इंग्लैंड की टेस्ट टीम के कप्तान जो रूट तेज गेंदबाज ब्रायडन कार्स के हालिया आचरण से खासे नाराज और निराश नजर आ रहे हैं। डर्बी शहर के एक नाइटक्लब के बाहर घटी एक घटना के बाद ब्रायडन कार्स इस समय जांच के घेरे में आ गए हैं। जो रूट ने कुछ समय पहले ही एक बार फिर से टीम की कप्तानी की बागडोर संभाली है। उन्होंने बेहद दो टूक शब्दों में अपनी खीझ जाहिर करते हुए कहा है कि खिलाड़ियों की तरफ से मैदान के बाहर लगातार की जाने वाली इस तरह की नासमझी भरी हरकतें अब बर्दाश्त से बाहर हो चुकी हैं और वह इन सब चीजों से पूरी तरह ऊब चुके हैं। इस गर्माए हुए नाइटक्लब विवाद के बाद कार्स को 27 अगस्त से पाकिस्तान के खिलाफ लॉर्ड्स मैदान पर शुरू होने वाले दूसरे टेस्ट मैच की टीम से बाहर कर दिया गया है।
यह पूरा मामला तब तूल पकड़ा जब इंटरनेट और सोशल मीडिया पर एक वीडियो सामने आया जिसमें ब्रायडन कार्स को हथकड़ी पहनी हुई स्थिति में देखा गया। इस वीडियो के सार्वजनिक होने के तुरंत बाद इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड ने मामले का संज्ञान लिया और इसे क्रिकेट रेगुलेटर के पास जांच के लिए भेज दिया, जो वर्तमान में इस पूरे प्रकरण की गहराई से पड़ताल कर रहा है। इस अनुशासनात्मक कार्रवाई और जांच के चलते ब्रायडन कार्स को इंग्लैंड के स्क्वाड से बाहर का रास्ता देखना पड़ा है। उनकी जगह चयनकर्ताओं ने युवा तेज गेंदबाज सॉनी बेकर को टीम में शामिल करने का फैसला किया है। गौर करने वाली बात यह भी है कि कार्स को सीरीज के पहले टेस्ट मैच की प्लेइंग इलेवन में खेलने का मौका नहीं मिला था और अब वह इस ताजा विवाद के कारण आगामी मुकाबले से भी पूरी तरह बाहर हो गए हैं।
जो रूट ने ब्रायडन कार्स के इस विवादित मामले पर क्या कहा
मंगलवार 25 अगस्त को आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान जो रूट ने बिना किसी लाग-लपेट के अपना पूरा गुस्सा और निराशा मीडिया के सामने रखी। उन्होंने खुलकर बात करते हुए कहा कि यदि मैं बिल्कुल साफ शब्दों में कहूं, तो मैं इस पूरी स्थिति से बेहद नाराज और अंदर से काफी निराश महसूस कर रहा हूं। पिछले हफ्ते टीम ने मैदान पर जिस तरह का शानदार खेल दिखाया था और जैसा बेहतरीन प्रदर्शन किया था, उसे याद करने के बजाय आज हमें यहां बैठकर किसी ऐसी गैर-जरूरी चीज पर चर्चा करनी पड़ रही है जिसका क्रिकेट के खेल से दूर-दूर तक कोई लेना-देना नहीं है।
जो रूट ने अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए बताया कि इस पूरे घटनाक्रम के सामने आने के बाद उनकी ब्रायडन कार्स से सीधी बातचीत हुई है। जब उन्हें पहली बार इस अप्रिय घटना के बारे में जानकारी मिली थी, तो उनकी सबसे बड़ी प्राथमिकता और फिक्र खुद ब्रायडन के स्वास्थ्य और मानसिक स्थिति को लेकर थी। कप्तान ने यह भी जोड़ा कि यह कहना बिल्कुल गलत नहीं होगा कि कार्स इस वक्त अंदर से बहुत ज्यादा दुखी हैं, उन्हें अपनी इस नासमझी पर गहरा पछतावा है और वह अपनी गलती की गंभीरता को अच्छी तरह समझ रहे हैं। रूट का मानना है कि जब भी ब्रायडन को उचित मौका मिलेगा, वह खुद सबके सामने आकर अपनी इस गलती को स्वीकार करेंगे और इस पर बात करेंगे। हालांकि, कप्तान के मुताबिक मुख्य समस्या सिर्फ इस एक अकेली घटना तक सीमित नहीं है, बल्कि असली चिंता का विषय यह है कि टीम के खिलाड़ी मैदान से बाहर बार-बार इस तरह की बचकानी और गैर-जिम्मेदाराना गलतियां दोहरा रहे हैं, जिससे वह अब पूरी तरह तंग आ चुके हैं और थक चुके हैं।
इंग्लैंड क्रिकेट में नाइटक्लब और पार्टियों से जुड़े पुराने विवाद
इंग्लैंड टीम के खिलाड़ियों का शराब पीने, देर रात तक पार्टियों में शामिल होने और इस तरह के नाइटक्लब विवादों में घिरने का पुराना इतिहास रहा है। इस सिलसिले में सबसे बड़ा और चर्चित विवाद इसी साल जून के महीने में सामने आया था। उस दौरान न्यूजीलैंड के खिलाफ लॉर्ड्स के मैदान पर पहला टेस्ट मुकाबला जीतने के तुरंत बाद स्टार ऑलराउंडर बेन स्टोक्स और तेज गेंदबाज गस एटकिंसन रात के वक्त बाहर घूमने निकले थे। उसी रात बाहर निकलने के दौरान इंग्लैंड टीम के सुरक्षा दल के ही एक सदस्य से जुड़ी कथित मारपीट की एक अप्रिय घटना सामने आ गई थी। उस मामले के तूल पकड़ने के बाद बेन स्टोक्स और गस एटकिंसन दोनों को ही आंतरिक जांच प्रक्रिया के चलते आगामी दूसरे टेस्ट मैच से बाहर बैठना पड़ गया था। हालांकि, बाद में जब इस पूरे मामले की औपचारिक जांच पूरी हुई, तो यह साफ हो गया था कि स्टोक्स और एटकिंसन ने किसी भी तरह के तय नियमों या आचार संहिता का कोई उल्लंघन नहीं किया था, जिसके बाद उन पर लगे संदेह के बादल छंट गए थे।



















