सेबू में रक्षा सहयोग मजबूत करने पर भारत और फिलीपींस के बीच बनी सहमतिरॉबिनहुड के साथ रिपल की नई साझेदारी के बीच 1.33 डॉलर पर थमी एक्सआरपी की बढ़तब्रिटिश पाउंड में लगातार चौथे दिन फिसलन, 1.3300 के स्तर पर टिका स्टर्लिंगनागौर में मूंछों वाले नाचते बालाजी से लेकर एक आंख वाली प्रतिमा तक, जानिए इन प्रसिद्ध धामों का इतिहासकपड़ा पीएलआई योजना के चौथे चरण के लिए खुला पोर्टल, सरकार ने टर्नओवर की शर्त आधी कीसर्दियों में दुधारू मवेशियों के घटते दूध से बचाएंगे ये जरूरी उपाय, जाने बचाव और खानपान की सही तकनीकराजौरी में सुरक्षा बलों को मिली बड़ी कामयाबी, भारी मात्रा में हथियार और गोला-बारूद बरामदबशीरबाग पैलेस में उस्ताद बड़े गुलाम अली खान के आखिरी दिन और हैदराबाद में उनकी मजार की दास्तानपश्चिम बंगाल की राजनीति में गरमागरम बहस, शुभेंदु अधिकारी की ममता बनर्जी को घर बैठने की दो टूक सलाहदीपावली और गुरुपर्व से पहले दीमापुर पुलिस ने तय किए पटाखे चलाने के सख्त नियम
उत्तर पूर्व में फिर से खोई हुई जमीन हासिल करेगी कांग्रेस, अधीर रंजन चौधरी का बड़ा दावामेघालय
28 अक्तू॰ 2026, 8:38 pm (3 घंटे पहले)· 0

उत्तर पूर्व में फिर से खोई हुई जमीन हासिल करेगी कांग्रेस, अधीर रंजन चौधरी का बड़ा दावा

कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने शिलोंग में कार्यकर्ताओं से मुलाकात के बाद कहा कि पार्टी उत्तर पूर्व क्षेत्र में अपनी खोई हुई राजनीतिक जमीन को वापस पाने के लिए पूरी तरह संकल्पित है। उन्होंने भाजपा पर सांप्रदायिक ध्रुवीकरण का आरोप लगाया।

कांग्रेस पार्टी आने वाले समय में उत्तर पूर्व क्षेत्र में अपनी राजनीतिक ताकत को फिर से मजबूत करने और खोए हुए आधार को वापस पाने के लिए पूरी तरह तैयार है। शिलोंग में पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक के बाद यह बात सामने आई है। इस चर्चा के दौरान आगामी रणनीतियों पर विस्तार से विचार किया गया ताकि संगठन को जमीनी स्तर पर और अधिक प्रभावी बनाया जा सके।

शिलोंग में हुई बैठक और सांगठनिक चर्चा

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अधीर रंजन चौधरी ने बुधवार को शिलोंग का दौरा किया। वहां उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं और स्थानीय नेताओं से मुलाकात की। इस दौरान क्षेत्र के राजनीतिक हालात और संगठन को मजबूत करने के उपायों पर गहन मंथन किया गया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि इस क्षेत्र में अपनी खोई हुई जमीन को दोबारा हासिल करने के लिए पार्टी को कड़ा परिश्रम करना होगा। इसके साथ ही उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि मेघालय राज्य को भी अन्य राज्यों की तरह ही सत्तारूढ़ दल की ओर से नेताओं की खरीद-फरोख्त यानी हॉर्स ट्रेडिंग जैसी चुनौतियों का सामना करना पड़ा है।

ये भी पढ़ें

भाजपा की राजनीति और क्षेत्रीय दलों पर निशाना

पार्टी को हाल के वर्षों में मिले झटकों के कारणों पर बात करते हुए उन्होंने भाजपा पर तीखा हमला बोला। उन्होंने भाजपा की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा कि पार्टी सांप्रदायिक ध्रुवीकरण और संकीर्ण राजनीति को बढ़ावा दे रही है। इसके अलावा उन्होंने उत्तर पूर्व के अधिकांश क्षेत्रीय दलों की भूमिका की भी कड़ी आलोचना की। उनका आरोप था कि ये क्षेत्रीय दल अक्सर सत्ताधारी पक्ष के साथ गठबंधन कर लेते हैं और कांग्रेस को कमजोर करने तथा सत्ता पक्ष को बनाए रखने के लिए अपने संसाधनों का इस्तेमाल करते हैं।

कार्यकर्ताओं का जोश और भविष्य की उम्मीद

इन तमाम राजनीतिक बाधाओं के बावजूद उन्होंने दावा किया कि पार्टी का आंतरिक संगठन और कार्यकर्ताओं का मनोबल अब भी पूरी तरह मजबूत बना हुआ है। शिलोंग स्थित पार्टी कार्यालय में एकत्र हुए कार्यकर्ताओं के उत्साह को देखकर उन्होंने कहा कि यह इस बात का स्पष्ट प्रमाण है कि मेघालय समेत देश के अन्य हिस्सों में भी कांग्रेस पार्टी में एक नई जान फूंक दी जा रही है। उन्होंने अपने संबोधन के अंत में एक दृढ़ संकल्प दोहराया कि चाहे इसके लिए कितनी भी मेहनत क्यों न करनी पड़े, पार्टी इस क्षेत्र में अपना सारा खोया हुआ प्रभाव वापस लेकर आएगी और उत्तर पूर्व एक बार फिर से कांग्रेस के पाتون में लौटेगा।

सवाल-जवाब

अधीर रंजन चौधरी ने शिलोंग का दौरा क्यों किया था?
उन्होंने शिलोंग में पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर क्षेत्र में पार्टी की रणनीति पर चर्चा की।
कांग्रेस पार्टी उत्तर पूर्व में क्या हासिल करना चाहती है?
पार्टी उत्तर पूर्व क्षेत्र में अपनी खोई हुई राजनीतिक जमीन और प्रभाव को पूरी तरह वापस पाना चाहती है।
अधीर रंजन चौधरी ने पार्टी के पिछड़ने का क्या कारण बताया?
उन्होंने भाजपा की सांप्रदायिक राजनीति और क्षेत्रीय दलों के सत्ता पक्ष के साथ गठजोड़ को पार्टी के झटकों का कारण बताया।
मेघालय में पार्टी के सामने किस तरह की चुनौती आई थी?
मेघालय में भी अन्य राज्यों की तरह सत्तारूढ़ दल द्वारा पार्टी सदस्यों की खरीद-फरोख्त की गई थी।
शिलोंग में पार्टी कार्यकर्ताओं को लेकर क्या प्रतिक्रिया दी गई?
कार्यकर्ताओं में मौजूद ऊर्जा को देखकर यह कहा गया कि पार्टी राज्य और देश भर में पुनर्जीवित हो रही है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 2

Karan Malhotra@karan-malhotra·1 घंटे पहले

अधीर रंजन जी चाहे जितने दावे करें, नॉर्थ ईस्ट में नेताओं की खरीद-फरोख्त रोकना कांग्रेस के लिए सबसे बड़ी चुनौती होगी।

Arjun Mehta@arjun-mehta·1 घंटे पहले

करण, बात तो बिल्कुल सही है आपकी। पर ये बताइए कि जब स्थानीय नेता ही पार्टी छोड़कर जा रहे हैं, तो अधीर रंजन जी के पास इन्हें रोकने की ज़मीनी रणनीति क्या है?

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp