भारतीय कार बाजार में लंबे समय से पारिवारिक खरीदारों की पहली पसंद रही मारुति सुजुकी वैगन आर अब एक और बड़े बदलाव की राह पर है। साल 2019 में बाजार में उतरी अपनी तीसरी पीढ़ी के तहत चल रही इस लोकप्रिय टॉल-बॉय हैचबैक को साल 2025 में हल्के कॉस्मेटिक अपडेट दिए गए थे। अब इसे एक बार फिर बड़े स्तर पर अपग्रेड करने की रूपरेखा तैयार हो चुकी है। हाल ही में भारतीय सड़कों पर पूरी तरह से कैमोफ्लाज यानी छलावरण में ढका हुआ इसका एक परीक्षण मॉडल देखा गया है। इससे यह साफ संकेत मिलता है कि कंपनी इस हैचबैक के बाहरी डिजाइन, केबिन फीचर्स और मुख्य रूप से इसके पावरट्रेन में अहम तकनीकी बदलाव लागू करने जा रही है।
टॉल-बॉय स्टाइलिंग बरकरार, एक्सटीरियर में कॉस्मेटिक टच
सड़कों पर स्पॉट किए गए टेस्ट मॉडल से स्पष्ट होता है कि नई वैगन आर अपनी जानी-पहचानी बॉक्सी और टॉल-बॉय प्रोफाइल को नहीं छोड़ेगी। इसका सिलहूट मौजूदा मॉडल जैसा ही ऊंचा रहेगा, ताकि यात्रियों को मिलने वाला शानदार हेडरूम पहले की तरह बना रहे। हालांकि, बाहरी हिस्से में कई ताजे एलिमेंट जोड़े जाएंगे। इनमें नए डिजाइन वाली फ्रंट ग्रिल, बदले हुए फ्रंट और रियर बंपर, नए अलॉय व्हील्स और लाइटिंग सेटअप में सूक्ष्म सुधार शामिल हो सकते हैं। इसके अलावा ग्राहकों के लिए कुछ नए कलर ऑप्शन्स भी जोड़े जाने की उम्मीद है। गाड़ी पर लगे भारी आवरण के कारण हर हिस्सा पूरी तरह सामने नहीं आया है, फिर भी इसका पूरा लुक पारंपरिक वैगन आर की पहचान को मजबूती से बनाए रखेगा।
केबिन में 9-इंच की टचस्क्रीन और बेहतर सेफ्टी फीचर्स
गाड़ी के इंटीरियर में इस बार बड़ा कायाकल्प देखने को मिल सकता है। मौजूदा मॉडल में मिलने वाली 7-इंच इंफोटेनमेंट स्क्रीन की जगह अब एक बड़ा 9-इंच का टचस्क्रीन सिस्टम दिए जाने की संभावना है। टेस्ट कार के भीतर नए हेडरेस्ट भी साफ देखे गए हैं, जो सफर को और आरामदायक बनाएंगे। डैशबोर्ड की बनावट को आधुनिक लुक दिया जा सकता है, जिससे गाड़ी का स्पेस और रोजमर्रा का प्रैक्टिकल इस्तेमाल और ज्यादा यूजर-फ्रेंडली बन सके। कनेक्टिविटी विकल्पों के साथ-साथ केबिन में कुछ प्रीमियम टच मिलने की भी पूरी उम्मीद है। सुरक्षा के मोर्चे पर 6 एयरबैग, एंटी-लॉक ब्रेकिंग सिस्टम यानी ABS के साथ EBD और इलेक्ट्रॉनिक स्टेबिलिटी प्रोग्राम यानी ESP जैसे जरूरी फीचर्स को जारी रखा जाएगा या उन्हें पहले से भी अधिक मजबूत किया जा सकता है।
1.2-लीटर थ्री-सिलेंडर Z-सीरीज इंजन की दस्तक
इस पूरे अपडेट का सबसे बड़ा और तकनीकी आकर्षण इसका इंजन डिपार्टमेंट माना जा रहा है। वर्तमान में यह कार 1.0-लीटर K10C इंजन, जो 66 bhp की पावर और 82 Nm का टॉर्क जनरेट करता है, और 1.2-लीटर फोर-सिलेंडर K12N इंजन, जो 89 bhp और 113 Nm का आउटपुट देता है, के साथ आती है। आगामी मॉडल में फोर-सिलेंडर K12N की जगह नया 1.2-लीटर थ्री-सिलेंडर Z-सीरीज इंजन लाया जा सकता है। यह नया इंजन स्विफ्ट, डिजायर और बलेनो फेसलिफ्ट में पहले से ही अपनी उपयोगिता साबित कर रहा है। बलेनो के भीतर यह सेटअप लगभग 83 hp की पावर और 112 Nm का टॉर्क पैदा करता है।
शानदार फ्यूल एफिशिएंसी और सीएनजी विकल्प
हालांकि नए Z-सीरीज इंजन में कागजों पर पावर का आंकड़ा थोड़ा कम नजर आ सकता है, लेकिन इसका सीधा फायदा बेहतर माइलेज और उच्च ईंधन दक्षता के रूप में सामने आएगा। इस इंजन की खासियत इसका मजबूत लो-एंड टॉर्क है, जो शहर के भारी ट्रैफिक और स्टॉप-एंड-गो ड्राइविंग में बेहद मददगार साबित होता है। ट्रांसमिशन के लिए इसमें 5-स्पीड मैनुअल और ऑटोमेटेड मैनुअल ट्रांसमिशन यानी AMT दोनों गियरबॉक्स विकल्प जारी रखे जाएंगे। इसके साथ ही बजट खरीदारों के लिए सीएनजी मॉडल का विकल्प भी मौजूद रहेगा, जिसमें कंपनी अंडरबॉडी टैंक की सुविधा दे सकती है ताकि बूट स्पेस की समस्या खत्म हो सके। संभावित तौर पर 2026 के अंत तक लॉन्च होने वाला यह अपग्रेड वैगन आर को बजट हैचबैक सेगमेंट में और अधिक मजबूत दावेदार बना देगा।

















