घर के आंगन, बालकनी या बगीचे को सजाने के लिए लोग तरह-तरह के हरे-भरे पौधे लगाना पसंद करते हैं। पेड़-पौधों की यह प्राकृतिक बनावट और सुंदरता कई बार रेंगने वाले जीवों को भी अपनी ओर खींच लाती है। सांप अक्सर ऐसी जगहों की तलाश में रहते हैं जहां उन्हें पर्याप्त अंधेरा मिले, ठंडक या नमी महसूस हो और बिना किसी व्यवधान के छिपकर शिकार पकड़ा जा सके। बगीचे की योजना बनाते समय कुछ विशेष पौधों और उनकी देखभाल से जुड़े पहलुओं को समझना बेहद जरूरी हो जाता है।
घनी पत्तियों और शाखाओं के नीचे बनता है छिपने का ठिकाना
जिन पौधों की टहनियां और पत्तियां बेहद सघन होती हैं, वे जमीन तक धूप को पहुंचने नहीं देतीं। इस वजह से उन झाड़ियों के बिल्कुल निचले हिस्से में लगातार अंधेरा और नमी का वातावरण बना रहता है। जब पौधों की समय-समय पर छंटाई नहीं की जाती, तो जमीन के पास पत्तों का ऐसा घेरा तैयार हो जाता है जहां कोई भी जीव आसानी से छिप सकता है। सांप इस तरह की अंधेरी और शांत जगहों को अपनी अस्थाई शरणस्थली बना लेते हैं। इसी वजह से घर के मुख्य प्रवेश द्वार, खिड़कियों और आने-जाने वाले रास्तों के ठीक बगल में उगी झाड़ियों को कभी भी हद से ज्यादा घना न होने दें।
लंबी घास और अनियंत्रित झाड़ियां बढ़ाती हैं शिकार की मौजूदगी
लॉन में बेतरतीब ढंग से बढ़ चुकी लंबी घास और अनियंत्रित झाड़ियों का फैलाव सांपों के लिए सुरक्षित आवरण का काम करता है। ऐसी जगहों पर केवल सांप ही नहीं छिपते, बल्कि उनके पसंदीदा शिकार जैसे चूहे, मेंढक और छिपकलियां भी अपना डेरा जमा लेते हैं। जब झाड़ियों में छोटे जीवों की तादाद बढ़ने लगती है, तो भोजन की तलाश में सांप खुद-ब-खुद वहां खिंचे चले आते हैं। इस जोखिम से सुरक्षित रहने के लिए घास की नियमित कटाई बेहद आवश्यक है, ताकि जमीन साफ दिखे और शिकार करने वाले जीवों को छिपने का अवसर न मिले।
चमेली की महक और उसकी घनी बनावट के प्रति बरतें सतर्कता
चमेली का पौधा अपने आकर्षक सफेद फूलों और मनमोहक सुगंध के कारण अधिकांश घरों में लगाया जाता है। इसके बावजूद जमीन के बेहद करीब अगर इसकी शाखाएं अनियंत्रित रूप से फैलकर मोटी झाड़ी बन जाएं, तो वह सांपों के लिए मुफीद छिपने का कोना तैयार कर देती है। चमेली के आसपास विभिन्न प्रकार के कीट-पतंगे भी बड़ी संख्या में आकर्षित होते हैं। इन कीड़ों को खाने के लिए छोटे जीव आते हैं और फिर वही जीव सांपों के लिए आसान शिकार साबित होते हैं। इसलिए चमेली की बेल या झाड़ी को जरूरत से ज्यादा सघन न होने दें और जड़ के पास की जगह को बिल्कुल साफ रखें।
सदाबहार का फैलाव और जमीन पर जमा होने वाली नमी
सदाबहार एक ऐसा पौधा है जो बहुत तेजी से जमीन पर अपनी पकड़ बनाता है और उसकी पत्तियां सतह के पास एक मोटी परत बिछा देती हैं। जब इस घनी परत के नीचे की मिट्टी लगातार नम रहती है और उसके ऊपर सूखी पत्तियां सड़ने लगती हैं, तो यह वातावरण सांपों के विश्राम के लिए अनुकूल बन जाता है। इस परेशानी से बचने के लिए जरूरी है कि सदाबहार की क्यारियों से सूखी पत्तियों को लगातार हटाते रहें और उसकी अतिरिक्त बढ़ चुकी शाखाओं को काटते रहें ताकि हवा और धूप नीचे तक पहुंच सके।
बड़े पत्तों वाले सजावटी पौधों के नीचे की सफाई है जरूरी
चौड़े और बड़े पत्तों वाले शो-प्लांट देखने में बेहद सुंदर लगते हैं और गार्डन का आकर्षण बढ़ाते हैं। हालांकि, जब इन बड़े पत्तों का झुकाव जमीन की सतह तक हो जाता है और उनके नीचे पतझड़ के सूखे पत्ते जमा होने लगते हैं, तो वहां किसी भी जहरीले जीव के दुबकने की गुंजाइश बढ़ जाती है। ऐसे सभी सजावटी पौधों के चारों तरफ पर्याप्त दूरी बनाए रखें, उनके आसपास जमी गंदगी को साफ करें और जमीन को हमेशा खुला व सूखा रखने का प्रयास करें।


















