NTA का बड़ा फैसला: UGC NET जून 2026 के तीन विषयों की पुन: परीक्षा सितंबर में, देखें पूरा शेड्यूलराजस्थान के 15 जिलों में 5,755 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं की शुरुआत, अमित शाह और भजनलाल शर्मा ने निंबाहेड़ा से दिया तोहफास्वतंत्रता दिवस संबोधन के बाद सियासी घमासान: पी. चिदंबरम की टिप्पणी पर रविशंकर प्रसाद का करारा हमलागुवाहाटी और आसपास के इलाकों में 17 अगस्त तक भारी बारिश की चेतावनी, मौसम विभाग ने जारी किया अलर्टभारत की रक्षा आत्मनिर्भरता और चीनी डीप वाटर पोर्ट्स पर उपसभापति हरिवंश ने जताई चिंता, बाहरी ताकतों पर किया सचेतहोर्मुज की खाड़ी में 75 दिन मौत के साये में बिताकर लौटे कैप्टन रमन कपूर, मर्चेंट नेवी के नाविकों की सुरक्षा पर उठाई आवाजअसम प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने पूर्व धुबरी विधायक रसूल हक और तीन अन्य पार्टी नेताओं को किया निष्कासितरूसी ठिकानों पर 822 ड्रोन से यूक्रेन का सबसे बड़ा हमला, जवाब में रूस की बमबारी से दोनों देशों में 14 की मौतराजस्थान के खंडेला में स्वतंत्रता दिवस की शाम बीएसएफ जवान राकेश कुमार मीणा की अंतिम यात्रा में उमड़ा जनसैलाब, 16 वर्षीय बेटे अंशु ने दी मुखाग्निबस्तर के किसानों को भाई मोंगरा की खेती, 15 डिसमिल खेत में पौधे लगाकर हर साल कमा रहे बंपर मुनाफा
गुवाहाटी और आसपास के इलाकों में 17 अगस्त तक भारी बारिश की चेतावनी, मौसम विभाग ने जारी किया अलर्टअसम
16 अग॰ 2026, 8:37 pm (1 घंटे पहले)· 4

गुवाहाटी और आसपास के इलाकों में 17 अगस्त तक भारी बारिश की चेतावनी, मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट

असम के गुवाहाटी और समीपवर्ती क्षेत्रों में 16 अगस्त की सुबह से 17 अगस्त की सुबह तक गरज और आकाशीय बिजली के साथ 11 सेंटीमीटर तक भारी बारिश की आशंका जताई गई है।

असम के गुवाहाटी और इसके आसपास के क्षेत्रों में रहने वाले लोगों के लिए मौसम विभाग ने सतर्कता बरतने की चेतावनी दी है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के तहत कार्यरत क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र (RMC) ने रविवार को जारी बुलेटिन में अगले 24 घंटों के दौरान तेज बारिश, गर्जना और आकाशीय बिजली गिरने की संभावना जताई है। मौसम का यह अलर्ट 16 अगस्त की सुबह 8:30 बजे से प्रभावी होकर 17 अगस्त की सुबह 8:30 बजे तक लागू रहेगा।

बारिश का अनुमान और हवा की स्थिति

मौसम वैज्ञानिकों के पूर्वानुमान के अनुसार, इस 24 घंटे की अवधि में गुवाहाटी और आसपास की जगहों पर गरज और चमक के साथ हल्की से मध्यम वर्षा दर्ज की जा सकती है। क्षेत्र के अधिकांश हिस्सों में 6 सेंटीमीटर तक बारिश होने की संभावना है, जबकि कुछ अलग-अलग स्थानों पर 7 सेंटीमीटर से लेकर 11 सेंटीमीटर तक भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। इस दौरान बादलों की गर्जना के साथ तेज तूफानी हवाएं चलने की भी चेतावनी दी गई है।

ये भी पढ़ें

आवागमन और नागरिक सुविधाओं पर असर

मूसलाधार बारिश के चलते निचले इलाकों और अंडरपास में भारी जलभराव होने की आशंका है, जिससे सड़कों पर गाड़ियों की रफ्तार धीमी पड़ सकती है और यात्रियों का समय बढ़ सकता है। इसके अलावा, तेज बारिश के कारण दृश्यता कम होने से वाहन चालकों को परेशानी होगी तथा बिजली आपूर्ति एवं अन्य जरूरी सेवाएं बाधित हो सकती हैं। यदि मौसम ज्यादा बिगड़ता है तो नदियों और जलाशयों में नाव तथा फेरी सेवाओं का संचालन भी रोकना पड़ सकता है।

भूस्खलन का खतरा और निवासियों के लिए सलाह

तेज हवाओं और भारी बारिश की वजह से पेड़ उखड़ने तथा पहाड़ी ढलानों पर मिट्टी धंसने का खतरा बढ़ गया है। संवेदनशील इलाकों में भूस्खलन और मलबे की चपेट में आने का जोखिम अधिक है। स्थिति को देखते हुए क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र ने नागरिकों को सतर्क रहने की हिदायत दी है। लोगों से अपील की गई है कि वे मौसम के अपडेट और ट्रैफिक निर्देशों का पालन करें, गर्जना के समय सुरक्षित स्थानों पर रहें, जलभराव वाली सड़कों पर जाने से बचें और भूस्खलन-संभावित मार्गों से दूर रहें।

सवाल-जवाब

गुवाहाटी में मौसम अलर्ट किस अवधि के लिए जारी किया गया है?
यह मौसम चेतावनी 16 अगस्त की सुबह 8:30 बजे से शुरू होकर 17 अगस्त की सुबह 8:30 बजे तक 24 घंटों के लिए प्रभावी है।
मौसम विभाग ने गुवाहाटी में कितनी बारिश की संभावना जताई है?
सामान्य तौर पर 6 सेंटीमीटर तक वर्षा का अनुमान है, जबकि कुछ अलग-अलग स्थानों पर 7 से 11 सेंटीमीटर तक भारी बारिश हो सकती है।
भारी बारिश के कारण किन नागरिक सेवाओं पर प्रभाव पड़ सकता है?
सड़कों और अंडरपास में जलभराव से यातायात धीमा हो सकता है, दृश्यता कम हो सकती है, बिजली कटेगी तथा नाव या फेरी सेवाएं रोकी जा सकती हैं।
मौसम विभाग ने निवासियों को क्या सावधानियां बरतने की सलाह दी है?
नागरिकों को आकाशीय बिजली के समय सुरक्षित स्थानों पर शरण लेने, जलभराव वाले रास्तों से बचने और भूस्खलन वाले क्षेत्रों से दूर रहने का परामर्श दिया गया है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 2

Karan Malhotra@karan-malhotra·20 मिनट पहले

यह आपदा प्रबंधन और नागरिक सुरक्षा के लिहाज से एक संवेदनशील स्थिति है। भारी बारिश और भूस्खलन के खतरे के बीच जिला प्रशासन को आपातकालीन प्रतिक्रिया टीमों को पहले से तैनात करना चाहिए। जलभराव और ट्रैफिक जाम से निपटने के लिए यातायात पुलिस को वैकल्पिक मार्ग तैयार रखने होंगे, ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति या हादसे से तुरंत निपटा जा सके।

Arjun Mehta@arjun-mehta·20 मिनट पहले

यह पूर्वोत्तर क्षेत्र में बुनियादी ढांचे की कमजोरी और शहरी नियोजन की पोल खोलता है। मौसम विभाग की इस चेतावनी के बाद, जिला प्रशासन और नागरिक निकायों के बीच समन्वय बेहद जरूरी हो गया है ताकि संभावित भूस्खलन और जलभराव वाले क्षेत्रों में आपातकालीन प्रतिक्रिया समय को न्यूनतम रखा जा सके।

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR