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अमेरिका-कनाडा व्यापार युद्ध के बीच डॉलर पर दबाव, सुस्त पड़े बिकवालबाज़ार
24 अग॰ 2026, 7:50 am (2 घंटे पहले)· 4

अमेरिका-कनाडा व्यापार युद्ध के बीच डॉलर पर दबाव, सुस्त पड़े बिकवाल

अमेरिका और कनाडा के बीच बढ़ते व्यापार तनाव और कमजोर डॉलर के कारण मुद्रा बाजार में सतर्कता देखी जा रही है।

सोमवार की शुरुआत के साथ ही मुद्रा बाजार में हलचल तेज हो गई है। अमेरिकी डॉलर के मुकाबले कैनेडियन डॉलर मामूली बढ़त के साथ कारोबार की शुरुआत कर रहा है, लेकिन इसमें बड़े स्तर पर खरीदारी का रुझान अभी तक दिखाई नहीं दे रहा है। बाजार में निवेशकों का एक वर्ग सतर्क रुख अपनाए हुए है क्योंकि एक तरफ अमेरिका और कनाडा के बीच व्यापारिक रिश्ते तनावपूर्ण हो चुके हैं, तो दूसरी तरफ कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट ने कैनेडियन डॉलर की स्थिति को कमजोर कर दिया है। इसके अलावा दुनिया भर में भू-राजनीतिक अनिश्चितताएं भी बाजार की चाल को प्रभावित कर रही हैं।

व्यापारिक तनाव और जवाबी शुल्क का एलान

इस सप्ताह की शुरुआत से ठीक पहले दोनों देशों के बीच व्यापारिक बातचीत पूरी तरह विफल हो गई थी। शुक्रवार को बातचीत टूटने के बाद शनिवार को अमेरिका ने सख्त कदम उठाते हुए करीब 20 अरब डॉलर मूल्य के कनाडाई सामानों पर 50 प्रतिशत भारी भरकम शुल्क लगा दिया। इस कड़े कदम के जवाब में कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने तुरंत प्रतिक्रिया दी और घोषणा की कि उनका देश भी आगामी 8 सितंबर से अमेरिकी उत्पादों पर जवाबी शुल्क लागू करेगा। इस बड़े व्यापारिक टकराव और क्रूड ऑयल की कीमतों में आई हल्की नरमी का सीधा असर कमोडिटी से जुड़ी मुद्रा पर पड़ रहा है।

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भू-राजनीतिक जोखिम और कच्चे तेल की स्थिति

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जारी भू-राजनीतिक तनावों ने बाजार की अनिश्चितता को और बढ़ा दिया है। इस बीच रेजाई ने बयान देते हुए स्पष्ट किया कि जो भी देश अमेरिकी प्रतिबंधों में शामिल होगा, उसे ईरान के खिलाफ युद्ध की कार्रवाई माना जाएगा। इस तरह के बयानों से युद्ध जोखिम प्रीमियम बाजार में लगातार बना हुआ है। इस प्रकार की उथल-पुथल कच्चे तेल की कीमतों को सहारा दे सकती है और साथ ही सुरक्षित निवेश के विकल्प के रूप में अमेरिकी डॉलर की मांग को भी बनाए रख सकती है। ऐसे माहौल में मुद्रा जोड़े पर किसी भी तरह का बड़ा या आक्रामक निर्णय लेने से पहले कारोबारियों को पूरी सावधानी बरतने की सलाह दी जा रही है।

कैनेडियन डॉलर को प्रभावित करने वाले मुख्य कारक

कनाडा की मुद्रा का प्रदर्शन मुख्य रूप से कई आर्थिक और भू-राजनीतिक कारकों पर निर्भर करता है। इसमें सबसे महत्वपूर्ण भूमिका बैंक ऑफ कनाडा द्वारा निर्धारित की जाने वाली ब्याज दरें निभाती हैं। इसके अलावा कच्चे तेल के दाम, जो कि कनाडा का सबसे बड़ा निर्यात है, अर्थव्यवस्था की समग्र सेहत, महंगाई के आंकड़े और व्यापार संतुलन भी अहम भूमिका निभाते हैं। व्यापार संतुलन से तात्पर्य देश के कुल निर्यात और कुल आयात के बीच के अंतर से है। बाजार की धारणा भी एक बड़ा पैमाना है, जिसमें यह देखा जाता है कि निवेशक जोखिम भरे परिसंपत्तियों में पैसा लगा रहे हैं या सुरक्षित विकल्पों की तलाश कर रहे हैं। इसके अलावा कनाडा के सबसे बड़े व्यापारिक साझीदार के रूप में अमेरिकी अर्थव्यवस्था की स्थिति भी काफी मायने रखती है।

बैंक ऑफ कनाडा की मौद्रिक नीति का प्रभाव

बैंक ऑफ कनाडा ब्याज दरों को नियंत्रित करके देश की अर्थव्यवस्था और मुद्रा दोनों पर सीधा असर डालता है। केंद्रीय बैंक का मुख्य उद्देश्य ब्याज दरों में उतार-चढ़ाव करके महंगाई की दर को 1 से 3 प्रतिशत के दायरे में बनाए रखना है। सामान्य तौर पर ऊंची ब्याज दरें कैनेडियन डॉलर के लिए सकारात्मक मानी जाती हैं क्योंकि इससे निवेशकों का रुझान बढ़ता है। इसके अलावा बैंक अर्थव्यवस्था में ऋण की स्थिति को नियंत्रित करने के लिए मात्रात्मक सहजता और सख्ती जैसे उपायों का उपयोग करता है।

तेल की कीमतें और आर्थिक आंकड़े

पेट्रोलियम कनाडा का सबसे बड़ा निर्यात उत्पाद है, इसलिए अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल के दामों में होने वाला उतार-चढ़ाव सीधे तौर पर कैनेडियन डॉलर के मूल्य को प्रभावित करता है। तेल महंगा होने पर देश की निर्यात आय बढ़ती है और मुद्रा को मजबूती मिलती है। इसके साथ ही सकल घरेलू उत्पाद, रोजगार के आंकड़े, विनिर्माण और सेवा पीएमआई जैसे वृहद आर्थिक संकेतक भी अर्थव्यवस्था की मजबूती को मापते हैं। एक मजबूत और स्थिर अर्थव्यवस्था विदेशी निवेश को आकर्षित करती है और केंद्रीय बैंक को ब्याज दरें बढ़ाने के लिए प्रेरित करती है।

सवाल-जवाब

सोमवार को बाजार में कैनेडियन डॉलर की शुरुआत कैसी रही?
कैनेडियन डॉलर सकारात्मक नोट पर शुरू हुआ लेकिन इसमें मजबूत खरीदारी का अभाव देखा गया।
अमेरिका ने कनाडाई सामानों पर कितना शुल्क लगाया है?
अमेरिका ने 20 अरब डॉलर मूल्य के कनाडाई सामानों पर 50 प्रतिशत का शुल्क लगाया है।
कनाडा ने जवाबी शुल्क कब से लागू करने की घोषणा की है?
कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने 8 सितंबर से जवाबी शुल्क लागू करने की घोषणा की है।
कनाडाई मुद्रा को प्रभावित करने वाले मुख्य कारक कौन से हैं?
बैंक ऑफ कनाडा की ब्याज दरें, तेल की कीमतें, महंगाई और व्यापार संतुलन मुख्य कारक हैं।
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