भारत की स्टार ओलंपिक मेडलिस्ट निशानेबाज़ मनु भाकर के परिवार पर गहरा दुख आ पड़ा है। उनकी सबसे प्रिय और करीबी दादी दया कौर का 84 साल की उम्र में निधन हो गया। वह बीते कुछ समय से उम्र संबंधी कई तरह की स्वास्थ्य समस्याओं का सामना कर रही थीं। हाल ही में सीने में दर्द की शिकायत होने पर उन्हें रोहतक के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहाँ इलाज के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली।
ट्रेनिंग कैंप छोड़कर गांव के लिए रवाना हुईं मनु
दादी के देहांत की खबर मिलते ही मनु भाकर बेहद भावुक हो गईं। वह उस समय मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में आगामी एशियन गेम्स की तैयारियों को लेकर आयोजित विशेष ट्रेनिंग कैंप में हिस्सा ले रही थीं। जैसे ही उन्हें रोहतक से यह दुखद सूचना मिली, वह बिना किसी देरी के भोपाल से अपने पैतृक गांव के लिए रवाना हो गईं ताकि अपनी दादी के अंतिम दर्शन कर सकें।
दादी और कोच के खोने से दोहरा झटका
मनु भाकर अपनी दादी दया कौर के बेहद करीब मानी जाती थीं। उनकी दादी ने हमेशा उन्हें खेल के क्षेत्र में आगे बढ़ने और देश का नाम रोशन करने के लिए प्रोत्साहित किया। मनु के जीवन में यह समय बेहद कठिन साबित हो रहा है, क्योंकि हाल ही में उन्होंने अपने कोच जसपाल राणा को भी खो दिया था। उस सदमे से वह पूरी तरह उबर भी नहीं पाई थीं कि अब दादी के निधन से उन्हें दोहरा झटका लगा है। 2024 के पेरिस ओलंपिक में शानदार प्रदर्शन कर पदक जीतने वाली मनु के प्रशंसक और खेल जगत इस मुश्किल घड़ी में उनके साथ संवेदना व्यक्त कर रहे हैं।



















