छत्तीसगढ़ के सरगुजा संभाग में स्थित अम्बिकापुर विकासखंड के आमदरहा गांव के निवासी आलम साय रजवाड़े ने अपने घर की छत पर रूफटॉप सोलर सिस्टम लगाकर ऊर्जा क्षेत्र में एक नई मिसाल पेश की है। पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना का लाभ उठाकर उन्होंने न केवल अपने परिवार को हर महीने आने वाले भारी बिजली बिल से मुक्ति दिलाई है, बल्कि वे स्वयं बिजली उत्पादक बनकर विद्युत विभाग को अतिरिक्त पावर सप्लाई भी कर रहे हैं।
1,500 से 2,000 रुपये का बिल घटकर हुआ शून्य
सोलर पावर प्लांट लगाने से पहले आलम साय के घर का हर महीने का बिजली का बिल औसतन 1500 रुपये से लेकर 2000 रुपये के बीच आता था। इस नियमित वित्तीय बोझ से उनका पारिवारिक बजट प्रभावित होता था। हालांकि, घर की छत पर सोलर संयंत्र स्थापित होने के बाद पिछले साढ़े तीन महीनों के दौरान उनका बिजली बिल पूरी तरह शून्य पर आ गया है। इस बदलाव ने उनके घरेलू खर्चों में बड़ी राहत प्रदान की है, जिससे उनका परिवार काफी खुश है।
साढ़े तीन महीने में ग्रिड को भेजी 850 यूनिट बिजली
रूफटॉप सोलर पैनल से बनने वाली बिजली से आलम साय पहले अपने घर की तमाम ऊर्जा जरूरतों को पूरा करते हैं। इसके बाद जो सौर ऊर्जा बच जाती है, उसे नेट मीटरिंग व्यवस्था के तहत सरकारी पावर ग्रिड में भेज दिया जाता है। आलम साय के अनुसार, पिछले साढ़े तीन महीने के भीतर उन्होंने लगभग 850 यूनिट अतिरिक्त बिजली ग्रिड के जरिए बिजली विभाग को उपलब्ध कराई है। इस तरह एक आम बिजली उपभोक्ता अब खुद बिजली प्रदाता की भूमिका निभा रहा है।
केंद्र और राज्य सरकार से मिली 1.08 लाख रुपये की सब्सिडी
आलम साय के लिए रूफटॉप सोलर सिस्टम लगाना आर्थिक रूप से काफी सुलभ रहा, क्योंकि उन्हें सरकारी योजनाओं के तहत बड़ी वित्तीय मदद मिली। इस प्रोजेक्ट के लिए उन्हें कुल 1 लाख 8 हजार रुपये की सहायता राशि प्रदान की गई। इसमें केंद्र सरकार की तरफ से 78,000 रुपये की सब्सिडी और छत्तीसगढ़ राज्य सरकार की ओर से 30,000 रुपये की प्रोत्साहन राशि शामिल है। इतनी बड़ी सब्सिडी मिलने के कारण संयंत्र स्थापना का प्रत्यक्ष आर्थिक भार उन पर ना के बराबर रहा।
आसान आवेदन प्रक्रिया और आम लोगों से अपील
अपने सुखद अनुभव को साझा करते हुए आलम साय रजवाड़े ने बताया कि पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत आवेदन करने से लेकर संयंत्र स्थापित होने तक का पूरा काम बेहद आसान और सुविधाजनक रहा। उन्होंने अन्य पात्र बिजली उपभोक्ताओं से भी आग्रह किया है कि वे इस योजना के बारे में विस्तार से जानकारी प्राप्त करें और अपने घरों पर सोलर पैनल लगवाएं। इससे जहां एक तरफ पारंपरिक बिजली पर निर्भरता घटेगी, वहीं दूसरी तरफ आम परिवारों के मासिक बजट में भी बड़ी बचत होगी।




















