सोशल मीडिया पर इन दिनों अभिनेत्री आयशा खान का एक जिम वर्कआउट वीडियो तेजी से चर्चा का विषय बना हुआ है. इस वीडियो के नीचे आए एक कमेंट को लेकर दावा किया जा रहा है कि राजनीतिक संगठन कॉकरोच जनता पार्टी ने आयशा के पोस्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए उनकी सराहना की है. नीट पेपर लीक आंदोलन के दौरान छात्रों के पक्ष में आवाज उठाने वाली अभिनेत्री को मिले इस समर्थन को कई लोग CJP का आधिकारिक रुख मान रहे हैं. हालांकि, जब इस पूरे मामले की जांच की गई, तो सच कुछ और ही निकलकर सामने आया.
कमेंट सेक्शन से कैसे शुरू हुआ भ्रम
आयशा खान ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट पर अपनी फिटनेस से जुड़ा एक वर्कआउट वीडियो साझा किया था. इस पोस्ट के टिप्पणी अनुभाग में 'कॉकरोच जनता वीडियोज' नाम के एक यूजर प्रोफाइल ने लिखा कि शिक्षा और न्याय के लिए छात्रों का साथ देने के लिए आयशा का धन्यवाद. उस कमेंट में उनके साहस की तारीफ करते हुए इसे प्रेरणादायक बताया गया था.
इस टिप्पणी को देखते ही कई यूजर्स ने बिना जांच-पड़ताल किए यह निष्कर्ष निकाल लिया कि यह संदेश कॉकरोच जनता पार्टी का ही है. देखते ही देखते इंटरनेट पर यह बात फैल गई कि CJP ने अभिनेत्री के वीडियो पर प्रतिक्रिया दी है. हालांकि, कुछ सतर्क यूजर्स ने इस पर सवाल भी उठाए कि यदि पार्टी को छात्रों के मुद्दे पर आयशा का समर्थन करना था, तो प्रदर्शन से जुड़े किसी पोस्ट के बजाय जिम वर्कआउट वीडियो पर कमेंट क्यों किया गया.
ब्लू टिक और फैन पेज की असलियत
जब 'कॉकरोच जनता वीडियोज' के अकाउंट की गहराई से पड़ताल की गई, तो उसके बायो में स्पष्ट रूप से लिखा हुआ मिला कि यह एक स्वतंत्र वीडियो पेज है और इसका किसी अन्य आधिकारिक अकाउंट या संगठन से कोई सीधा संबंध नहीं है. इसके बावजूद सोशल मीडिया पर भ्रम फैलने का सबसे बड़ा कारण अकाउंट पर मौजूद ब्लू टिक था.
आजकल प्रमुख सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर मासिक शुल्क या सब्सक्रिप्शन लेकर कोई भी यूजर अपने अकाउंट के लिए ब्लू टिक हासिल कर सकता है. इस खरीदे गए ब्लू टिक को देखकर अधिकांश लोगों ने इसे पार्टी का आधिकारिक हैंडल समझ लिया. दिलचस्प और हैरान करने वाली बात यह है कि कॉकरोच जनता पार्टी के वास्तविक और आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट पर इस समय कोई ब्लू टिक मौजूद नहीं है.
छात्र आंदोलन और आयशा खान का रुख
उल्लेखनीय है कि नीट परीक्षा में हुई धांधली के खिलाफ चले आंदोलन में आयशा खान ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया था और छात्रों की मांगों का खुलकर समर्थन किया था. 22 जुलाई को प्रदर्शन के दौरान जब पुलिस ने उन्हें हिरासत में लिया, तो उन्होंने प्रशासन की कार्रवाई पर कड़े सवाल खड़े किए थे.
उस दौरान जब एक ऑनलाइन ट्रोल ने उन्हें बॉलीवुड में काम न मिलने की धमकी दी थी, तब आयशा ने बेबाकी से जवाब दिया था, "अपनी रीढ़ की हड्डी गंवाने से बेहतर है कि मैं अपना करियर गंवा दूं." फिलहाल, सोशल मीडिया पर उनके प्रशंसक उनके वर्कआउट वीडियो में नजर आ रही बेहतरीन फिटनेस के साथ-साथ छात्रों के हक में दिखाई गई निडरता की भी खूब प्रशंसा कर रहे हैं.


















