साउथ अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया के बीच खेली जा रही तीन मैचों की टेस्ट सीरीज इस समय बेहद रोमांचक स्थिति में पहुंच चुकी है, जहाँ पूरी दुनिया के क्रिकेट प्रेमियों की निगाहें इस पर टिकी हुई हैं। शुरुआती दो मुकाबलों के बाद दोनों टीमें 1-1 की बराबरी पर खड़ी हैं। इस सीरीज का तीसरा और निर्णायक मुकाबला आगामी 27 अक्टूबर से केपटाउन के मैदान पर खेला जाना है, लेकिन इस महत्वपूर्ण मैच से पहले मेजबान टीम को बड़ा झटका लगा है। उनके अनुभवी तेज गेंदबाज एनरिक नॉर्टजे ग्रोइन इंजरी के कारण इस आखिरी मैच से बाहर हो गए हैं। नॉर्टजे को यह शारीरिक परेशानी दूसरे टेस्ट मैच के चौथे दिन के खेल के दौरान महसूस हुई थी, जिसके बाद वे तुरंत मैदान से बाहर चले गए थे और आगे के खेल में भाग नहीं ले पाए थे।
लंबी वापसी के बाद झटका
एनरिक नॉर्टजे के लिए यह सीरीज लंबे समय के बाद टेस्ट क्रिकेट में वापसी का मौका थी, जो साढ़े तीन साल से भी अधिक समय के अंतराल के बाद आई थी। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पहले टेस्ट मुकाबले में उन्होंने दोनों पारियों में मिलाकर कुल 40 ओवर्स की गेंदबाजी की थी और अपने नाम 4 विकेट किए थे। ऐसे कयास लगाए जा रहे थे कि दूसरे टेस्ट मैच में नॉर्टजे को थोड़ा आराम दिया जाएगा, लेकिन कप्तान तेम्बा बावुमा का उन्हें मैदान पर उतारने का फैसला भारी पड़ गया। हालांकि यह बात अभी पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो पाई है कि उन्हें पूरी तरह से फिट होने में कितना वक्त लगेगा, लेकिन रिपोर्टों के अनुसार उनकी यह चोट उतनी गंभीर नहीं है जितना शुरुआती दौर में अंदेशा जताया जा रहा था।
अंतिम एकादश में जगह पाने के लिए इन विकल्पों पर विचार
केपटाउन में होने वाले निर्णायक टेस्ट मैच से एनरिक नॉर्टजे के बाहर होने के बाद अफ्रीकी टीम प्रबंधन के सामने यह बड़ी चुनौती है कि उनकी जगह प्लेइंग इ11 में किसे शामिल किया जाए। इस खाली स्थान को भरने के लिए टीम के पास मुख्य रूप से तीन खिलाड़ियों के विकल्प मौजूद हैं। इनमें सबसे पहला नाम गेराल्ड कोएत्जी का है, जिन्होंने लगभग दो सालों से कोई भी टेस्ट मैच नहीं खेला है। इसके अलावा ऑलराउंडर कॉर्बिन बॉश और डेन पैटरसन भी इस दौड़ में शामिल हैं, और ये तीनों ही खिलाड़ी पहले टेस्ट से ही टीम के आधिकारिक स्क्वॉड का हिस्सा रहे हैं।
इसके अलावा पिच की स्थिति और मैदान के हालातों को ध्यान में रखते हुए यदि अफ्रीकी टीम किसी विशेषज्ञ स्पिन गेंदबाज को अंतिम ग्यारह में आजमाने का फैसला करती है, तो उनके पास बाएं हाथ के स्पिन-ऑलराउंडर सेनुरन मुथुसामी के रूप में भी एक बेहतरीन विकल्प मौजूद है। सीरीज के इस निर्णायक मोड़ पर कप्तान और कोच को समझदारी भरा फैसला लेना होगा ताकि टीम संतुलित नजर आए और इस महत्वपूर्ण मुकाबले में जीत हासिल करके सीरीज पर कब्जा जमाया जा सके।



















