पश्चिम बंगाल के आसनसोल-दुर्गापुर पुलिस कमिश्नरेट की डी डिटेक्टिव टीम और जमुड़िया थाना पुलिस ने संयुक्त रूप से एक बड़ी कार्रवाई करते हुए अवैध हथियारों के एक बड़े जखीरे को जब्त किया है। यह पूरी सफलता पुलिस हिरासत में मौजूद आरोपी प्रेमपाल सिंह से की गई गहन पूछताछ के बाद मिली है। प्रेमपाल सिंह जमुड़िया के पूर्व तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) विधायक हरेराम सिंह का बेटा है। उसकी निशानदेही पर पुलिस बल ने बुधवार रात को लगभग 1:30 बजे जमुड़िया क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ईसीएल के नॉर्थ सियारसोल इलाके में स्थित एक परित्यक्त दो मंजिला क्वार्टर पर अचानक छापा मारा। इस दौरान ठिकाने की तलाशी लेने पर वहां से घातक गैर-कानूनी हथियार तथा कारतूस बरामद किए गए।
ईसीएल क्वार्टर से बरामद हथियारों का विवरण
आधी रात को चलाए गए इस गुप्त तलाशी अभियान के दौरान पुलिस टीमों ने परित्यक्त परिसर को चारों तरफ से घेर लिया था ताकि कोई साक्ष्य नष्ट न किया जा सके। मौके से जब्त किए गए हथियारों और गोला-बारूद का विवरण इस प्रकार है
- 1 देसी 7 एमएम पिस्तौल: मौके से एक अवैध 7 एमएम देसी पिस्तौल बरामद की गई।
- 1 देसी रिवॉल्वर: एक चालू हालत वाली देसी रिवॉल्वर जब्त हुई।
- 2 देसी पाइप गन: मौके से दो देसी पाइप गन बरामद की गईं।
- 8 राउंड जिंदा कारतूस: इन हथियारों के साथ 8 जिंदा कारतूस भी बरामद किए गए।
अवैध नेटवर्क और हथियारों की सप्लाई चेन की जांच
अवैध असलाह की इतनी बड़ी मात्रा में जब्ती के बाद जमुड़िया और आसपास के इलाकों में हड़कंप मच गया है। पुलिस प्रशासन अब इस बात की गहराई से छानबीन कर रहा है कि इस लावारिस मकान में इतने हथियार किसने और किस मकसद से छिपाकर रखे थे। जांच अधिकारी इस बात का पता लगा रहे हैं कि इन हथियारों की खरीद-बिक्री के पीछे कौन सा सिंडिकेट शामिल है, इनकी सप्लाई कहां से हुई थी और क्या निकट भविष्य में किसी गंभीर वारदात को अंजाम देने की योजना बनाई जा रही थी। इस मामले में संलिप्त अन्य संदिग्धों की पहचान के लिए जांच तेज कर दी गई है।
अदालत में पेशी और 10 दिनों की रिमांड की मांग
दूसरी तरफ, 6 दिनों की पुलिस कस्टडी की अवधि समाप्त होने के उपरांत आरोपी प्रेमपाल सिंह को गुरुवार को पुनः आसनसोल अदालत के समक्ष प्रस्तुत किया गया। मामले में नए तथ्य सामने आने और हथियार नेटवर्क की अंतिम कड़ियों को जोड़ने के उद्देश्य से जमुड़िया थाना पुलिस ने अदालत से प्रार्थना की है कि आरोपी की पुलिस हिरासत 10 दिनों के लिए और बढ़ाई जाए, ताकि मामले से जुड़े अन्य राज उजागर किए जा सकें।
औद्योगिक क्षेत्र में अवैध असलहों के खिलाफ अभियान
आसनसोल और दुर्गापुर के संपूर्ण औद्योगिक क्षेत्र में अवैध हथियारों तथा असामाजिक तत्वों के खिलाफ पुलिस कमिश्नरेट का विशेष अभियान लगातार जारी है। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि इस कार्रवाई से अवैध हथियारों की तस्करी करने वाले गिरोहों को बड़ा झटका लगा है और इलाके में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने में मदद मिलेगी।



















