भारत के प्रतिष्ठित घरेलू क्रिकेट टूर्नामेंट रणजी ट्रॉफी 2026-27 का चौथा दौर शुरू हो चुका है। शुरुआती तीन दौर के जोरदार मुकाबलों के बाद अब कई दिग्गज और स्टार खिलाड़ी चौथे दौर में अपनी-अपनी टीमों को बढ़त दिलाने के इरादे से मैदान पर उतरे हैं। इस दौर के मुकाबलों में तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी, सलामी बल्लेबाज पृथ्वी शॉ और शानदार फॉर्म में चल रहे आयुष बडोनी पर क्रिकेट फैंस की विशेष नजरें टिकी हुई हैं।
शुरुआती तीन दौर में इन टीमों का रहा दबदबा
टूर्नामेंट के शुरुआती तीन चरणों में कई टीमों ने बेहतरीन खेल दिखाया है। बंगाल, मुंबई, सौराष्ट्र और उत्तर प्रदेश जैसी प्रमुख टीमों ने अब तक दमदार प्रदर्शन कर अंक तालिका में अपनी स्थिति मजबूत की है। टूर्नामेंट के शुरुआती दिनों से ही केएल राहुल, यशस्वी जायसवाल, रवींद्र जडेजा और मोहम्मद सिराज जैसे शीर्ष भारतीय खिलाड़ी भी घरेलू सत्र का हिस्सा रहे हैं, जिससे मुकाबलों की प्रतिस्पर्धा और ज्यादा बढ़ गई है।
खिलाड़ियों के व्यक्तिगत प्रदर्शन ने बढ़ाई चमक
इस रणजी सत्र में कई युवा और स्थापित खिलाड़ियों ने बल्ले व गेंद से असाधारण खेल दिखाया है। दिल्ली के आयुष बडोनी ने लगातार दूसरे मैच में दोहरा शतक जड़कर अपनी टीम को विशाल स्कोर की तरफ अग्रसर किया, जबकि राउंड तीन के पहले दिन भी उन्होंने शतक जमाया था। मुंबई के लिए मुशीर खान और अंगकृष रघुवंशी ने शतकीय पारियां खेलीं, वहीं चंडीगढ़ के लिए अर्जुन आजाद ने शानदार बल्लेबाजी की। गेंदबाजों में तुषार देशपांडे ने हैट्रिक हासिल की और सारांश जैन ने 7 विकेट चटकाकर अपनी टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया। इसके अलावा रिंकू सिंह और रवींद्र जडेजा ने भी शतकीय योगदान देकर टूर्नामेंट में अपनी चमक बिखेरी है।
चौथे दौर में कांटे की टक्कर की उम्मीद
टूर्नामेंट जैसे-जैसे आगे बढ़ रहा है, नॉकआउट में जगह बनाने की होड़ और तेज हो गई है। मुंबई की टीम में जहां सूर्यकुमार यादव की गैरमौजूदगी चर्चा का विषय रही, वहीं अन्य युवा प्रतिभाएं लगातार मौके भुना रही हैं। चौथे दौर के मैचों में मोहम्मद शमी की गेंदबाजी लय और पृथ्वी शॉ की आक्रामक शुरुआत पर नजर रहेगी। यह दौर कई टीमों के लिए क्वार्टर फाइनल की राह तय करने में निर्णायक साबित हो सकता है।



















