जुहू इलाके में अभिनेता टाइगर श्रॉफ की कार को निशाना बनाकर की गई गोलीबारी की घटना में गंभीर रूप से घायल हुए उमेश चौहान ने अस्पताल के बिस्तर से उस खौफनाक शाम के बारे में विस्तार से बताया है। उमेश अपने एक साथी के साथ उस दिन अभिनेता की एक झलक कैद करने और अपने यूट्यूब चैनल के लिए व्लॉग शूट करने के उद्देश्य से एक फुटबॉल ग्राउंड के बाहर पहुंचे थे। उसी समय वहां अचानक गोलियां चलने लगीं और उनमें से एक गोली सीधे उमेश के सीने को चीरती हुई उनके लिवर तक जा धंसी। इस अचानक हुए हमले के बाद उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका इलाज मुंबई के केईएम अस्पताल में चल रहा है। दर्द और दहशत के उन शुरुआती पलों को याद करते हुए उन्होंने बताया कि जब गोलियों की आवाज गूंजी थी, तो उन्हें जरा भी अंदाजा नहीं था कि उन पर हमला हुआ है और उन्हें लगा था कि शायद किसी वाहन का टायर फट गया है।
व्लॉगिंग के शौक ने बदल दी जिंदगी की दिशा
पैंतीस वर्षीय उमेश चौहान अपने दोस्त किशन राजभर के साथ रविवार के दिन टाइगर श्रॉफ का वीडियो शूट करने के लिए घर से निकले थे। वह अपनी आमदनी को थोड़ा बढ़ाने के लिए अपने यूट्यूब चैनल पर व्लॉग अपलोड किया करते थे और इसी सिलसिले में वे वहां मौजूद थे। उन्होंने साझा किया कि घटना शाम के लगभग सात बजे की है, जब टाइगर श्रॉफ की गाड़ी फुटबॉल ग्राउंड के गेट से बाहर आ रही थी और तभी अचानक वहां अफरातफरी और फायरिंग शुरू हो गई। उमेश बिल्कुल कार के शीशे के नजदीक खड़े होकर अपने कैमरे से वीडियो बना रहे थे। उनके अनुसार, जब तेज धमाका जैसी आवाज सुनाई दी, तो उन्हें लगा कि सड़क पर किसी गाड़ी का टायर फटा है। लेकिन कुछ ही पलों के भीतर उनके सीने में असहनीय दर्द उठने लगा, जिससे वे बुरी तरह घबरा गए और मदद के लिए चिल्लाने लगे। सांस लेने में हो रही भारी तकलीफ के बीच उन्हें यह बिल्कुल भी समझ नहीं आ रहा था कि उनके शरीर के भीतर कोई गोली समा चुकी है।
अस्पताल पहुंचने पर हुआ असल बात का खुलासा
दर्द के बेकाबू होने पर उमेश ने वहां मौजूद लोगों से मदद की गुहार लगाई, जिसके बाद उन्हें सबसे पहले कूपर अस्पताल ले जाया गया। वहां शुरुआती डॉक्टरों ने उनकी जांच की और स्थिति की गंभीरता को देखते हुए उन्हें आगे के इलाज के लिए केईएम अस्पताल भेज दिया गया। केईएम अस्पताल में जब डॉक्टरों ने उनके घावों की गहराई से जांच की, तब जाकर इस बात का चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि सीने में लगी वह चीज कोई मामूली चोट नहीं बल्कि एक गोली थी, जिसने उनके लिवर को भी गंभीर क्षति पहुंचाई है। फिलहाल उनकी नाजुक हालत को देखते हुए उन्हें आईसीयू में भर्ती रखा गया है, जहां डॉक्टर उनकी निगरानी कर रहे हैं और उनका लगातार उपचार किया जा रहा है।
परिवार की ओर से मिला सांत्वना और मदद का भरोसा
इस गंभीर संकट की घड़ी में टाइगर श्रॉफ के परिवार ने भी आगे आकर उमेश और उनके परिजनों का हालचाल जाना है। बातचीत के दौरान उमेश ने इस बात की जानकारी दी कि अभिनेता की मां खुद उनसे मिलने अस्पताल पहुंची थीं। उन्होंने पीड़ित उमेश और उनके परिवार को ढांढस बंधाते हुए यह भरोसा दिलाया कि इस मुश्किल दौर में वे पूरी तरह उनके साथ खड़े हैं और हरसंभव सहायता प्रदान करेंगे। इसके अलावा, टाइगर श्रॉफ ने भी उनके जल्द से जल्द स्वस्थ होने की कामना की है। परिवार की तरफ से मिले इस भावनात्मक सहारे के बाद उमेश को उम्मीद बंधी है कि वह ठीक होकर अपने घर लौट सकेंगे, हालांकि लिवर में चोट के कारण उनकी रिकवरी में अभी समय लगेगा।
घर पर गर्भवती पत्नी और बेटे के भविष्य की चिंता
इस दुर्घटना ने उमेश के परिवार के सामने बेहद विकट परिस्थितियां खड़ी कर दी हैं, क्योंकि वह मुंबई के मानखुर्द इलाके में अपनी पत्नी और छह साल के छोटे बेटे के साथ जीवन गुजारते हैं। उनकी पत्नी इस समय आठ महीने की गर्भवती हैं, जिससे परिवार की चिंताएं और अधिक बढ़ गई हैं। सप्ताह के आम दिनों में छोटे-मोटे काम करके अपना घर चलाने वाले उमेश रविवार के दिन सेलिब्रिटी व्लॉगिंग के जरिए अतिरिक्त कमाई का जरिया तलाशते थे। लेकिन इस एक हादसे ने उनके पूरे परिवार के सामने गंभीर आर्थिक और मानसिक संकट पैदा कर दिया है। एक तरफ उमेश अस्पताल में मौत से जंग लड़ रहे हैं, तो दूसरी तरफ उनका पूरा परिवार उनके सुरक्षित घर लौटने की दुआ मांग रहा है। इस पूरे मामले की जांच के दौरान यह चौंकाने वाली बात सामने आई है कि जिन आरोपियों ने इस वारदात को अंजाम दिया था, उन्हें महज 35 हजार रुपये और विदेश में नौकरी का झांसा देकर खरीदा गया था।



















