हरियाणा के कुरुक्षेत्र जिले में देश का पहला एलिवेटेड रेलवे स्टेशन बनकर तैयार हो गया है. यह स्टेशन थानेसर सिटी के नाम से जाना जाएगा और पूरी तरह एलिवेटेड ट्रैक पर खड़ा किया गया है. 17 जुलाई को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इसका उद्घाटन करेंगे. एलिवेटेड ट्रैक पर नई रेलवे लाइन बिछाई जा चुकी है और ट्रेन का ट्रायल भी सफलतापूर्वक पूरा हो चुका है. इस स्टेशन के तैयार होने से शहर को सालों पुरानी जाम की समस्या से राहत मिलने वाली है.
स्टेशन पर मिलेंगी कौन-कौन सी सुविधाएं
नए स्टेशन को पूरी तरह अत्याधुनिक बनाया गया है. यहां टिकटघर, वेटिंग हॉल, बैठने की व्यवस्था, लिफ्ट, एस्केलेटर, शुद्ध पेयजल और शौचालय जैसी तमाम बुनियादी सुविधाएं मुहैया कराई गई हैं. स्टेशन पर दो तरफ से एंट्री की व्यवस्था की गई है, हालांकि यहां सिर्फ एक ही प्लेटफॉर्म बनाया गया है. खास बात यह है कि थानेसर सिटी का यह नया स्टेशन ऐतिहासिक ब्रह्म सरोवर से महज 500 मीटर की दूरी पर स्थित है.
मेट्रो की तर्ज पर बना, रोहतक के बाद हरियाणा का दूसरा एलिवेटेड ट्रैक
कुरुक्षेत्र का यह एलिवेटेड ट्रैक हरियाणा का दूसरा ऐसा ट्रैक है. इससे पहले रोहतक-गोहाना-पानीपत रूट पर यातायात आसान बनाने के लिए रोहतक शहर में एलिवेटेड रेलवे ट्रैक बनाया जा चुका है, जो मेट्रो की तर्ज पर तैयार किया गया देश का पहला रेलवे एलिवेटेड ट्रैक था. रोहतक शहर में चार रेलवे फाटकों की वजह से लगने वाले जाम को खत्म करने के लिए वह ट्रैक करीब 315 करोड़ रुपये की लागत से बनाया गया था. अब कुरुक्षेत्र में भी मेट्रो स्टेशन जैसा ही रेलवे स्टेशन खड़ा किया गया है, जो इसे बाकी स्टेशनों से अलग और खास बनाता है.
क्यों अहम है कुरुक्षेत्र जंक्शन
कुरुक्षेत्र हरियाणा राज्य का एक महत्वपूर्ण रेलवे जंक्शन है, जिसका कोड केकेडीई (KKDE) है. यह जंक्शन अंबाला-दिल्ली रेलवे लाइन पर पड़ता है और पंजाब को जम्मू-कश्मीर से जोड़ने का काम करता है. माता वैष्णो देवी कटरा जाने वाली ट्रेनें भी इसी रूट से होकर गुजरती हैं. इसी जंक्शन से नरवाना-कुरुक्षेत्र रेल लाइन भी निकलती है, जो थानेसर इलाके से होकर गुजरती है.
पांच रेलवे क्रॉसिंग बनते थे जाम की वजह
नरवाना-कुरुक्षेत्र लाइन पर थानेसर में कुल 5 रेलवे क्रॉसिंग हैं. जब भी कोई ट्रेन इस रास्ते से गुजरती थी, तो सभी फाटक बंद कर दिए जाते थे, जिससे पूरे इलाके में लंबा जाम लग जाता था. इसी समस्या से निजात दिलाने के लिए 5.8 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड कॉरिडोर बनाने का फैसला लिया गया. यह पूरा ट्रैक करीब 341 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हुआ है.
कैसे बना यह सिंगल ट्रैक कॉरिडोर
कुरुक्षेत्र एलिवेटेड रेलवे ट्रैक की कुल लंबाई 5.8 किलोमीटर है. इसे हरियाणा इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड ने रेलवे मंत्रालय के सहयोग से बनाया है. यह सिंगल ट्रैक नरवाना-कुरुक्षेत्र रेल लाइन पर ही बनाया गया है और शहर के बीचोंबीच से गुजरता है. इसे शहर से गुजरने वाली मौजूदा रेलवे लाइन के ठीक बगल में खड़ा किया गया है, ताकि पुरानी लाइन पर असर डाले बिना नया ढांचा तैयार हो सके.
पंजाब से यूपी जाने वालों को मिलेगी राहत
इस एलिवेटेड ट्रैक के शुरू होने से पंजाब और हरियाणा से उत्तर प्रदेश की तरफ आने-जाने वाले यात्रियों को फाटक बंद होने की वजह से लगने वाले जाम से बड़ी राहत मिलेगी. कुरुक्षेत्र के लिए इसे अब तक का सबसे बड़ा ड्रीम प्रोजेक्ट माना जा रहा है, जो अब पूरा होने की कगार पर है.











