संगीत जगत की महान पार्श्वगायिका आशा भोसले की सुरमयी आवाज और कला के प्रति उनका समर्पण जीवन के अंतिम पड़ाव तक अटूट रहा। नव्बे वर्ष की परिपक्व उम्र में भी उनका संगीत को लेकर वही पुराना उत्साह बरकरार था। उन्होंने आगामी फिल्म 'ओम का हरि' के लिए अपनी जिंदगी का आखिरी प्लेबैक गीत 'ऐ मेरी जिंदगी, तू छिपी है कहां' रिकॉर्ड किया था। इस विशेष रिकॉर्डिंग के दौरान स्टूडियो के माहौल और आशा जी के अद्भुत समर्पण से जुड़ी एक बेहद भावुक याद को फिल्म के अभिनेता और निर्माता अंशुमान झा ने बयां किया है।
फुटेज देखकर और बेहतर गाने की इच्छा
अंशुमान झा ने हालिया बातचीत में बताया कि जब उन्होंने रिकॉर्डिंग के दौरान आशा भोसले को गाने के शूट किए गए कुछ दृश्य और फुटेज दिखाए, तो वह बेहद रोमांचित हो गईं। फुटेज देखते ही उनके चेहरे पर एक अलग सी चमक आ गई। उन्होंने बताया कि यह गीत एक बार में नहीं, बल्कि एक से ज्यादा बार रिकॉर्ड किया गया था। जब पहली रिकॉर्डिंग हुई थी, तब अंशुमान वहां मौजूद नहीं थे, लेकिन दूसरी रिकॉर्डिंग प्रक्रिया के समय वे स्टूडियो में ही उपस्थित थे। फुटेज देखने के बाद आशा जी इतनी खुश हुईं कि उन्होंने तुरंत ही इस गाने को एक बार फिर से रिकॉर्ड करने की इच्छा जाहिर कर दी, क्योंकि उनके मन में कुछ नए विचार और प्रयोग आ रहे थे।
90 वर्ष की उम्र में बच्चों जैसी उत्सुकता
90 साल की उम्र में भी कला में नयापन लाने की इस चाहत ने वहां मौजूद सभी लोगों को अचंभित कर दिया था। अंशुमान झा के अनुसार, यही गहरा समर्पण और प्रयोगधर्मिता आशा भोसले को एक कालजयी कलाकार बनाती है। उन्होंने कहा कि आशा जी के साथ बिताए लम्हों में सबसे खास बात उनका बच्चों जैसा उत्साह था। वह जब भी गाना गाती थीं, तो ऐसा लगता था मानो वह अपने करियर का पहला गीत गाने जा रही हों। उनके लिए संगीत महज एक पेशा या काम नहीं था, बल्कि वह उनके लिए असीम खुशी और आत्मिक संतोष का जरिया था।
93वीं जयंती पर श्रद्धांजलि स्वरूप रिलीज
फिल्म 'ओम का हरि' का यह भावपूर्ण गीत 'ऐ मेरी जिंदगी, तू छिपी है कहां' 8 सितंबर को आशा भोसले की 93वीं जयंती के अवसर पर दर्शकों के बीच पेश किया गया था। इस गाने के आधिकारिक वीडियो में रिकॉर्डिंग स्टूडियो के वास्तविक दृश्य और आशा जी की रिकॉर्डिंग के खूबसूरत लम्हें भी शामिल किए गए हैं। हरीश व्यास के निर्देशन में बनी फिल्म 'ओम का हरि' में रघुबीर यादव, सोनी राजदान, अंशुमान झा और आयशा कपूर मुख्य भूमिकाओं में नजर आने वाले हैं। यह फिल्म 18 सितंबर को सिनेमाघरों में प्रदर्शित होने जा रही है। गौरतलब है कि सुरों की मलिका आशा भोसले का 12 अप्रैल को 92 वर्ष की आयु में मुंबई में निधन हो गया था और अगले दिन शिवाजी पार्क श्मशान घाट पर उनका अंतिम संस्कार संपन्न हुआ था।


















