साल 2011 में जब सिनेमाघरों में एक लो-बजट रोमांटिक थ्रिलर का प्रदर्शन हुआ, तो उसके बेहद खौफनाक दृश्यों और सस्पेंस ने दर्शकों के रोंगटे खड़े कर दिए थे। हम बात कर रहे हैं सुपरहिट फिल्म 'मर्डर 2' की, जिसकी डरावनी कहानी और साइको किलर का खौफ आज भी लोगों के दिलों में जिंदा है। फिल्म की स्क्रीनिंग के दौरान हॉरर और सस्पेंस का माहौल इतना गहरा था कि थिएटर में बैठे दर्शक डर के मारे अपनी सीटें ऊपर कर लेते थे। बेहतरीन गानों और सांसें रोक देने वाले घटनाक्रम के दम पर इस कम बजट की फिल्म ने सिनेमाघरों में बंपर कमाई की और बॉक्स ऑफिस पर भारी सफलता हासिल की।
गोवा की पृष्ठभूमि और अर्जुन-प्रिया की कहानी
फिल्म का ताना-बाना गोवा की खूबसूरत वादियों में बुना गया है, जहां मुख्य पात्र अर्जुन भागवत (इमरान हाशमी) रहता है। अर्जुन पूर्व में पुलिस की नौकरी करता था, लेकिन अधिक से अधिक पैसा कमाने के लालच में वह पुलिस सेवा छोड़कर छोटे-मोटे संदिग्ध काम करने लगता है। इसी बीच उसकी जिंदगी में प्रिया (जैकलीन फर्नांडिस) नाम की एक मॉडल का आगमन होता है। अर्जुन देखते ही देखते प्रिया के प्यार में पूरी तरह गिरफ्तार हो जाता है। इमरान हाशमी के करियर ग्राफ में 'मर्डर 2' को एक मील का पत्थर माना जाता है, जिसमें उनकी अदाकारी की काफी सराहना हुई थी।
सदाबहार चार्टबस्टर संगीत का जादू
भले ही फिल्म की मूल कहानी एक बेहद क्रूर और सिरफिरे हत्यारे के इर्द-गिर्द घूमती थी जो मासूम लड़कियों को निशाना बनाता था, लेकिन इसके संगीत ने हर किसी का दिल जीत लिया था। फिल्म के गीत उस दौर में जबरदस्त चार्टबस्टर साबित हुए थे। 'फिर मोहब्बत' और 'ऐ खुदा' जैसे सुरीले और मर्मस्पर्शी गाने आज भी लोगों के बीच बेहद लोकप्रिय हैं। इन शानदार गानों ने डरावनी और सस्पेंस से भरी इस कहानी को एक सुरीला संबल दिया, जिसकी बदौलत दर्शक बार-बार इसे देखने खिंचे चले आए।
कुएं से मंदिर तक फैला वो दहलाने वाला सीन
फिल्म की सबसे बड़ी ताकत इसका विलेन यानी साइको किलर था, जिसे अभिनेता धीरज पांडे ने पर्दे पर जीवंत किया था। धीरज पांडे इससे पहले टेलीविजन धारावाहिकों में अपनी पहचान बना चुके थे, खासतौर पर लोकप्रिय टीवी शो 'शगुन' में उनके अभिनय को काफी पसंद किया गया था। हालांकि, 'मर्डर 2' में उन्होंने जिस तरह का खौफनाक किरदार निभाया, उसने सभी को हैरान कर दिया। फिल्म का एक दृश्य सबसे ज्यादा रीढ़ में सिहरन पैदा करने वाला है, जब किलर की गिरफ्त से किसी तरह आजाद होकर एक लड़की कुएं के रास्ते बाहर निकलती है, लेकिन वह सिरफिरा किलर उसका पीछा करते हुए उसे मंदिर के भीतर ही बेरहमी से मौत के घाट उतार देता है।
अद्भुत अदाकारी के बाद भी सीमित सफलता
धीरज पांडे ने इस साइको किलर के रूप में चालाकी, शातिर दिमाग और वीभत्सता का जो प्रदर्शन किया, उसने दर्शकों को क्लाइमैक्स तक अपनी पलकें नहीं झपकाने दीं। उनकी अदाकारी इतनी यथार्थवादी थी कि लोग थिएटर में थमे सांसों के साथ हर घटनाक्रम को देखते रहे। हालांकि, यह विडंबना ही रही कि इतने खौफनाक और यादगार रोल को अंजाम देने के बावजूद धीरज पांडे को फिल्म इंडस्ट्री में आगे चलकर वैसी बड़ी सफलता या मुख्य भूमिकाएं नहीं मिल सकीं। फिर भी, 'मर्डर 2' के उस डरावने सीन और धीरज के प्रदर्शन की चर्चा आज भी सिनेमा प्रेमियों के बीच की जाती है।



















