धनु साप्ताहिक राशिफल 1 से 7 नवंबर 2026: वक्री बुध और शुक्र के गोचर में समझदारी से लें करियर, धन और रिश्तों के फैसलेबोस्टन में फाउंडर समिट 4 नवंबर को, स्टार्टअप्स और निवेशकों के लिए नेटवर्किंग का बड़ा मौकाऐप्पल केवल दिखावे के लिए नए उपकरणों में कृत्रिम बुद्धिमत्ता नहीं जोड़ेगा, मुख्य कार्यकारी जॉन टर्नस ने दृष्टिकोण किया साफमीन मासिक राशिफल नवंबर 2026: जानिए करियर, धन, संबंध और सेहत के लिए क्या कहते हैं सितारेफ्लावियो बोल्सोनारो की अमेरिका यात्रा में कोई मदद नहीं की: अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने दी सफाईन्यूयॉर्क में घाना के किशोर की हत्या के बाद मां को मिलेगा अमेरिकी वीजा, ज़ोहरान ममदानी ने राष्ट्रपति ट्रंप से की बातडेटोना बीच में चुनावी भाषण के दौरान अपनी बहनों का जिक्र कर बैठे डोनाल्ड ट्रंप, इल्हान ओमर के विवाद पर साधा निशानामीन साप्ताहिक राशिफल 1-7 नवंबर 2026: वक्री शनि बढ़ाएंगे जिम्मेदारी, जानें करियर, धन और सेहत का हालग्रेटर नोएडा की तरह बसा था दुनिया का पहला ग्रेटर शहर, 1898 में न्यूयॉर्क ने बदली थी शहरी विकास की तस्वीररूसी कब्जे वाले ओलेशकी से सुरक्षित निकाले गए सैकड़ों यूक्रेनी नागरिक
ऐप्पल केवल दिखावे के लिए नए उपकरणों में कृत्रिम बुद्धिमत्ता नहीं जोड़ेगा, मुख्य कार्यकारी जॉन टर्नस ने दृष्टिकोण किया साफएआई
1 नव॰ 2026, 3:19 am (2 घंटे पहले)· 1

ऐप्पल केवल दिखावे के लिए नए उपकरणों में कृत्रिम बुद्धिमत्ता नहीं जोड़ेगा, मुख्य कार्यकारी जॉन टर्नस ने दृष्टिकोण किया साफ

ऐप्पल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी जॉन टर्नस ने स्पष्ट किया है कि कंपनी केवल दिखावे के लिए एआई पेश नहीं करेगी। उनका जोर ऐसे व्यावहारिक उत्पाद बनाने पर है जिन्हें उपभोक्ता वास्तव में पसंद करें।

तकनीकी उद्योग में कृत्रिम बुद्धिमत्ता को लेकर मची होड़ के बीच तकनीकी दिग्गज कंपनी ऐप्पल ने अपनी कार्यप्रणाली पर उठ रहे सवालों का जवाब दिया है। कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी जॉन टर्नस ने अपनी कृत्रिम बुद्धिमत्ता रणनीति का पुरजोर समर्थन करते हुए स्पष्ट किया है कि तकनीक का समावेश केवल प्रचलन दिखाने के लिए नहीं होना चाहिए। उनके अनुसार उत्पाद ऐसा होना चाहिए जिसका अनुभव उपभोक्ताओं के लिए बेहद स्वाभाविक और उपयोगी साबित हो।

रणनीति और बाजार की धारणा पर नेतृत्व का रुख

बीते दो वर्षों के दौरान तकनीकी विश्लेषकों और बाजार के जानकारों ने कई मौकों पर यह राय व्यक्त की कि ऐप्पल कृत्रिम बुद्धिमत्ता की दौड़ में पिछड़ रहा है। इस धारणा को विशेष रूप से उस वक्त बल मिला जब अधिक सक्षम सिरी के आगमन में लंबा विलंब देखा गया, जिसे आखिरकार इस वर्ष की गर्मियों में उपयोगकर्ताओं के लिए उतारा जा सका। सितंबर की शुरुआत में मुख्य कार्यकारी अधिकारी का पदभार संभालने वाले दिग्गज कार्यकारी जॉन टर्नस का मानना है कि हर व्यक्ति की अपनी व्यक्तिगत राय हो सकती है, लेकिन वह वर्तमान स्थिति से पूरी तरह संतुष्ट हैं।

ये भी पढ़ें

दिखावे की तकनीक बनाम व्यावहारिक उपयोग

आगामी उत्पादों की रूपरेखा पर चर्चा करते हुए जॉन टर्नस ने रेखांकित किया कि ऐप्पल अपने नए उपकरणों में कृत्रिम बुद्धिमत्ता का भरपूर उपयोग अवश्य करेगा। इसके बावजूद उन्होंने रेखांकित किया कि मात्र दिखाने के लिए किसी सुविधा को जोड़ना उनका मकसद कभी नहीं रहा। उनके अनुसार जब कोई तकनीक सही ढंग से विकसित की जाती है, तो उपभोक्ता को यह सोचने की जरूरत ही नहीं पड़ती कि कार्य पारंपरिक सॉफ्टवेयर से संपन्न हुआ अथवा किसी आधुनिक एआई मॉडल से। असली प्राथमिकता यह परखना है कि क्या तैयार किया गया उपकरण उपभोक्ताओं को वास्तविक रूप से पसंद आ रहा है।

एआई एजेंट और ऐप्स के भविष्य की दिशा

उद्योग में इस बात पर भी बहस छिड़ी है कि क्या आने वाले समय में स्वायत्त एआई एजेंट पारंपरिक मोबाइल ऐप्स की आवश्यकता को ही पूरी तरह समाप्त कर देंगे। ऐसे बदलावों से कंपनी के व्यापक पारिस्थितिकी तंत्र पर असर पड़ने की संभावनाओं पर बात करते हुए जॉन टर्नस ने माना कि इससे दैनिक गतिविधियां सरल हो सकती हैं। इसके साथ ही उन्होंने दृढ़ता से कहा कि नए उत्पादों का निर्माण एक गहरा मानवीय और व्यक्तिगत कार्य है, जिससे उनकी टीम स्वाभाविक रूप से जुड़ी हुई है।

सवाल-जवाब

जॉन टर्नस ने ऐप्पल के मुख्य कार्यकारी का पद कब संभाला?
जॉन टर्नस ने सितंबर की शुरुआत में आधिकारिक रूप से ऐप्पल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी की कमान संभाली।
ऐप्पल की उन्नत सिरी सुविधा कब उपलब्ध हुई?
लंबे विलंब के बाद अधिक शक्तिशाली सिरी को आखिरकार इस वर्ष की गर्मियों में लॉन्च किया गया।
कृत्रिम बुद्धिमत्ता को लेकर ऐप्पल की बुनियादी सोच क्या है?
कंपनी केवल दिखावे के लिए एआई पेश करने के बजाय ऐसे उत्पाद बनाने पर ध्यान देती है जिन्हें उपभोक्ता सच में पसंद करें।
क्या एआई एजेंटों के कारण मोबाइल ऐप्स का अस्तित्व खतरे में है?
जॉन टर्नस के अनुसार एजेंट जीवन को सरल बना सकते हैं, लेकिन उत्पादों का निर्माण एक मानवीय प्रक्रिया है और ऐप्स का महत्व बना रहेगा।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 5

Kavya Nair@kavya-nair·36 मिनट पहले

पिछले साल जब मैं नए ट्रैवल गैजेट्स की तलाश में थी, तो आधे से ज़्यादा एआई फीचर्स सिर्फ़ दिखावा लगे जो किसी काम के नहीं थे।

Amit Patel@amit-patel·55 मिनट पहले

ऐप्पल का ये सोचना सही है कि तकनीक ऐसी हो जो काम आसान करे, न कि सिर्फ नाम के लिए हो। पर क्या आने वाले समय में वे बाकी कंपनियों से पिछड़ जाएंगे?

Ayesha Siddiqui@ayesha-siddiqui·54 मिनट पहले

अमित, सही कहा आपने! पर क्या सच में बिना एआई के ट्रेंड पकड़े ये लोग टिक पाएंगे?

Ravikash Gupta@ravikash·1 घंटे पहले

ऐप्पल का यह रुख़ सही लगता है। आजकल बाज़ार में बिना मतलब के हर चीज़ में एआई थोपा जा रहा है, जिससे काम आसान होने के बजाय और उलझ जाता है। अगर यूज़र को पता ही न चले कि पीछे कौन सी तकनीक काम कर रही है, वही असली मज़ा है।

Rohan Gupta@rohan-gupta·1 घंटे पहले

रविकेश भाई, एकदम सही कहा आपने। पिछले हफ्ते ही मैंने एक ऐसा एआई ऐप डाउनलोड किया था जो साधारण नोटपैड का काम भी इतना पेचीदा बना रहा था कि मैंने तुरंत अनइंस्टॉल कर दिया।

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp