जांच खत्म, दोनों खिलाड़ियों को मिली राहत
इंग्लैंड क्रिकेट पर पिछले कुछ हफ्तों से छाया नाइटक्लब विवाद अब खत्म हो गया है। ईसीबी की अनुशासनात्मक सुनवाई के नतीजे आने के बाद कप्तान बेन स्टोक्स और तेज गेंदबाज गस एटकिंसन को न्यूजीलैंड के खिलाफ ट्रेंट ब्रिज में होने वाले तीसरे टेस्ट मैच की 15 सदस्यीय टीम में जगह दे दी गई है। बोर्ड ने दोनों को लिखित चेतावनी दी है, और सबसे बड़ी राहत यह है कि नाइटक्लब के बाहर हुई हिंसक घटना में इन दोनों की कोई भूमिका नहीं पाई गई।
8 जून की उस सुबह से शुरू हुआ पूरा विवाद
पूरा मामला उस रात जुड़ा है जब लॉर्ड्स में खेले गए पहले टेस्ट मैच में न्यूजीलैंड को हराने के बाद इंग्लैंड के खिलाड़ी जश्न मनाने निकले थे। 8 जून की सुबह बेन स्टोक्स और गस एटकिंसन चेल्सी के एक नाइटक्लब में पहुंचे और टीम प्रबंधन की ओर से तय की गई 'मिडनाइट कर्फ्यू' का उल्लंघन कर बैठे। यह कर्फ्यू मैनेजिंग डायरेक्टर रॉब की और हेड कोच ब्रेंडन मैकुलम ने एशेज सीरीज में खराब नतीजों के बाद टीम में अनुशासन और पेशेवर मानकों को ऊंचा उठाने के मकसद से लागू किया था।
नाइटक्लब के बाहर मारपीट, ईसीबी अधिकारी को लगाने पड़े टांके
मामला सिर्फ कर्फ्यू तोड़ने तक नहीं रुका। नाइटक्लब के बाहर उस रात हालात बिगड़ गए और हाथापाई हो गई। खिलाड़ियों के साथ मौजूद ईसीबी के एक सुरक्षा संपर्क अधिकारी पर हमला हुआ और उन्हें टांके लगवाने पड़े। इस गंभीर घटना के बाद बोर्ड ने तत्काल आंतरिक जांच शुरू की और दोनों खिलाड़ियों को द ओवल में खेले गए दूसरे टेस्ट की टीम से बाहर कर दिया।
काउंटी मैचों के बीच से वापस बुलाए गए दोनों
अनुशासनात्मक प्रक्रिया के दौरान एक नाटकीय मोड़ तब आया जब ईसीबी ने दोनों खिलाड़ियों को उनके काउंटी चैंपियनशिप मुकाबलों के बीच में ही मैदान से वापस बुला लिया। बेन स्टोक्स डरहम की ओर से बल्लेबाजी करते हुए 95 रनों की दमदार पारी खेल रहे थे, तभी उन्हें हटाया गया। दूसरी तरफ गस एटकिंसन को सरे और ग्लैमरगन के बीच जारी मुकाबले से बीच में वापस बुला लिया गया। क्रिकेट जगत ने इस असामान्य कदम को दोनों की राष्ट्रीय टीम में जल्द वापसी का साफ संकेत माना।
ईसीबी का आधिकारिक बयान: अनुबंध उल्लंघन माना, हिंसा से बरी किया
ईसीबी ने अपने आधिकारिक बयान में स्पष्ट किया कि अनुशासनात्मक सुनवाई के निष्कर्ष के बाद बेन स्टोक्स और गस एटकिंसन को तीसरे टेस्ट के लिए टीम में शामिल किया गया है। बोर्ड ने यह भी माना कि दोनों खिलाड़ियों ने अपने अनुबंध की उन विशिष्ट शर्तों का उल्लंघन किया, जिनके तहत इंग्लैंड के खिलाड़ियों को हर समय उच्चतम आचरण बनाए रखना और इंग्लैंड क्रिकेट के हित में काम करना जरूरी होता है। इसीलिए उन्हें दूसरे टेस्ट से बाहर रखा गया था और अब लिखित चेतावनी दी गई है।
लेकिन जांच में एक बेहद अहम बात सामने आई। बोर्ड ने पुष्टि की कि नाइटक्लब के बाहर हुए झगड़े से बेन स्टोक्स का कोई लेना-देना नहीं था, वह उस झगड़े में शामिल नहीं थे और उन्होंने उसे देखा भी नहीं। गस एटकिंसन के मामले में सबूतों से यह स्पष्ट हुआ कि वह बिना किसी उकसावे के हमले का शिकार बने और उन्होंने पलटकर किसी पर हाथ नहीं उठाया। इस तरह हिंसक व्यवहार के सभी आरोपों से दोनों को पूरी तरह बरी कर दिया गया।
अब पूरा ध्यान मैदान पर, न्यूजीलैंड से होगी कड़ी टक्कर
इस फैसले के साथ इंग्लैंड क्रिकेट टीम अपनी पूरी ताकत के साथ ट्रेंट ब्रिज की चुनौती के लिए तैयार है। बेन स्टोक्स का कप्तान के रूप में लौटना टीम के लिए सबसे बड़ी राहत है क्योंकि एक ऑलराउंडर के तौर पर भी वह टीम के लिए अपरिहार्य हैं। गस एटकिंसन की वापसी से पेस आक्रमण और धारदार होगा। टीम प्रबंधन को भरोसा है कि यह विवाद अब पूरी तरह पीछे छूट गया है और खिलाड़ी न्यूजीलैंड के खिलाफ सीरीज के बचे हुए मैचों में पूरा दमखम दिखाएंगे।
तीसरे टेस्ट के लिए इंग्लैंड का 15 सदस्यीय दल
ट्रेंट ब्रिज टेस्ट के लिए घोषित इंग्लैंड का पूरा दल इस प्रकार है:
- बेन स्टोक्स (कप्तान)
- रेहान अहमद
- जोफ्रा आर्चर
- गस एटकिंसन
- शोएब बशीर
- जैकब बेथेल
- हैरी ब्रूक
- जॉर्डन कॉक्स
- बेन डकेट
- मैथ्यू फिशर
- एमिलियो गे
- ओली रॉबिन्सन
- जो रूट
- जेमी स्मिथ
- जोश टोंग













