बॉलीवुड के जाने-माने अभिनेता जॉन अब्राहम 53 साल की उम्र में भी अपनी बेहतरीन शारीरिक बनावट और फिटनेस के लिए जाने जाते हैं। उनके 19 इंच के बाइसेप्स, शार्प एब्स और मस्कुलर शरीर को देखकर आज की युवा पीढ़ी हैरान रह जाती है। उनकी इस शानदार फिजीक के पीछे कोई जादुई सप्लीमेंट या रातों-रात अपनाया गया शॉर्टकट नहीं है, बल्कि दशकों की कड़ी मेहनत और खानपान का सख्त अनुशासन है। आइए जानते हैं कि इस उम्र में भी खुद को बेहद फिट और ऊर्जावान बनाए रखने के लिए जॉन अपनी रोजाना की थाली में किन चीजों को प्रमुखता से जगह देते हैं।
जॉन अब्राहम का दैनिक खानपान और प्रोटीन इनटेक
लगभग 95 किलोग्राम वजन और भारी-भरकम मस्कुलर बॉडी को बनाए रखने के लिए जॉन प्रतिदिन लगभग 200 ग्राम प्रोटीन का सेवन करते हैं। अपने खानपान के तौर-तरीकों पर चर्चा करते हुए उन्होंने स्पष्ट किया है कि उनकी शारीरिक ताकत का आधार कोई फैंसी या महंगी डाइट नहीं, बल्कि बिल्कुल साधारण और पौष्टिक भोजन है। वे मुख्य रूप से शाकाहारी आहार लेना पसंद करते हैं, हालांकि शरीर की प्रोटीन जरूरत को पूरा करने के लिए वे अंडों को अपनी दिनचर्या में जरूर शामिल करते हैं।
उनकी रोजाना की खुराक में 10 से 15 अंडे की सफेदी यानी एग वाइट्स और 2 पूरे अंडे शामिल होते हैं। अंडों के अलावा वे पौधे आधारित प्रोटीन के स्रोतों पर भी पूरा भरोसा रखते हैं, जिनमें टोफू, पनीर, अंकुरित मूंग और विभिन्न प्रकार की दालें प्रमुख हैं। शरीर में ऊर्जा का स्तर बनाए रखने के लिए वे एवोकाडो, ओट्स, ब्राउन राइस और अन्य पोषक तत्वों से भरपूर संपूर्ण आहार लेते हैं। इसके अलावा, कभी-कभार वे लगभग 180 ग्राम मछली का सेवन भी कर लेते हैं। उनका मानना है कि प्राकृतिक खाद्य पदार्थ हमेशा सबसे बेहतर होते हैं और वे कृत्रिम प्रोटीन सप्लीमेंट्स का सहारा तभी लेते हैं जब किसी विशेष फिल्म के लिए उन्हें बेहद कठिन और भारी ट्रेनिंग से गुजरना पड़ता है।
फिल्म फोर्स के दौरान का कड़ा डाइट रूटीन
अपनी सुपरहिट एक्शन फिल्म फोर्स के दिनों को याद करते हुए एक इंटरव्यू में उन्होंने बताया था कि उस किरदार के लिए उन्हें बेहद भारी-भरकम और कटी हुई मस्कुलर बॉडी तैयार करनी थी। उस विशेष समय में अपनी उच्च प्रोटीन की मांग को पूरा करने के लिए वे एक दिन में 51 अंडे की सफेदी तक खा जाते थे। उस दौरान उनके शरीर की ऊर्जा जरूरतों को ध्यान में रखते हुए उनकी डाइट में रोजाना 160 ग्राम कार्बोहाइड्रेट और 65 ग्राम हेल्दी फैट्स बेहद नपे-तुले तरीके से शामिल किए जाते थे।
दो दशकों से अधिक समय से चीनी से दूरी
जॉन अब्राहम की खाने की इच्छाओं यानी क्रेविंग्स पर नियंत्रण रखने की क्षमता वाकई प्रेरणादायक है। उनके इस कड़े अनुशासन से जुड़ी सबसे बड़ी बात यह है कि उन्होंने पिछले लगभग 25 सालों से रिफाइंड शुगर यानी सफेद चीनी को हाथ तक नहीं लगाया है। इसके अलावा, उन्होंने बीते 6 सालों से सामान्य चावल खाना भी पूरी तरह छोड़ दिया है और क्लीन ईटिंग को अपने जीवन जीने का स्थायी तरीका बना लिया है।
आप गैस जींस इंडिया के इंस्टाग्राम पेज पर उनके इस फिटनेस सफर से जुड़ी झलकियां देख सकते हैं।
जॉन अब्राहम के फिटनेस से जुड़े तीन बड़े सबक
नियमितता ही सबसे बड़ा नियम है क्योंकि जॉन का यह शरीर सालों के पसीने और एक समान रूटीन का परिणाम है, इसलिए किसी भी तरह के शॉर्टकट से बचना चाहिए। अगर आप भी मस्कुलर शरीर पाना चाहते हैं, तो अपनी थाली में दाल, स्प्राउट्स, पनीर, टोफू या अंडों जैसी प्रोटीन से भरपूर चीजों को सही मात्रा में जगह दें। प्रोसेस्ड और रिफाइंड शुगर को अपने खानपान से बाहर करना ही एक लीन बॉडी और मजबूत एब्स की तरफ उठाया जाने वाला पहला कदम है। जॉन की यह जीवनशैली यह साबित करती है कि उम्र महज एक संख्या है और सही अनुशासन से कुछ भी हासिल किया जा सकता है।



















