बॉलीवुड अभिनेता टाइगर श्रॉफ पर हुए हमले की गुत्थी को सुलझाने में जुटी पुलिस के हाथ कई महत्वपूर्ण और पुख्ता सबूत लगे हैं। इस मामले में गिरफ्तार किए गए तीनों संदिग्धों के पास से एक बैग मिला है जिसमें उनके कपड़े रखे हुए थे। इसके साथ ही, दो आरोपियों के पास से मोबाइल फोन भी बरामद किए गए हैं, जबकि तीसरे शख्स ने फरार होने के दौरान अपना फोन रास्ते में ही फेंक दिया था। पुलिस अब इन सभी मोबाइल फोनों को फॉरेंसिक जांच के लिए भेज रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि वारदात को अंजाम देने से पहले किन-किन इलाकों की टोह ली गई थी। इस जांच से यह भी साफ हो जाएगा कि कौन-कौन से वीडियो और तस्वीरें शूट करके बिश्नोई गैंग के गुर्गों तक भेजी गई थीं। आरोपियों के कॉल डिटेल रिकॉर्ड से यह भी सामने आएगा कि ये हमलावर अपने आकाओं के साथ कितनी बार और किस माध्यम से संपर्क में थे।
इस सनसनीखेज मामले की तहकीकात कर रही पुलिस के सामने कई हैरान करने वाली बातें सामने आई हैं। मुख्य शूटर ने कानून की पकड़ से बचने के लिए बेहद शातिराना तरीके से पूरी योजना तैयार की थी। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस शख्स ने घटना को अंजाम देने से लगभग दो महीने पहले ही अपनी शारीरिक बनावट और लुक में बदलाव करना शुरू कर दिया था। अपनी पहचान छुपाने के मकसद से उसने अपने लंबे बाल पूरी तरह मुंडवा लिए और गंजा हो गया। इसके अलावा, पुलिस और स्थानीय खुफिया तंत्र को गुमराह करने के लिए वह लगातार अपने किराए के मकान भी बदल रहा था ताकि किसी भी स्थान पर उसका स्थायी सुराग पीछे न छूटे।
बिहार से मुंबई तक बुना गया था ताना-बाना
जांच एजेंसियों से मिली जानकारी के मुताबिक, इस खतरनाक हमले का मुख्य सूत्रधार बिहार के बेगूसराय का रहने वाला ऋतिक कुमार है, जिसे लोग ऋतिक रोशन के नाम से भी जानते हैं। उसने अपने दो अन्य सहयोगियों के साथ मिलकर इस पूरी वारदात की रूपरेखा तैयार की थी। मुंबई की सीमा में कदम रखने से पहले ऋतिक के बाल काफी लंबे हुआ करते थे। सीसीटीवी कैमरों की नजर और आसपास के लोगों से खुद को छिपाने के लिए उसने वारदात से दो महीने पहले ही अपना सिर मुंडवा लिया था। अपना रूप बदलने के बाद वह शहर के अलग-अलग हिस्सों में किराए पर कमरे बदलता रहता था ताकि उसका कोई भी पक्का ठिकाना पुलिस के हाथ न लग सके।
एक सोची-समझी और गहरी साजिश
पुलिस की शुरुआती जांच में यह बात बिल्कुल साफ हो चुकी है कि यह कोई अचानक हुआ हादसा नहीं था, बल्कि एक पूरी तरह से सुनियोजित षड्यंत्र था। आरोपी इस बात से अच्छी तरह वाकिफ था कि एक बड़े फिल्मी सितारे को निशाना बनाने के बाद पुलिस सबसे पहले उसके पुराने हुलिए और तस्वीरों के आधार पर उसकी तलाश करेगी। इसी बात को ध्यान में रखते हुए उसने अपना रूप बदलने से लेकर ठिकाने बदलने तक, हर कदम पर अपनी पहचान छिपाने के पूरे प्रयास किए थे। फिलहाल, सुरक्षा एजेंसियां इस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों और उनके पूरे नेटवर्क को बेनकाब करने के लिए लगातार दबिश दे रही हैं और हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही हैं।


















