मध्य प्रदेश के ग्वालियर से सामने आया एक मामला रिश्तों की उलझन और कानूनी पेच दोनों को एक साथ दिखाता है। यहां तीन बच्चों की एक मां ने पहले हाईकोर्ट में डटकर कहा कि वह अपने प्रेमी के साथ ही रहना चाहती है, लेकिन इसके चंद घंटों के भीतर ही उसने अपना पूरा बयान पलट दिया। अब वह कह रही है कि उसे अपने पति और तीनों बच्चों के साथ ही जिंदगी बितानी है। इस अचानक हुए बदलाव ने उसके प्रेमी को बुरी तरह परेशान कर दिया है, जो डेढ़ साल से उसके साथ रह रहा था।
क्या है पूरा मामला
मुरैना की रहने वाली खुशबू तोमर की शादी भिंड निवासी रामू तोमर से हुई थी और इस दंपती के तीन बच्चे हैं। करीब डेढ़ साल पहले खुशबू अपने पति और बच्चों को छोड़कर भिंड के ही रहने वाले अपने प्रेमी रामवेन्द्र सिंह भदौरिया के साथ कानपुर चली गई थी। पति रामू ने इसकी शिकायत दर्ज कराई और मामले को हाईकोर्ट तक ले गए, जहां उन्होंने हैबियस कॉर्पस याचिका दायर की।
कोर्ट में प्रेमी का साथ चुना, फिर फिल्मी अंदाज में अपहरण
शुक्रवार को पुलिस ने खुशबू को कानपुर से बरामद किया और हाईकोर्ट में पेश किया। अदालत में खुशबू ने अपने पति रामू पर शराब पीकर मारपीट करने का आरोप लगाया और साफ कहा कि वह प्रेमी रामवेन्द्र के साथ ही रहना चाहती है। इस पर कोर्ट ने उसे अपनी मर्जी से रहने की स्वतंत्रता दे दी।
सुनवाई के बाद खुशबू अपने प्रेमी रामवेन्द्र के साथ लौट रही थी। दोनों जैसे ही माधव नगर गेट के सामने पहुंचे, वहां पति रामू तोमर अपने साथियों सुमित, कल्ली और जूली के साथ एक ईको कार लेकर आ धमका। आरोप है कि उन्होंने प्रेमी की पिटाई की और खुशबू को जबरन कार में बैठाकर वहां से भाग निकले। तीन बच्चों की मां का यह अपहरण किसी फिल्मी दृश्य जैसा था और इसने हाईप्रोफाइल मामले को और गरमा दिया।
प्रेमी का दावा- कोर्ट मैरिज हो चुकी, वह 6 महीने की गर्भवती
घटना के बाद प्रेमी रामवेन्द्र झांसी रोड थाने पहुंचा और अपहरण की शिकायत दर्ज कराई। उसका कहना है कि वह और खुशबू 1 साल से एक-दूसरे के संपर्क में हैं और दोनों ने कोर्ट मैरिज कर ली है। रामवेन्द्र के मुताबिक अब वे पति-पत्नी हैं और खुशबू 6 महीने की गर्भवती है।
दबाव बढ़ा तो महिला ने लिया यू-टर्न
ग्वालियर से अचानक गायब होने के बाद पुलिस लगातार इस मामले पर दबाव बनाए हुए थी। झांसी रोड थाना प्रभारी शक्ति सिंह ने तत्परता दिखाते हुए बातचीत की और महिला को नजदीकी थाने पहुंचने की समझाइश दी। इसके बाद खुशबू मुरैना जिले के देवगढ़ थाने जा पहुंची। सूचना मिलते ही झांसी रोड थाना पुलिस तुरंत देवगढ़ रवाना हुई और महिला को वापस ग्वालियर ले आई।
पुलिस अफसरों के सामने खुशबू ने पूरी तरह यू-टर्न ले लिया। उसने अधिकारियों को बताया कि अब वह अपने प्रेमी के साथ नहीं, बल्कि अपने पति रामू तोमर और अपने तीनों बच्चों के साथ ही रहना चाहती है।
अब कोर्ट में दर्ज होगा 164 का बयान
झांसी रोड थाना प्रभारी के अनुसार महिला सुरक्षित है और उसने खुद पति-बच्चों के साथ रहने की इच्छा जताई है। चूंकि मामला हाईकोर्ट से जुड़ा हुआ है और अपहरण की शिकायत भी दर्ज हो चुकी है, इसलिए पुलिस अब खुशबू के न्यायालय में धारा 164 के तहत बयान दर्ज कराएगी, ताकि उसका असली रुख कानूनी तौर पर रिकॉर्ड पर आ सके।













