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अमेरिका में भीषण गर्मी का कहर, शिकागो में लोहे का विशाल पुल फैलकर हवा में लटकाअमेरिका
3 सित॰ 2026, 11:28 pm (1 घंटे पहले)· 0

अमेरिका में भीषण गर्मी का कहर, शिकागो में लोहे का विशाल पुल फैलकर हवा में लटका

अमेरिका के शिकागो में रिकॉर्ड तोड़ गर्मी के कारण एक विशालकाय ड्रॉब्रिज हवा में ही अटक गया और घंटों तक ट्रैफिक ठप रहा। देश में जुलाई का महीना अब तक का सबसे गर्म महीना दर्ज किया गया है।

अमेरिका इस समय भीषण गर्मी की चपेट में है, जिससे जनजीवन के साथ-साथ देश का बुनियादी ढांचा भी प्रभावित होने लगा है। शिकागो शहर में एक अनोखी और हैरान करने वाली घटना सामने आई है, जहां अत्यधिक तापमान के कारण एक विशालकाय पुल हवा में ही अटक गया। पुल खुलने के बाद नीचे नहीं आ पाया, जिसके कारण शहर के मुख्य मार्गों पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यातायात पूरी तरह से बाधित हो गया। शिकागो परिवहन विभाग ने पुष्टि की है कि इस बड़ी तकनीकी समस्या की मुख्य वजह आसमान से बरसती बेतहाशा आग और रिकॉर्ड तोड़ तापमान है।

हवा में टंगे पुल के कारण सड़कों पर लगा भीषण जाम

यह घटना बुधवार की है जब शिकागो के डाउनटाउन इलाके में स्थित एक प्रमुख ड्रॉब्रिज को सामान्य रखरखाव और नदी से जहाजों की आवाजाही के लिए उठाया गया था। नियम के अनुसार, जब कोई बड़ा जलपोत गुजरता है, तो इस प्रकार के पुलों को ऊपर उठाया जाता है और जहाज के निकल जाने के बाद उन्हें वापस अपनी मूल स्थिति में सेट कर दिया जाता है ताकि सामान्य ट्रैफिक चालू हो सके।

लेकिन बुधवार को जैसे ही इस पुल को ऊपर उठाया गया, भयंकर गर्मी की वजह से इसके आंतरिक तंत्र ने ठीक से काम करना बंद कर दिया। पुल हवा में ही फंस गया और बार-बार कोशिश करने के बावजूद नीचे नहीं आ सका। इस तकनीकी विफलता के कारण शहर के अहम रास्तों पर गाड़ियों की आवाजाही पूरी तरह से रुक गई और सड़कों पर वाहनों का भारी हुजूम जमा हो गया।

दफ्तर जाने वाले लोग, आपातकालीन मरीजों को ले जाने वाली एंबुलेंस और आम नागरिक घंटों तक इस भयंकर जाम में फंसे रहे। स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए ट्रैफिक पुलिस और स्थानीय प्रशासन को भारी मशक्कत करनी पड़ी, क्योंकि गर्मी के बीच सड़कों पर लोगों की परेशानी लगातार बढ़ती जा रही थी।

गर्मी के कारण धातु के फैलने से आई तकनीकी खराबी

नागरिकों के मन में यह सवाल उठ रहा था कि इतना मजबूत और भारी-भरकम पुल अचानक हवा में कैसे अटका रह गया। इस रहस्य से पर्दा उठाते हुए शिकागो डिपार्टमेंट ऑफ ट्रांसपोर्टेशन ने एक आधिकारिक बयान जारी कर पूरी स्थिति स्पष्ट की। अधिकारियों ने बताया कि इस अप्रत्याशित तकनीकी खराबी के पीछे मुख्य कारण तापमान में बेतहाशा वृद्धि थी।

विज्ञान के नियमों के अनुसार, जब लोहा या अन्य धातुएं अत्यधिक गर्म होती हैं, तो वे फैलने लगती हैं, जिसे मेटल एक्सपेंशन कहा जाता है। शिकागो के इस ऐतिहासिक पुल के बड़े-बड़े लोहे के हिस्से गर्मी के लगातार संपर्क में आने के कारण अपनी सामान्य सीमा से अधिक फैल गए थे।

जब पुल को हवा में उठाया गया, तो धातु के इस अत्यधिक फैलाव की वजह से उसके जोड़ और गियर आपस में इस प्रकार उलझ गए कि वे वापस अपनी सही जगह पर नहीं लौट पा रहे थे। इसके बाद इंजीनियरों की एक विशेष टीम को तुरंत मौके पर भेजा गया। उन्होंने पुल को ठंडा करने और उसके कल-पुर्जों को वापस ठीक करने के लिए कई घंटों तक कड़ी मेहनत की। लगातार कई घंटों तक पानी की बौछार करने के बाद तापमान थोड़ा कम हुआ और तब जाकर पुल को वापस नीचे लाया जा सका। इस घटना से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर Sharon Feil द्वारा भी साझा किया गया है, जिसमें फायर डिपार्टमेंट की गाड़ी को पुल पर पानी छिड़कते हुए देखा जा सकता है।

जुलाई महीने ने तोड़े तापमान के सारे पुराने रिकॉर्ड

शिकागो में हुई यह पुल जाम होने की घटना कोई इकलौती मिसाल नहीं है, बल्कि इसके पीछे पूरे देश में पड़ रही भीषण और रिकॉर्ड तोड़ गर्मी का बहुत बड़ा हाथ है। अमेरिकी राष्ट्रीय महासागरीय और वायुमंडलीय प्रशासन द्वारा जारी किए गए ताजा आंकड़ों ने पूरी दुनिया के मौसम वैज्ञानिकों को चौंका कर रख दिया है।

NOAA की हालिया रिपोर्ट के अनुसार, इस साल जुलाई का महीना मुख्यभूमि अमेरिका के इतिहास में अब तक का सबसे गर्म महीना दर्ज किया गया है। देश भर का औसत तापमान बढ़कर 24.9 डिग्री सेल्सियस के उच्च स्तर तक पहुंच गया है।

यह तापमान सामान्य आंकड़ों से काफी अधिक है और इसने देश में गर्मी के पिछले सभी पुराने रिकॉर्ड ध्वस्त कर दिए हैं। इसके अलावा, केवल दिन का समय ही नहीं बल्कि रातों का तापमान भी काफी ज्यादा दर्ज किया गया, जिसके कारण आम जनता को रात के वक्त भी उमस और गर्मी से कोई राहत नहीं मिल पा रही है। मौसम विज्ञानियों का कहना है कि जुलाई महीने में पड़ी इस भयंकर गर्मी ने पूरे देश के पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर पर बेहद नकारात्मक प्रभाव डाला है।

जलवायु परिवर्तन के कारण तबाह हो रहा शहरी बुनियादी ढांचा

ग्लोबल वार्मिंग और जलवायु परिवर्तन का गंभीर असर अब केवल मौसम के चक्र तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि यह हमारे रोजमर्रा के जीवन और शहरों के ढांचे को बुरी तरह प्रभावित करने लगा है। शिकागो में पुल का इस तरह हवा में अटक जाना इसी बड़े खतरे की मात्र एक छोटी सी बानगी भर है।

अतिरिक्त गर्मी के कारण कंक्रीट और तारकोल से बनी सड़कें फैलने लगती हैं, जिसके परिणामस्वरूप कई स्थानों पर सड़कें बीच से ऊपर उठ जाती हैं या उनमें बड़ी दरारें आ जाती हैं। इसी तरह, लोहे की रेलवे पटरियां भी भीषण गर्मी के कारण फैल जाती हैं, जिसे सन किंक कहा जाता है, और इसके कारण ट्रेनों के पटरी से उतरने का जोखिम काफी बढ़ जाता है। इसके अलावा, घरों और दफ्तरों में एयर कंडीशनर तथा कूलरों के लगातार चलने के कारण बिजली की मांग ऑल-टाइम हाई पर पहुंच जाती है, जिससे पावर ग्रिड फेल होने का गंभीर खतरा पैदा हो जाता है।

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सवाल-जवाब

शिकागो में पुल क्यों अटक गया था?
भीषण गर्मी के कारण पुल के लोहे के हिस्से फैल गए, जिससे इसके जोड़ और गियर आपस में फंस गए और पुल हवा में ही अटक गया।
यह घटना किस दिन घटी थी?
यह घटना बुधवार को शिकागो के डाउनटाउन इलाके में घटी।
पुल को ठीक करने के लिए क्या किया गया?
इंजीनियरों की टीम ने मौके पर पहुंचकर घंटों तक पानी की बौछार कर पुल को ठंडा किया और उसके पुर्जों को वापस सही जगह पर लाया।
इस साल जुलाई के महीने को लेकर NOAA की क्या रिपोर्ट है?
NOAA की रिपोर्ट के अनुसार, इस साल जुलाई का महीना मुख्यभूमि अमेरिका के इतिहास का सबसे गर्म महीना दर्ज किया गया है।
इस साल जुलाई में अमेरिका का औसत तापमान कितना दर्ज किया गया?
पूरे देश का औसत तापमान 24.9 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया।
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