आजकल स्वास्थ्य के प्रति सतर्क रहने वाले लोग अपनी दैनिक खुराक में अंकुरित मूंग और काले चने को प्राथमिकता देते हैं। यह आहार प्रोटीन, फाइबर, आवश्यक विटामिन और मिनरल्स का एक प्राकृतिक और उत्कृष्ट जरिया माना जाता है। हालांकि पैक्ड स्प्राउट्स बाजार की दुकानों पर आसानी से उपलब्ध हो जाते हैं, लेकिन उनकी ताजगी, सफाई और हाइजीन को लेकर मन में संदेह बना रहता है। ऐसे में बाजार पर निर्भर रहने के बजाय अपने घर में ही मूंग और चने अंकुरित करना सबसे बेहतरीन विकल्प है। यह तरीका न केवल आपकी जेब पर हल्का पड़ता है, बल्कि आपको पूरी तरह स्वच्छ और पोषक तत्वों से भरपूर नाश्ता भी प्रदान करता है।
घर पर स्प्राउट्स तैयार करने के लिए जरूरी सामान
घर में स्प्राउट्स बनाने की प्रक्रिया बेहद सरल है और इसके लिए किसी विशेष उपकरण या महंगे बर्तन की आवश्यकता नहीं पड़ती। आपको सिर्फ साबुत मूंग दाल या काला चना, थोड़ा सा साफ पानी और एक ढीला सूती कपड़ा चाहिए होगा। अगर सूती कपड़ा न हो तो आप ढक्कन वाले किसी सामान्य बर्तन का भी उपयोग कर सकते हैं।
धोने की सही तकनीक और सफाई का महत्व
अंकुरण की प्रक्रिया शुरू करने से पहले अनाज की सफाई बहुत महत्वपूर्ण होती है। सबसे पहले मूंग दाल या काले चने को एक बड़े कटोरे में निकालें और साफ पानी से 2 से 3 बार अच्छी तरह धो लें। ऐसा करने से दानों के ऊपर जमा धूल, मिट्टी और अन्य अशुद्धियां पूरी तरह बाहर निकल जाती हैं। इसके बाद अनाज को डुबोने के लिए बर्तन में पर्याप्त मात्रा में पानी भर दें।
भिगोने का सही समय और तरीका
मूंग और चने को पानी सोखने के लिए पर्याप्त समय देना आवश्यक है। मूंग दाल को लगभग 6 से 8 घंटे तक भिगोकर रखना चाहिए, जबकि काले चने का छिलका थोड़ा सख्त होने के कारण इन्हें 8 से 10 घंटे तक भिगोना जरूरी होता है। यदि आप इन्हें रातभर पानी में भिगोकर छोड़ दें तो यह सबसे उत्तम तरीका माना जाता है। इस समयावधि के दौरान दाने पानी सोखकर अच्छी तरह फूल जाते हैं और अंकुरण के लिए पूरी तरह तैयार हो जाते हैं।
अंकुरण की प्रक्रिया और नमी बनाए रखने का तरीका
अगली सुबह भिगोए गए मूंग या चने का सारा पानी पूरी तरह छानकर निकाल दें। अब फूले हुए दानों को एक साफ सूती कपड़े में रखें और कपड़े की पोटली बांध लें। यदि कपड़ा न हो तो हवा के निकास वाले बर्तन का प्रयोग करें। इस पोटली को किसी हल्के गर्म और सूखे स्थान पर 12 से 24 घंटे के लिए रख दें। मौसम का अंकुरण पर सीधा प्रभाव पड़ता है। गर्म मौसम में अंकुर तेजी से फूटते हैं, जबकि ठंड के दिनों में इसमें थोड़ा अधिक समय लगता है। दानों को सूखने से बचाने के लिए बीच-बीच में कपड़े पर पानी का हल्का छिड़काव करते रहें ताकि आवश्यक नमी बनी रहे।
पोषक स्प्राउट्स का सेवन और स्वास्थ्य लाभ
लगभग एक दिन बीत जाने के बाद जब दानों से छोटे-छोटे सफेद अंकुर बाहर दिखाई देने लगें, तो समझें कि आपके पौष्टिक स्प्राउट्स पूरी तरह तैयार हैं। आप इन्हें अपने पसंदीदा सलाद, चाट, सैंडविच या सुबह के नाश्ते में शामिल कर सकते हैं। अंकुरित मूंग और चने पाचन क्रिया को दुरुस्त रखने में मददगार साबित होते हैं। इनमें मौजूद फाइबर पेट को लंबे समय तक भरा हुआ महसूस कराता है, जिससे बार-बार भूख नहीं लगती और वजन नियंत्रित करने में मदद मिलती है। इसके अतिरिक्त यह शरीर को दिनभर ऊर्जा प्रदान करने, रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत करने और मांसपेशियों को सुदृढ़ बनाने में भी बेहद उपयोगी माना जाता है।



















