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भरतपुर का दर्र भराना झरना हुआ गुलजार, भारी बारिश के बाद उमड़े सैलानीयात्रा
18 अग॰ 2026, 4:54 pm (25 दिन पहले)· 3

भरतपुर का दर्र भराना झरना हुआ गुलजार, भारी बारिश के बाद उमड़े सैलानी

भरतपुर के डांग क्षेत्र में स्थित दर्र भराना झरना भारी बारिश के बाद पूरी तरह भर गया है और इसकी खूबसूरती देखने दूर-दूर से लोग पहुंच रहे हैं। हालांकि, बारिश के मौसम में यहां का तेज बहाव और फिसलन खतरनाक भी साबित हो सकती है।

मानसून की दस्तक के साथ ही भरतपुर जिले के प्राकृतिक पर्यटन स्थलों की रौनक लौट आई है। पहाड़ों की गोद में बसा दर्र भराना का झरना अब पूरी रफ्तार के साथ बहने लगा है। इस मनमोहक दृश्य को अपनी आंखों से देखने के लिए बड़ी संख्या में पर्यटक इस इलाके का रुख कर रहे हैं। यह लोकप्रिय पिकनिक स्पॉट भरतपुर के डांग क्षेत्र के अंतर्गत आता है, जहां स्थानीय लोगों के अलावा पड़ोसी जिलों धौलपुर और करौली से भी बड़ी संख्या में सैलानी घूमने आते हैं।

प्रकृति प्रेमियों के लिए आकर्षण का प्रमुख केंद्र

इस झरने को भरतपुर जिले के सबसे बड़े और महत्वपूर्ण प्राकृतिक झरनों में शुमार किया जाता है। जब मानसूनी बारिश होती है, तो आसपास के पहाड़ों से पानी बड़ी-बड़ी चट्टानों के बीच से होते हुए नीचे की ओर गिरता है, जिससे एक बेहद मनमोहक नजारा बनता है। इस जगह के चारों तरफ फैली हरियाली, ऊंचे पहाड़ और उनके बीच से गुजरता पानी इस स्थान को बारिश के दिनों में खास बना देता है। यही वजह है कि मानसून के दौरान यह इलाका प्रकृति प्रेमियों और वीकेंड पर घूमने के शौकीनों के लिए सबसे बड़ा आकर्षण बन जाता है।

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परिवारों के साथ पिकनिक मनाने की पसंदीदा जगह

इस झरने के आसपास का प्राकृतिक परिवेश आने वाले सैलानियों का मन मोह लेता है। कई लोग अपने परिवार के सदस्यों और दोस्तों के साथ यहां पिकनिक मनाने पहुंचते हैं और इस प्राकृतिक सौंदर्य का भरपूर आनंद उठाते हैं। बारिश के थमने के बाद यहां का परिदृश्य किसी शानदार हिल स्टेशन या प्राकृतिक पर्यटन स्थल जैसा प्रतीत होता है। पहाड़ों से नीचे गिरता पानी और चट्टानों के बीच बनता यह झरना पूरे इलाके की खूबसूरती में चार चांद लगा देता है।

खूबसूरती के साथ छिपा है गंभीर खतरा

हालांकि यह जगह अपनी खूबसूरती के लिए जानी जाती है, लेकिन बारिश के दिनों में यहां का सफर काफी जोखिम भरा भी हो सकता है। झरने के आसपास विशाल चट्टानें और कई गहरी एवं खतरनाक जगहें मौजूद हैं। मानसून के दौरान पानी का बहाव अचानक तेज हो जाता है और चट्टानों पर काई जमने से फिसलन बहुत बढ़ जाती है। सुरक्षा के लिहाज से स्थानीय प्रशासन भी इस क्षेत्र में पूरी तरह सतर्क रहता है। रिपोर्ट्स के अनुसार इस इलाके में पहले भी कई हादसे और मौतें हो चुकी हैं। इसलिए पर्यटकों को सलाह दी जाती है कि वे झरने के तेज बहाव में जाने से बचें, फिसलन भरी चट्टानों पर न चढ़ें और गहरे पानी के करीब जाने से पूरी तरह परहेज करें।

सुरक्षा को रखें सबसे ऊपर

विशेषकर छोटे बच्चों को अकेला बिल्कुल न छोड़ें और प्रशासन की ओर से समय-समय पर जारी किए जाने वाले सुरक्षा संबंधी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करें। दर्र भराना का यह झरना बारिश के मौसम में प्रकृति का एक अनमोल उपहार है। यदि आप यहां जाने का प्लान बना रहे हैं, तो इसके खूबसूरत नजारों का आनंद तो जरूर लें, लेकिन अपनी सुरक्षा को हमेशा अपनी पहली प्राथमिकता बनाएं।

सवाल-जवाब

दर्र भराना झरना कहाँ स्थित है?
दर्र भराना झरना राजस्थान के भरतपुर जिले के डांग क्षेत्र में पहाड़ों के बीच स्थित है।
इस झरने को देखने के लिए लोग कहाँ-कहाँ से आते हैं?
यहाँ भरतपुर के अलावा धौलपुर और करौली जिलों से भी बड़ी संख्या में लोग घूमने और पिकनिक मनाने आते हैं।
बरसात के मौसम में इस झरने पर जाना खतरनाक क्यों माना जाता है?
बारिश के दौरान पानी का बहाव अचानक तेज हो जाता है और चट्टानों पर फिसलन बढ़ जाती है, जिससे यहाँ पहले भी हादसे हो चुके हैं।
पर्यटकों को झरने के पास क्या सावधानी बरतनी चाहिए?
पर्यटकों को तेज बहाव में जाने, फिसलन भरी चट्टानों पर चढ़ने और गहरे पानी के पास जाने से बचना चाहिए।
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