शुक्रवार 23 अक्टूबर 2026 की सुबह-सुबह एशियाई क्षेत्र के तीन बड़े देशों में धरती अचानक कांप उठी। चीन, पाकिस्तान और अफगानिस्तान के विभिन्न हिस्सों में आज सुबह भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए। नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी से मिली जानकारी के अनुसार, इन तीनों देशों में आज सुबह आए भूकंप की तीव्रता रिक्टर पैमाने पर क्रमशः 4.1, 4.4 और 4.9 दर्ज की गई। इस भूगर्भीय हलचल ने एक दिन पहले यानी गुरुवार 22 अक्टूबर को तिब्बत में आए एक अत्यंत शक्तिशाली और विनाशकारी भूकंप की यादें ताजा कर दी हैं, जिसने पूरे इलाके में भारी तबाही मचाई है।
तिब्बत में 7.0 तीव्रता के भूकंप से भारी तबाही
बीते गुरुवार को चीन के दूर-दराज के तिब्बत क्षेत्र में रिक्टर पैमाने पर 7.0 तीव्रता का एक बहुत ही जोरदार भूकंप आया था। अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण के मुताबिक, यह आपदा रात 10:33 बजे यानी 1433 GMT पर आई थी। इस भीषण प्राकृतिक आपदा की चपेट में आने से अब तक तिब्बत में 18 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि दर्जनों अन्य लोग घायल बताए जा रहे हैं। भूकंप का केंद्र नाग्कू से लगभग 190 किलोमीटर यानी 120 मील पूर्व-उत्तर-पूर्व दिशा में और क्षेत्रीय राजधानी ल्हासा से 390 किलोमीटर उत्तर-पूर्व में एक दुर्गम पहाड़ी इलाके में स्थित था। स्थानीय प्रशासन और राहत कार्यों में जुटे अधिकारियों के अनुसार, इस झटके से प्रभावित इलाकों में आवासीय मकानों को बड़े पैमाने पर नुकसान पहुंचा है। चीन सेंट्रल टेलीविजन ने स्थानीय अधिकारियों के हवाले से बताया कि इस घटना में कुल 46 लोग घायल हुए हैं, जिनमें से 11 की शारीरिक स्थिति बेहद गंभीर बनी हुई है। इसके साथ ही, इस भीषण झटके के कारण 339 घर या तो पूरी तरह ढह गए हैं या उन्हें भारी क्षति पहुंची है।
चीन, पाकिस्तान और अफगानिस्तान में आज सुबह आए झटके
तिब्बत में मची तबाही के अगले ही दिन शुक्रवार की सुबह तीन अन्य पड़ोसी देशों में भी भूकंप के झटके दर्ज किए गए। नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी के आंकड़ों के अनुसार, अफगानिस्तान में आज सुबह 5:54 बजे 4.1 तीव्रता का भूकंप आया। वहीं, पड़ोसी देश पाकिस्तान में सुबह 4:56 बजे 4.9 तीव्रता के झटके महसूस किए गए। इसके अलावा, चीन में सुबह 6:05 बजे 4.4 तीव्रता का भूकंप दर्ज किया गया। इन लगातार झटकों से स्थानीय नागरिकों में भय का माहौल बन गया है, हालांकि इन तीनों देशों में आज आए झटकों से किसी बड़े नुकसान की तत्काल कोई बड़ी खबर सामने नहीं आई है।
सरकारी एजेंसियों के अनुसार बुनियादी ढांचे को नुकसान और मौसम का संकट
चीन की सरकारी समाचार एजेंसी शिन्हुआ की रिपोर्ट के मुताबिक, इस शक्तिशाली भूकंप के झटकों की वजह से प्रभावित इलाकों के कुछ हिस्सों में संचार व्यवस्था पूरी तरह से ठप हो गई है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाते हुए उस क्षेत्र से गुजरने वाली ट्रेनों के संचालन को रोक दिया है। भूकंप के झटकों के तुरंत बाद पहाड़ी इलाकों से चट्टानें खिसककर नीचे आ गईं, जिसके कारण नेशनल हाईवे 317 का एक हिस्सा पूरी तरह से बंद करना पड़ा है। शिन्हुआ की रिपोर्ट में यह भी चेतावनी दी गई है कि आगामी तीन दिनों के दौरान इस भूकंप प्रभावित क्षेत्र में रुक-रुककर बर्फबारी होने की पूरी संभावना बनी हुई है, जिससे राहत और बचाव कार्यों में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है।


















