सलमान खान से जुड़े बहुचर्चित काले हिरण शिकार प्रकरण पर आधारित फिल्म 'काला हिरण' रिलीज से पहले ही सुर्खियों में है, और अब यह विवाद फिल्म से जुड़े दो चेहरों के बीच खुली रस्साकशी में बदल चुका है. एक तरफ हैं फिल्म के निर्माता अमित जानी और दूसरी तरफ वरिष्ठ अभिनेता गोविंद नामदेव. दोनों के बीच का टकराव अब कानूनी दहलीज तक पहुंच गया है.
आखिर झगड़े की जड़ क्या है
गोविंद नामदेव कभी इसी फिल्म से जुड़े हुए थे, लेकिन बाद में उन्होंने इससे अपने कदम पीछे खींच लिए. उन्होंने फिल्म के कंटेंट पर सवाल खड़े किए और टीजर देखने के बाद यह तक कह दिया कि वह सलमान खान के खिलाफ नहीं जा सकते. नामदेव के इसी रुख और बयान ने निर्माता को नाराज कर दिया, और इसके बाद ही अमित जानी ने कानूनी रास्ता अपनाने का फैसला किया.
निर्माता की दो टूक शर्तें
अमित जानी ने गोविंद नामदेव को औपचारिक रूप से लीगल नोटिस भेज दिया है. उनकी मांग साफ है कि अभिनेता सात दिनों के भीतर सार्वजनिक रूप से माफी मांगें और प्रोडक्शन हाउस को 50 लाख रुपये का हर्जाना दें. निर्माता ने यह भी दो टूक कह दिया कि अगर तय समयसीमा में माफी नहीं आई, तो वह नामदेव के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई करेंगे.
सोशल मीडिया मंच एक्स पर अपनी पोस्ट में जानी ने तीखे लहजे में लिखा:
गोविंद नामदेव जी के गले में क़ानून का पट्टा डालकर अदालत में लेकर आयेंगे हम
एक अन्य पोस्ट में उन्होंने दोहराया कि नामदेव को नोटिस भेजा जा चुका है और सात दिनों में सार्वजनिक माफी तथा 50 लाख रुपये का जुर्माना न देने की स्थिति में उन पर कानूनी कार्रवाई होगी.
फिल्म में सलमान कहां हैं
निर्माता का दावा है कि 'काला हिरण' में सलमान खान का कहीं भी इस्तेमाल नहीं किया गया है. फिल्म के टीजर में 'अयान खान' नाम का एक किरदार दिखाया गया है. हालांकि इस किरदार की शक्ल और अंदाज सलमान खान से काफी मिलता-जुलता है, और शायद यही समानता है जिसने रिलीज से पहले ही फिल्म को चर्चा और विवाद के घेरे में ला खड़ा किया है.
अब आगे क्या
फिलहाल स्थिति यह है कि फिल्म पर्दे पर आने से पहले ही कानूनी और सार्वजनिक बहस का हिस्सा बन चुकी है. गोविंद नामदेव ने जहां इस प्रोजेक्ट से पूरी तरह दूरी बना ली है, वहीं निर्माता अमित जानी पीछे हटने के मूड में नहीं दिखते. सात दिन की समयसीमा खत्म होने के बाद यह देखना दिलचस्प होगा कि मामला अदालत तक पहुंचता है या नहीं.













