भारतीय सिनेमा के पहले सुपरस्टार राजेश खन्ना का फिल्मी सफर कई यादगार किरदारों और बेमिसाल संगीत के लिए पहचाना जाता है। उनकी अदाकारी के साथ उनकी फिल्मों के गीत भी दर्शकों के बीच बेहद लोकप्रिय रहे हैं। साल 1981 में बड़े पर्दे पर आई रोमांटिक ड्रामा फिल्म कुदरत का गीत तूने ओ रंगीले आज चार दशक से अधिक समय बीतने पर भी श्रोताओं की पहली पसंद बना हुआ है। पहाड़ों की हरी भरी वादियों के बीच फिल्माए गए इस खूबसूरत प्रेम गीत में राजेश खन्ना और हेमा मालिनी की ऑनस्क्रीन जोड़ी ने अपने सहज अभिनय से जान फूंक दी थी।
आरडी बर्मन का संगीत और लता मंगेशकर की मखमली आवाज
इस अमर गीत की रचना के पीछे भारतीय संगीत जगत के शीर्ष दिग्गजों का योगदान था। स्वर कोकिला लता मंगेशकर ने अपनी मीठी आवाज में इस गीत को गाया था, जबकि इसकी दिलकश धुन सुप्रसिद्ध संगीतकार आरडी बर्मन ने तैयार की थी। वहीं जाने-माने गीतकार मजरूह सुल्तानपुरी की कलम से निकले बोलों ने इस गीत को रोमांस का एक कालजयी दस्तावेज बना दिया। 45 साल बीत जाने के बाद भी इस नगमे का जादू कम नहीं हुआ है और नई पीढ़ी के संगीत प्रेमी भी इसे बड़े चाव से सुनते हैं।
पहाड़ों की खूबसूरत वादियों में रोमांस और यादगार अदाएं
गीत के दृश्य संयोजन में प्राकृतिक दृश्यों का शानदार उपयोग देखने को मिला था। गाने में हेमा मालिनी का चुलबुला अंदाज और राजेश खन्ना का खिलंदड़ा रोमांस दर्शकों को बहुत पसंद आया था। दोनों कलाकारों के बीच दिखी ऑनस्क्रीन केमिस्ट्री उस दौर में काफी चर्चित रही थी। निर्देशक चेतन आनंद ने इस पूरे गीत को वादियों के बीच बेहद सलीके से कैमरे में कैद किया था, जिससे दृश्य और संगीत का यह तालमेल आज भी दर्शकों को आकर्षित करता है।
पुनर्जन्म के कथानक पर आधारित थी फिल्म कुदरत
फिल्म कुदरत का निर्देशन चेतन आनंद ने किया था और इसकी पूरी कहानी पुनर्जन्म के रहस्यमयी ताने-बाने पर टिकी थी। कथानक दो ऐसे प्रेमियों के ईद-गिर्द घूमता है जो अपने पिछले जन्म में एक दूसरे से अलग हो जाते हैं और फिर नए जन्म में दोबारा उनका आमना-सामना होता है। इस फिल्म में राजेश खन्ना और हेमा मालिनी मुख्य भूमिकाओं में थे। इनके अलावा फिल्म में कई दिग्गज सितारे शामिल थे, जिनमें राजकुमार, विनोद खन्ना, प्रिया राजवंश, असरानी और अमजद खान ने बेहद महत्वपूर्ण किरदार निभाए थे।
लागत से कई गुना ज्यादा कमाई कर बॉक्स ऑफिस पर बनी हिट
उन्नीस सौ अस्सी के दशक की शुरुआत में रिलीज हुई इस फिल्म को लेकर दर्शकों में जबरदस्त उत्सुकता थी। दिग्गज कलाकारों की टोली, आरडी बर्मन का चार्टबस्टर संगीत और पुनर्जन्म का थ्रिलर विषय इसके मुख्य आकर्षण थे। निर्देशक चेतन आनंद ने इस फिल्म के भव्य निर्माण पर उस दौर के अनुसार भारी भरकम धनराशि खर्च की थी। फिल्म का अनुमानित बजट लगभग 1 करोड़ रुपये से 1.50 करोड़ रुपये के बीच था। रिलीज के बाद फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर शानदार प्रदर्शन करते हुए करीब 4 करोड़ रुपये का कारोबार किया और बड़ी हिट साबित हुई।















