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बदरीनाथ धाम में दान की कथित हेराफेरी का मामला: प्रमोद नौटियाल पर FIR दर्ज, मंदिर समिति ने की सख्त कार्रवाईउत्तराखंड
8 जुल॰ 2026, 10:21 am (45 दिन पहले)· 1

बदरीनाथ धाम में दान की कथित हेराफेरी का मामला: प्रमोद नौटियाल पर FIR दर्ज, मंदिर समिति ने की सख्त कार्रवाई

बदरीनाथ धाम के चढ़ावे और दान में हुई कथित गड़बड़ी के मामले में मंदिर समिति ने अपने अधिकारी प्रमोद नौटियाल को निलंबित कर दिया है और उनके खिलाफ पुलिस में मामला दर्ज कराया गया है।

उत्तराखंड के प्रसिद्ध बदरीनाथ धाम में चढ़ावे और दान के प्रबंधन में अनियमितता की शिकायतों के बाद प्रशासन और बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (BKTC) ने कड़ी कार्रवाई की है। इस प्रकरण में मंदिर समिति के चेयरमैन के कार्यालय में कार्यरत रहे पर्सनल असिस्टेंट प्रमोद नौटियाल के विरुद्ध बदरीनाथ पुलिस थाने में औपचारिक रूप से प्राथमिकी (FIR) दर्ज की गई है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धारा 306 और 316(5) के तहत यह मामला दर्ज किया है। इससे पहले प्रमोद नौटियाल को थाली गणना एवं प्रोटोकॉल अधिकारी के पद से हटाते हुए निलंबित किया जा चुका था। वर्तमान में स्थानीय स्तर पर मामले की गहन जांच की जा रही है ताकि दान के धन की सुरक्षा और पारदर्शिता सुनिश्चित हो सके।

मंदिर की मर्यादा और नए नियम

इस पूरी घटनाक्रम के बीच बदरीनाथ धाम की पवित्रता और धार्मिक गरिमा को बनाए रखने के लिए प्रबंधन ने महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। अब से मंदिर परिसर में किसी भी समाचार पत्र या अन्य व्यावसायिक संस्थाओं के साइन बोर्ड नहीं लगाए जाएंगे। इस निर्देश का पालन करते हुए मंगलवार देर रात परिसर में लगे दो प्रमुख दैनिक समाचार पत्रों के साइन बोर्डों को तुरंत प्रभाव से हटा दिया गया है। राम मंदिर के चढ़ावे से संबंधित हालिया विवादों के बाद बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति ने तीर्थ स्थलों पर चढ़ावे की सुरक्षा के लिए नए और सख्त निर्देश जारी किए हैं, जिसके तहत अब निगरानी तंत्र को और अधिक मजबूत बनाया जा रहा है ताकि भविष्य में ऐसी किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की पुनरावृत्ति न हो।

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सवाल-जवाब

बदरीनाथ धाम में किसके खिलाफ FIR दर्ज की गई है?
बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के चेयरमैन के पर्सनल असिस्टेंट प्रमोद नौटियाल के खिलाफ FIR दर्ज की गई है।
प्रमोद नौटियाल पर कौन सी धाराएं लगाई गई हैं?
प्रमोद नौटियाल पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धारा 306 और 316(5) के तहत मामला दर्ज किया गया है।
मंदिर परिसर में साइन बोर्ड हटाने का क्या कारण है?
मंदिर की मर्यादा और धार्मिक गरिमा को ध्यान में रखते हुए मंदिर समिति ने परिसर से अखबारों के साइन बोर्ड हटाने का फैसला लिया है।
क्या इस मामले की जांच हो रही है?
हां, मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस द्वारा आधिकारिक जांच शुरू कर दी गई है और प्रमोद नौटियाल को निलंबित कर दिया गया है।
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