अमेरिकी अर्थव्यवस्था से आए ताज़ा मुद्रास्फीति आंकड़ों ने वैश्विक वित्तीय बाजारों में हलचल बढ़ा दी है। जुलाई महीने के पर्सनल कंजम्पशन एक्सपेंडिचर (PCE) मूल्य सूचकांक में अनुमान से अधिक वृद्धि दर्ज की गई है। इस आंकड़े के जारी होने के बाद अमेरिकी ट्रेजरी प्रतिफल में बढ़ोतरी देखी गई, जिससे अमेरिकी डॉलर को प्रमुख G10 मुद्राओं के मुकाबले मजबूती मिली है। निवेशक अब फेडरल रिजर्व की मौद्रिक नीति की भावी दिशा और आगामी बैठकों में ब्याज दरों में संभावित बढ़ोतरी को लेकर अपनी रणनीतियों को नए सिरे से समायोजित कर रहे हैं।
अमेरिकी PCE मुद्रास्फीति अनुमान से अधिक, ब्याज दरों में बढ़ोतरी के संकेत
जुलाई महीने के दौरान हेडलैन PCE मूल्य सूचकांक में महीने-दर-महीने आधार पर 0.2% की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। यह आंकड़ा अर्थशास्त्रियों के 0.1% वृद्धि के अनुमान से अधिक रहा। सालाना आधार पर देखा जाए तो हेडलैन PCE मुद्रास्फीति 3.7% पर पहुंच गई, जबकि बाजार का सर्वसम्मत अनुमान 3.6% का था। इसके विपरीत, खाद्य और ऊर्जा कीमतों को अलग रखकर आंके जाने वाले कोर PCE मूल्य सूचकांक में मासिक आधार पर 0.2% और सालाना आधार पर 3.3% की वृद्धि हुई, जो पूरी तरह से बाजार की अपेक्षाओं के अनुरूप है।
मुद्रास्फीति के इन मिश्रित लेकिन उम्मीद से थोड़े ऊंचे आंकड़ों के साथ-साथ वास्तविक उपभोक्ता खर्च के स्थिर रहने के रुझान से यह संकेत मिलता है कि केंद्रीय बैंक के पास निकट भविष्य में ब्याज दरों को अपरिवर्तित रखने या जरूरत पड़ने पर नीतिगत दरों में फिर से बढ़ोतरी करने का विकल्प खुला हुआ है। ट्रेजरी यील्ड में आई तेजी यह दर्शाती है कि बांड बाजार केंद्रीय बैंक की ओर से सख्त रुख अपनाए जाने की संभावनाओं को गंभीरता से ले रहा है।
फेड अध्यक्ष केविन वॉश के भाषण से पहले बदला स्विप्स मार्केट का गणित
मुद्रास्फीति आंकड़ों के सार्वजनिक होते ही ब्याज दर स्वैप्स बाजार में दर वृद्धि की संभावनाओं का पुनर्मूल्यांकन शुरू हो गया है। मौजूदा स्वैप्स मूल्य निर्धारण के अनुसार, अगले महीने होने वाली फेडरल ओपन मार्केट कमेटी की बैठक में ब्याज दरों में 25 बेसिस प्वाइंट की बढ़ोतरी की 43% संभावना जताई जा रही है। इसके अतिरिक्त, दिसंबर तक दरों में 25 बेसिस प्वाइंट की बढ़ोतरी को बाजार द्वारा पूरी तरह से आकलित (fully priced in) कर लिया गया है।
वित्तीय बाजारों की निगाहें अब पूरी तरह से शुक्रवार को होने वाले जैक्सन होल संगोष्ठी पर टिकी हैं। फेडरल रिजर्व के अध्यक्ष केविन वॉश इस प्रतिष्ठित वार्षिक कार्यक्रम में केंद्रीय बैंक के प्रमुख के रूप में अपना पहला भाषण देने जा रहे हैं। बाजार सहभागी केवल सितंबर की नीतिगत बैठक के फैसलों तक सीमित न रहकर, मौद्रिक नीति के दीर्घकालिक दृष्टिकोण, मुद्रास्फीति नियंत्रण की रणनीति और आर्थिक वृद्धि के बीच संतुलन पर उनके बयानों का उत्सुकता से विश्लेषण करेंगे।
वैश्विक मुद्रा बाजार में हलचल: पाउंड, यूरो और दक्षिण कोरियाई वॉन का रुख
मुद्रा बाजार में अमेरिकी डॉलर की बढ़त का असर विभिन्न वैश्विक करेंसी पेयर्स पर स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। एशियाई कारोबारी सत्र के दौरान GBP/USD जोड़ी 1.3600 के स्तर से नीचे गिरकर अपने साप्ताहिक निचले स्तर के करीब समेकित होती नजर आई। हालांकि, पाउंड में गिरावट सीमित रही क्योंकि व्यापारी फेडरल रिजर्व के अगले कदमों के बारे में अधिक स्पष्ट संकेतों का इंतजार कर रहे हैं।
दूसरी ओर, EUR/USD जोड़ी शुरुआती एशियाई कारोबार में मामूली मजबूती के साथ 1.1655 के स्तर के आसपास पहुंच गई। यूरोपीय सेंट्रल बैंक का सख्त मौद्रिक रुख यूरो को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले समर्थन प्रदान कर रहा है। इसके अलावा, एशियाई ट्रेडिंग सत्र में दक्षिण कोरियाई वॉन में डॉलर के मुकाबले मजबूती देखी गई, जिससे USD/KRW 0.3% गिरकर लगभग 1,380 के स्तर पर आ गया। यह USD/KRW के लिए 11 महीने का निचला स्तर है, जिसे बैंक ऑफ कोरिया द्वारा लगातार की गई ब्याज दर वृद्धियों से बल मिला है।
मुद्रास्फीति के दबाव के बावजूद क्रिप्टो बाजार में तेजी, बिटकॉइन $78,000 के पार
पारंपरिक वित्तीय बाजारों में अनिश्चितता और डॉलर की मजबूती के बावजूद, क्रिप्टोकरेंसी बाजार ने सकारात्मक रुख बनाए रखा है। गुरुवार को बिटकॉइन (BTC) $78,000 के महत्वपूर्ण स्तर के ऊपर अपनी पकड़ बनाए रखने में सफल रहा। जुलाई के PCE मुद्रास्फीति आंकड़ों से आए मिश्रित संकेतों के बाद भी डिजिटल संपत्तियों में खरीदारों की रुचि बनी हुई है।
व्यापक क्रिप्टो बाजार में अन्य संपत्तियों ने भी शानदार प्रदर्शन किया। पिछले 24 घंटों के दौरान SPX6900 (SPX) और वीचेन (VET) में दोहरे अंकों की बढ़त दर्ज की गई, जिससे ये दोनों टोकन दिन के शीर्ष प्रदर्शन करने वाले डिजिटल एसेट्स के रूप में उभरकर सामने आए।



















