महाराष्ट्र में विधान परिषद के आगामी द्विवार्षिक चुनाव को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है। कांग्रेस ने शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के तहत तीन सीटों पर अपने प्रत्याशियों के नामों की घोषणा कर दी है। पार्टी ने इस चुनावी मुकाबले में अपने दो मौजूदा सदस्यों पर फिर से भरोसा जताया है, जबकि एक सीट पर नए चेहरे को मौका देकर सियासी संतुलन साधने का प्रयास किया है।
नागपुर और पुणे में मौजूदा सदस्यों पर भरोसा
पार्टी की ओर से जारी आधिकारिक जानकारी के अनुसार, नागपुर संभाग स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से मौजूदा विधान परिषद सदस्य अभिजीत वंजारी को एक बार फिर उम्मीदवार बनाया गया है। वहीं, पुणे संभाग शिक्षक सीट से पार्टी ने अपने मौजूदा सदस्य जयंत दिनकर असागांवकर पर पुनः विश्वास जताते हुए उन्हें चुनावी मैदान में उतारा है। दोनों ही नेता अपने-अपने क्षेत्रों में पहले से प्रतिनिधित्व कर रहे हैं और पार्टी ने उनके पिछले प्रदर्शन को देखते हुए टिकट दोहराया है।
अमरावती शिक्षक सीट पर नया चेहरा
कांग्रेस ने अमरावती शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में बदलाव करते हुए नए चेहरे के रूप में अदिति पोहारे को चुनावी मैदान में उतारा है। अमरावती सीट पर नए चेहरे को मौका देकर पार्टी ने स्थानीय स्तर पर संगठन को सक्रिय करने और नए समीकरण साधने की रणनीति बनाई है। शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में होने वाले इस मुकाबले में अमरावती सीट पर सभी की निगाहें टिकी रहेंगी।
पांच सीटों पर चुनावी सरगर्मी और गठबंधन के समीकरण
महाराष्ट्र विधान परिषद की कुल 5 सीटों पर होने वाले चुनाव को लेकर राजनीतिक माहौल गरमा गया है। इन चुनावों में औरंगाबाद, पुणे, नागपुर और अमरावती जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्र शामिल हैं। महा विकास अघाड़ी के घटक दल मिलकर इस द्विवार्षिक चुनाव में उतरने की रणनीति पर काम कर रहे हैं। दूसरी ओर सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन में सीटों को लेकर सहमति बनने के बीच कांग्रेस ने अपने तीन प्रमुख पत्ते खोलकर मुकाबले को दिलचस्प बना दिया है।




















