस्तर को लगातार बेहतर बनाने की दिशा में काम कर रही है।
आर्थिक वृद्धि और प्रति व्यक्ति आय में उछाल
समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि विकास की गति को तेज करने और लोगों की आजीविका में सुधार के लिए कई प्रमुख योजनाओं को सफलतापूर्वक लागू किया गया है। इन लगातार प्रयासों के परिणामस्वरूप राज्य की प्रति व्यक्ति आय अब राष्ट्रीय औसत के काफी करीब पहुंच चुकी है। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री माणिक साहा ने X पर संदेश साझा करते हुए राष्ट्रीय एकता और विकसित भारत के निर्माण के संकल्प को दोहराया तथा स्वतंत्रता सेनानियों को श्रद्धांजलि अर्पित की।
कानून-व्यवस्था और भारी निवेश प्रस्ताव
राज्य में सुरक्षा और शांति व्यवस्था पर बात करते हुए मुख्यमंत्री साहा ने कहा कि त्रिपुरा में कानून-व्यवस्था की स्थिति काफी शांतिपूर्ण बनी हुई है। पिछले वर्ष राज्य में बीते दो दशकों का सबसे कम अपराध दर दर्ज किया गया, जिससे शांतिपूर्ण माहौल तैयार हुआ है। इस बेहतर माहौल की वजह से उत्तर-पूर्वी राज्य त्रिपुरा में निवेशकों की रुचि तेजी से बढ़ी है। हाल ही में आयोजित 'डेस्टिनेशन त्रिपुरा: बिजनेस समिट' का जिक्र करते हुए उन्होंने बताया कि इस आयोजन के जरिए राज्य को 1.32 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। इस विशाल बिजनेस कॉन्क्लेव में 10 विदेशी दूतावासों के प्रतिनिधियों ने भी अपनी भागीदारी दर्ज कराई।
राष्ट्रीय पुरस्कार और बुनियादी ढांचे का विकास
मुख्यमंत्री ने कहा कि त्रिपुरा की विकास पहलों को राष्ट्रीय स्तर पर भी बड़ी सराहना मिली है। कृषि, ग्रामीण विकास और पंचायती राज व्यवस्था सहित विभिन्न महत्वपूर्ण क्षेत्रों में राज्य को कुल 360 राष्ट्रीय और क्षेत्रीय पुरस्कारों से सम्मानित किया जा चुका है। राज्य के सभी इलाकों में संतुलित विकास सुनिश्चित करने के लिए सरकार ने किसानों के कल्याण, क्षेत्रीय कनेक्टिविटी, स्वास्थ्य ढांचे और ग्रामीण विकास पर केंद्रित कई कदम उठाए हैं।
स्वास्थ्य सेवा समझौते और ब्रू परिवारों का पुनर्वास
स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार की जानकारी देते हुए माणिक साहा ने एम्स नई दिल्ली के साथ हुए विशेष समझौते का उल्लेख किया। इस साझेदारी का उद्देश्य अगरतला स्थित जीबीपी अस्पताल में चिकित्सा सुविधाओं का आधुनिक तकनीक के साथ विस्तार करना है, जिससे स्थानीय नागरिकों को बेहतर इलाज मिल सके। इसके अतिरिक्त, मिजोरम से लौटे 6,935 ब्रू परिवारों के पुनर्वास का कार्य केंद्र सरकार के साथ हुए ऐतिहासिक समझौते के तहत सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है। इस कदम से लंबे समय से विस्थापित ब्रू समुदाय की समस्या का स्थायी समाधान निकल सका है।













