बिहार में प्रशासनिक अधिकारियों की अघोषित संपत्ति के खिलाफ निगरानी विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। पटना में तैनात अपर समाहर्ता (आपूर्ति) रविंद्र कुमार दिवाकर के ठिकानों पर विजिलेंस विभाग की विशेष टीम ने बड़े पैमाने पर छापेमारी की। सोमवार को बेगूसराय स्थित उनके पैतृक मकान सहित पटना के संबंधित ठिकानों पर एक साथ तलाशी अभियान चलाया गया। इस तलाशी के दौरान अधिकारियों ने मौके से नौ लाख रुपये से अधिक नकद रकम, भारी तादाद में सोने के आभूषण और 50 से अधिक महंगी ब्रांडेड घड़ियां बरामद की हैं। जांच एजेंसी की टीम फिलहाल बरामद नकदी, जेवरातों की कीमत और अन्य कीमती सामानों के मूल्यांकन में जुटी हुई है।
दानापुर में सब-रजिस्ट्रार पद पर तैनात हैं पत्नी
जांच के दायरे में आए प्रशासनिक अधिकारी रविंद्र कुमार दिवाकर मौजूदा समय में पटना जिले में एडीएम (आपूर्ति) की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। वहीं उनकी पत्नी दानापुर में सब-रजिस्ट्रार के पद पर कार्यरत हैं। दोनों प्रशासनिक सेवाओं से जुड़े हुए हैं। सरकारी सेवा में रहते हुए ज्ञात स्रोतों से कहीं अधिक परिसंपत्ति अर्जित करने की गोपनीय शिकायतों के बाद निगरानी थाने में उनके खिलाफ नियमित प्राथमिकी दर्ज की गई थी। इसके बाद अदालत से औपचारिक तलाशी वारंट हासिल कर जांच एजेंसी ने यह बड़ा कदम उठाया।
पोखरिया मोहल्ले में 6 सदस्यीय निगरानी टीम की दस्तक
विजिलेंस की छह सदस्यीय विशेष टीम सोमवार दोपहर करीब 1 बजे बेगूसराय जिला मुख्यालय अंतर्गत पोखरिया मोहल्ले में पहुंची। यहां वार्ड संख्या 37 में रविंद्र कुमार दिवाकर का पुश्तैनी आवास स्थित है। पटना विजिलेंस के डीएसपी वासुदेव राय की अगुवाई में पहुंची टीम ने पूरे परिसर को अपने नियंत्रण में ले लिया और कोर्ट से मिले तलाशी वारंट को दिखाते हुए सघन तलाशी शुरू की। अचानक हुई इस कार्रवाई से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया और प्रशासनिक महकमे में भी हलचल तेज हो गई।
कांड संख्या 113/26 के तहत दर्ज है मुकदमा
निगरानी विभाग के अधिकारियों के अनुसार, यह पूरी कानूनी कार्रवाई विजिलेंस थाना कांड संख्या 113/26 के तहत दर्ज आय से अधिक संपत्ति के मामले में की जा रही है। अदालत के स्पष्ट आदेश के बाद ही तलाशी की यह मुहिम शुरू की गई। अधिकारियों का दल बेगूसराय स्थित पैतृक घर की जांच करने के साथ-साथ पटना स्थित उनके सरकारी कार्यालय और आवासीय ठिकानों पर भी एक साथ जांच पड़ताल कर रहा है, ताकि संपत्ति और निवेश से जुड़े सभी दस्तावेजों की पड़ताल की जा सके।
नकदी, जेवरात और घड़ियों का हो रहा विस्तृत मूल्यांकन
छापेमारी के दौरान जांच अधिकारियों को आवास से 9 लाख रुपये से ज्यादा की नकदी हाथ लगी। इसके अतिरिक्त भारी मात्रा में सोने के जेवर तथा 50 से भी ज्यादा विभिन्न ब्रांड्स की घड़ियां मिली हैं। विजिलेंस की टीम बरामद नकदी की गिनती, सोने की शुद्धता व वजन की जांच और घड़ियों के बाजार मूल्य का आकलन कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि कार्रवाई पूरी होने और सभी दस्तावेजों की पड़ताल के बाद ही कुल अघोषित संपत्ति का आधिकारिक ब्योरा साझा किया जाएगा।
अदालती वारंट के आधार पर आगे बढ़ रही जांच
निगरानी विभाग के डीएसपी वासुदेव राय ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि रविंद्र कुमार दिवाकर के विरुद्ध गैरकानूनी तरीके से आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने का मामला दर्ज है। न्यायालय के आदेश के तहत ही उनके विभिन्न ठिकानों पर तलाशी अभियान चलाया गया है। बेगूसराय में पैतृक आवास पर कार्रवाई जारी रखने के साथ ही पटना में भी संबंधित ठिकानों पर सघन जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के उपरांत ही इस मामले से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण तथ्यों का खुलासा किया जाएगा।



















