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मुंगेर के जमालपुर थाने में शिवम हत्याकांड की धीमी जांच पर भड़के परिजन, भारी हंगामाबिहार
22 जुल॰ 2026, 12:00 pm (28 दिन पहले)· 0

मुंगेर के जमालपुर थाने में शिवम हत्याकांड की धीमी जांच पर भड़के परिजन, भारी हंगामा

मुंगेर के जमालपुर में 16 वर्षीय शिवम कुमार की हत्या के पांच दिन बाद भी पुलिस के खाली हाथ रहने से नाराज परिजनों ने थाने में जमकर बवाल काटा। धक्का-मुक्की के आरोपों के बाद एसपी ने मामले की जांच साइबर डीएसपी को सौंप दी है, जबकि हत्या की गुत्थी सुलझाने के लिए कॉल डिटेल्स और एक कथित प्रेम पत्र को खंगाला जा रहा है।

मुंगेर के जमालपुर में 16 वर्षीय किशोर शिवम कुमार की हत्या के मामले में कोई गिरफ्तारी न होने से भड़के परिजनों का गुस्सा मंगलवार को फूट पड़ा। घटना के पांच दिन बीत जाने के बावजूद पुलिस के हाथ खाली होने से नाराज होकर पीड़ित परिवार और स्थानीय निवासी जमालपुर थाने पहुंच गए। वहां उन्होंने जांच की सुस्त रफ्तार को लेकर अधिकारियों से तीखे सवाल किए। यह पूछताछ जल्द ही एक उग्र बहस में बदल गई, जिसके कारण थाना परिसर में भारी हंगामा हुआ और स्थिति को संभालने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों को हस्तक्षेप करना पड़ा। इस घटना ने न्याय की मांग कर रहे परिवार और पुलिस प्रशासन के बीच बढ़ते तनाव को उजागर कर दिया है।

इंसाफ की मांग पर थाने में धक्का-मुक्की

यह पूरा विवाद तब शुरू हुआ जब मृतक किशोर के दुखी और हताश परिजन जांच की प्रगति जानने के लिए थाने पहुंचे। जमालपुर के खलासी मोहल्ला निवासी शिवम की पांच दिन पहले हत्या कर दी गई थी, लेकिन पुलिस अभी तक इस हत्याकांड की गुत्थी सुलझाने में पूरी तरह से नाकाम रही है। लगभग एक सप्ताह बीत जाने के बाद भी मुख्य आरोपियों की गिरफ्तारी न होने से परिवार का पुलिस की कार्यप्रणाली से भरोसा उठने लगा है।

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जब परिजनों ने ड्यूटी पर मौजूद पुलिसकर्मियों से कार्रवाई में हो रही देरी का कारण पूछा, तो बातचीत का माहौल तेजी से बिगड़ गया। दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई, जिससे थाने के अंदर काफी देर तक अफरातफरी और तनाव का माहौल बना रहा। पीड़ित परिवार का सीधा आरोप है कि उनके सवालों का जवाब देने और उन्हें सांत्वना देने के बजाय, कुछ पुलिसकर्मियों ने उनके साथ बदसलूकी की, अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया और उन्हें धक्के मारकर बाहर निकालने की कोशिश की। थाने में हालात तब नियंत्रण में आए जब हंगामे की सूचना पाकर सर्किल इंस्पेक्टर एस.एन. मंडल तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने काफी मशक्कत के बाद आक्रोशित परिजनों और पुलिसकर्मियों के बीच मध्यस्थता की और समझा-बुझाकर मामले को शांत कराया।

वायरल वीडियो के बाद वरिष्ठ अधिकारियों का एक्शन

थाने के अंदर हुआ यह भारी बवाल सिर्फ वहीं तक सीमित नहीं रहा। पुलिसकर्मियों और परिजनों के बीच हुई इस तीखी नोकझोंक और कथित धक्का-मुक्की का एक वीडियो वहां मौजूद लोगों ने रिकॉर्ड कर लिया, जो कुछ ही समय में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो के सामने आने और लोगों का आक्रोश बढ़ने के बाद मुंगेर जिले के शीर्ष पुलिस अधिकारियों को इस मामले का तुरंत संज्ञान लेना पड़ा।

मुंगेर के पुलिस अधीक्षक (एसपी) सैयद इमरान मसूद ने इस पूरी घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए पीड़ित परिवार द्वारा लगाए गए गंभीर आरोपों पर ध्यान दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पुलिस स्टेशन के कर्मचारियों द्वारा किए गए कथित दुर्व्यवहार और धक्का-मुक्की की शिकायतों को बिल्कुल भी नजरअंदाज नहीं किया जाएगा। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए और निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के लिए, एसपी ने इस पूरे घटनाक्रम की एक विस्तृत विभागीय जांच के आदेश दिए हैं। थाने में हुए इस हंगामे की सच्चाई का पता लगाने की जिम्मेदारी साइबर डीएसपी राकेश रंजन को सौंपी गई है।

पुलिस अधीक्षक ने कड़े शब्दों में कहा कि आम जनता के साथ किसी भी तरह के दुर्व्यवहार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने आश्वासन दिया कि साइबर डीएसपी की जांच रिपोर्ट आने के बाद, अगर कोई भी पुलिस अधिकारी या कर्मचारी पीड़ित परिवार के साथ बदसलूकी का दोषी पाया जाता है, तो उसके खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही, एसपी ने यह भी निर्देश दिए हैं कि शिवम की हत्या की मुख्य जांच में भी तेजी लाई जाए ताकि अपराधियों को जल्द से जल्द सलाखों के पीछे भेजा जा सके।

तकनीकी सुराग और संदिग्धों से पूछताछ

परिजनों के भारी विरोध और हंगामे के बीच, जांच दल का दावा है कि हत्या के इस जटिल मामले को सुलझाने के लिए लगातार कई पहलुओं पर गहनता से काम किया जा रहा है। जांचकर्ता अब पूरी तरह से तकनीकी साक्ष्यों पर निर्भर हैं और कॉल डिटेल रिकॉर्ड का बारीकी से विश्लेषण कर रहे हैं। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि हत्या से ठीक पहले और उसके पिछले कुछ दिनों में किशोर किन-किन लोगों के सीधे संपर्क में था और उसकी फोन पर किससे बातचीत हुई थी।

फोन रिकॉर्ड खंगालने के बाद मिली जानकारी के आधार पर, पुलिस ने पूछताछ के लिए दो स्थानीय छात्रों को हिरासत में लिया है। इन दोनों छात्रों से कड़ी पूछताछ की जा रही है ताकि हत्या से जुड़े कुछ अहम सुराग मिल सकें। इसके अलावा, इस जांच में एक नया और संभावित रूप से बहुत महत्वपूर्ण मोड़ सामने आया है। जांच के दौरान पुलिस को एक कथित प्रेम पत्र भी मिला है। जांच दल इस पत्र को मामले की एक अहम कड़ी मान रहा है और इसके आधार पर भी तफ्तीश की जा रही है। हालांकि, पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने अभी तक आधिकारिक तौर पर इस प्रेम पत्र के मिलने या इसकी सामग्री की पुष्टि नहीं की है, लेकिन इसे जांच का एक प्रमुख हिस्सा बना लिया गया है। पुलिस फिलहाल प्रेम प्रसंग सहित कई अलग-अलग एंगल से इस हत्याकांड की गुत्थी सुलझाने में जुटी हुई है और उन्हें उम्मीद है कि जल्द ही अपराधियों को बेनकाब कर दिया जाएगा।

सवाल-जवाब

मुंगेर में हाल ही में किसकी हत्या हुई है?
मुंगेर के जमालपुर इलाके में शिवम कुमार नामक 16 वर्षीय किशोर की हत्या की गई है।
मृतक के परिजनों ने थाने में हंगामा क्यों किया?
परिजनों ने हंगामा इसलिए किया क्योंकि हत्या के पांच दिन बाद भी पुलिस किसी संदिग्ध को गिरफ्तार नहीं कर पाई थी और जांच में कोई प्रगति नहीं दिख रही थी।
परिवार ने पुलिसकर्मियों पर क्या आरोप लगाए हैं?
परिजनों का आरोप है कि जब उन्होंने जांच के बारे में पूछताछ की, तो कुछ पुलिसकर्मियों ने उनके साथ धक्का-मुक्की की और अभद्र व्यवहार किया।
पुलिस के खिलाफ दुर्व्यवहार के आरोपों की जांच कौन कर रहा है?
मुंगेर के एसपी सैयद इमरान मसूद ने पुलिसकर्मियों पर लगे आरोपों की जांच की जिम्मेदारी साइबर डीएसपी राकेश रंजन को सौंपी है।
हत्या के इस मामले में पुलिस को क्या अहम सुराग मिले हैं?
पुलिस फोन कॉल रिकॉर्ड खंगाल रही है और जांच के दौरान उन्हें एक कथित प्रेम पत्र भी मिला है जिसे एक महत्वपूर्ण सुराग माना जा रहा है।
क्या पुलिस ने इस मामले में किसी से पूछताछ की है?
हां, फोन रिकॉर्ड से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने पूछताछ के लिए दो स्थानीय छात्रों को हिरासत में लिया है।
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