अमेरिकी डॉलर के मुकाबले जापानी येन में आई तेज बढ़त के बाद USD/JPY मुद्रा जोड़े में उथल-पुथल का दौर देखने को मिल रहा है। गुरुवार को 155.30 के एक महीने के निचले स्तर को छूने के बाद यह जोड़ी वापस 156.00 के स्तर से ऊपर पहुंचकर 156.32 के आसपास कारोबार कर रही है। हालांकि, बाजार में डॉलर की रिकवरी की रफ्तार अभी भी कमजोर बनी हुई है। विश्लेषकों का मानना है कि 156.70 का पुराना सपोर्ट एरिया अब इस करेंसी पेयर के लिए एक मजबूत रेजिस्टेंस या प्रतिरोध स्तर के रूप में कार्य करेगा, जिसे पार करना बुल्स के लिए चुनौतीपूर्ण हो सकता है।
USD/JPY में गिरावट और संभलने की कोशिश
सप्ताह के दौरान जापानी येन में जबरदस्त तेजी दर्ज की गई, जो जुलाई में अमेरिका और जापान द्वारा किए गए समन्वित फॉरेक्स हस्तक्षेप के बाद से येन का सबसे शानदार साप्ताहिक प्रदर्शन है। बुधवार और गुरुवार के बीच USD/JPY में लगभग 500 पिप्स की भारी गिरावट देखने को मिली। इस अचानक आई गिरावट ने वैश्विक मुद्रा बाजार को हैरान कर दिया। हालांकि, शुक्रवार को एशियाई और यूरोपीय सत्र के दौरान निचले स्तरों से रिकवरी देखी गई और जोड़ी 156.32 पर बंद हुई, जो पिछले बंद स्तर 158.92 से 1.64 प्रतिशत नीचे है।
बैंक ऑफ जापान का रुख और हस्तक्षेप की अटकलें
बाजार में इस बात को लेकर लगातार चर्चा बनी हुई है कि इस 500-पिप की गिरावट का मुख्य कारण क्या था। कई ट्रेडर्स का मानना था कि जापानी अधिकारियों ने येन को सहारा देने के लिए फॉरेक्स मार्केट में हस्तक्षेप किया है। हालांकि, एमयूएफजी बैंक के विश्लेषकों के अनुसार, बैंक ऑफ जापान (BoJ) के चालू खाता आंकड़ों से यह स्पष्ट संकेत नहीं मिलता कि यह कदम सीधे तौर पर आधिकारिक हस्तक्षेप के कारण हुआ था। इसके बावजूद, बैंक ऑफ जापान के नीति निर्माताओं द्वारा मौद्रिक नीति में सख्ती लाने और ब्याज दरों में बढ़ोतरी के संकेत दिए जाने से येन को भारी समर्थन मिला है।
तकनीकी विश्लेषण: प्रतिरोध और सपोर्ट का गणित
तकनीकी संकेतकों पर नजर डालें तो USD/JPY का दैनिक चार्ट अभी भी मंदी या बेयरिश क्षेत्र में बना हुआ है। 14-दिवसीय रिलेटिव स्ट्रेंथ इंडेक्स (RSI) वर्तमान में 31 के करीब है, जो ओवरसोल्ड स्थिति के आसपास मंडरा रहा है। वहीं मूविंग एवरेज कन्वर्जेंस डायवर्जेंस (MACD) -0.47 पर शून्य से नीचे बना हुआ है, जो यह दर्शाता है कि नीचे की ओर दबाव अभी भी कायम है।
USD/JPY में खरीदारी करने वाले ट्रेडर्स के लिए 156.70 (7 अगस्त का निचला स्तर और R1 प्रतिरोध स्तर 156.75) का क्षैतिज प्रतिरोध स्तर पार करना अनिवार्य होगा। यदि यह स्तर टूटता है, तो बाजार का ध्यान 18 और 19 अगस्त के निचले स्तर 158.05 तथा 200-दिवसीय सिंपल मूविंग एवरेज (SMA) 158.46 - 158.50 के क्षेत्र पर केंद्रित हो जाएगा। दूसरी तरफ, नीचे की ओर 155.00 और 155.28 का सपोर्ट जोन मई महीने से ही गिरावट को रोकता आया है। यदि यह प्रमुख सपोर्ट टूटता है, तो बेयरिश दबाव बढ़कर 23 फरवरी के निचले स्तर 154.00 और वर्ष के निचले स्तर 152.20 तक जा सकता है।
अमेरिका के रोजगार आंकड़े और फेड की मौद्रिक नीति
फॉरेक्स बाजार की नजर अब अमेरिका के आगामी मैक्रोइकॉनॉमिक डेटा पर टिकी हुई है। शुक्रवार को जारी होने वाली अमेरिकी नॉन-फार्म पेरोल (NFP) रिपोर्ट बाजार की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। अगस्त महीने के लिए पेरोल में 58,000 नई नौकरियों की बढ़ोतरी की उम्मीद जताई जा रही है, जबकि बेरोजगारी दर 4.1 प्रतिशत पर स्थिर रहने का अनुमान है। वहीं औसत प्रति घंटा कमाई में वृद्धि दर पिछले महीने के 3.2 प्रतिशत से घटकर 3.0 प्रतिशत रहने की संभावना है।
इस बीच, फेडरल रिजर्व (Fed) के गवर्नर क्रिस्टोफर वॉलर ने ब्याज दरों में कटौती पर रोक लगाने का संकेत दिया है। इसके बाद सितंबर महीने में फेड द्वारा ब्याज दरों में कटौती की संभावना घटकर 50 प्रतिशत रह गई है। अमेरिकी ट्रेजरी बॉन्ड यील्ड में आई नरमी के कारण अमेरिकी डॉलर पर दबाव देखा जा रहा है।
अन्य वैश्विक परिसंपत्तियों का हाल: सोना, क्रिप्टो और कच्चा तेल
अन्य वैश्विक बाजारों में भी इस आर्थिक घटनाक्रम का असर साफ दिखाई दे रहा है। ऑस्ट्रेलियन डॉलर (AUD/USD) 0.7200 के स्तर से ऊपर मजबूती से बना हुआ है, जिसे रिजर्व बैंक ऑफ ऑस्ट्रेलिया (RBA) के सख्त रुख का फायदा मिल रहा है।
सोने की कीमतों में लगातार दो दिनों की तेजी के बाद मामूली रुकावट आई है और यह $4,500 के स्तर के नीचे कारोबार कर रहा है, हालांकि यह अपने साप्ताहिक उच्च स्तर के करीब बना हुआ है। क्रिप्टोकरेंसी बाजार में जोखिम लेने की क्षमता (रिस्क-ऑन) मजबूत बनी हुई है और बिटकॉइन $80,000 के स्तर से ऊपर बना हुआ है, जिसमें ज़कैश (ZEC) और एथेना (ENA) ने पिछले 24 घंटों में शानदार प्रदर्शन किया है।
ऊर्जा बाजार में, यद्यपि कच्चे तेल की कीमतें अपेक्षाकृत शांत दिख रही हैं, लेकिन डीजल बाजार में भारी तेजी देखी जा रही है। अमेरिकी डीजल क्रैक स्प्रेड (WTI कच्चे तेल के मुकाबले अल्ट्रा-लो सल्फर डीजल फ्यूचर्स का प्रीमियम) पहली बार $100 प्रति बैरल के पार निकलकर $102.00 प्रति बैरल के सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंच गया है, जो रिफाइंड ईंधन की आपूर्ति में सख्ती का संकेत देता है।



















