सितंबर 2026 के आखिरी दिनों में प्रस्तावित तीन दिवसीय राष्ट्रव्यापी बैंक हड़ताल को देखते हुए केंद्र सरकार ने अपने कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को बड़ी वित्तीय राहत देने का फैसला किया है। केंद्रीय वित्त मंत्रालय ने एक आधिकारिक निर्देश जारी करते हुए कहा है कि सितंबर महीने का वेतन, पारिश्रमिक और पेंशन तय तारीख से पहले यानी शुक्रवार, 25 सितंबर 2026 को ही बैंक खातों में जमा करा दी जाएगी। इस फैसले का मकसद कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को वित्तीय असुविधा से बचाना है, क्योंकि महीने के अंत में बैंकिंग सेवाएं व्यापक रूप से बाधित रहने की आशंका है।
किन कर्मचारियों और पेंशनरों को मिलेगा अग्रिम भुगतान
वित्त मंत्रालय द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के मुताबिक यह अग्रिम भुगतान केंद्र सरकार के सभी कार्यालयों में लागू होगा। इसमें रक्षा, डाक और दूरसंचार विभागों के नियमित कर्मचारी शामिल हैं। इसके साथ ही केंद्र सरकार के औद्योगिक प्रतिष्ठानों में कार्यरत औद्योगिक कर्मचारियों को भी उनका सितंबर 2026 का पारिश्रमिक 25 सितंबर 2026 को ही जारी किया जाएगा।
कर्मचारियों के अतिरिक्त केंद्र सरकार के सभी पेंशनभोगियों को भी राहत दी गई है। विभिन्न बैंकों और पे एंड एकाउंट्स ऑफिस यानी पीएओ को निर्देश दिया गया है कि वे सभी पेंशनभोगियों की सितंबर 2026 की पेंशन 25 सितंबर 2026 को ही वितरित कर दें। सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि महीने के आखिरी दिनों में कामकाज ठप होने की स्थिति में वरिष्ठ नागरिकों और कर्मचारियों को घरेलू खर्चों के लिए नकदी संकट का सामना न करना पड़े।
अग्रिम भुगतान के नियम और अक्टूबर में समायोजन
वित्त मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि 25 सितंबर को मिलने वाली यह राशि अग्रिम भुगतान मानी जाएगी। जब संबंधित महीने का पूरा वेतन, मजदूरी अथवा पेंशन अंतिम रूप से तय कर ली जाएगी, तब इस अग्रिम राशि का मिलान किया जाएगा। यदि किसी कर्मचारी या पेंशनभोगी के खाते में कोई समायोजन बनता है, तो उसे बिना किसी अपवाद के अक्टूबर 2026 के वेतन या मजदूरी से समायोजित किया जाएगा।
इसके अलावा चूंकि यह हड़ताल चालू तिमाही के आखिरी दिनों में पड़ रही है, इसलिए वित्त मंत्रालय ने यह भी निर्देश दिया है कि सितंबर 2026 के अंत में होने वाले अन्य सभी निर्धारित भुगतान और बैंकिंग लेनदेन, जहां भी संभव हो, समय से पहले ही निपटा लिए जाएं ताकि वित्तीय कामकाज में किसी तरह की देरी या रुकावट न आए।
यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस की हड़ताल और मुख्य मांगें
देशभर में इस तीन दिवसीय हड़ताल का आह्वान बैंक कर्मचारियों के सबसे बड़े संगठन यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस ने किया है। यह संगठन बैंक कर्मचारियों के 90 प्रतिशत हिस्से का प्रतिनिधित्व करने का दावा करता है और इसके दायरे में सात प्रमुख यूनियनें आती हैं। इनमें एआईबीईए, एआईबीओसी, बीईएफआई, एनसीबीई, एआईबीओए, आईएनबीईएफ और आईएनबीओसी शामिल हैं।
संगठनों ने 28 सितंबर से 30 सितंबर 2026 तक लगातार तीन दिन काम ठप रखने की घोषणा की है। इससे पहले 11 सितंबर 2026 को भी बैंक कर्मियों ने हड़ताल की थी। यूनियनों ने यह चेतावनी भी दी है कि यदि उनकी मांगों पर सुनवाई नहीं हुई, तो 26 अक्टूबर 2026 से अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू की जाएगी।
बैंक यूनियनों की मुख्य मांग सरकार की परफॉर्मेंस लिंक्ड इंसेंटिव योजना को वापस लेने की है, जिसे वे एकतरफा और भेदभावपूर्ण बता रहे हैं। वे द्विपक्षीय बातचीत के जरिए इसमें संशोधन और बचे हुए अन्य मुद्दों के समाधान की मांग कर रहे हैं। इसके साथ ही पेंशन में सुधार, सभी पेंशनभोगियों के लिए एक समान महंगाई भत्ता फार्मूला लागू करने और कर्मचारियों को नेशनल पेंशन स्कीम यानी एनपीएस से पुरानी पेंशन योजना में लौटने का विकल्प देने की मांग भी शामिल है।
वेतन और पेंशन क्रेडिट हुआ या नहीं, कैसे जांचें
कर्मचारी और पेंशनभोगी 25 सितंबर को अपने खाते में राशि जमा होने की स्थिति कई आसान तरीकों से देख सकते हैं। सबसे तेज माध्यम बैंक का मोबाइल बैंकिंग ऐप है, जहां लॉगिन करके उपलब्ध बैलेंस और हालिया ट्रांजैक्शन हिस्ट्री में क्रेडिट एंट्री देखी जा सकती है।
यदि बैंक खाते के साथ एसएमएस अलर्ट सेवा सक्रिय है, तो वेतन जमा होते ही मोबाइल पर संदेश प्राप्त होता है। उदाहरण के तौर पर आईसीआईसीआई बैंक अपने एसएमएस अलर्ट में सैलरी क्रेडिट की अलग से सूचना देता है। इसके अलावा किसी भी नजदीकी एटीएम पर जाकर डेबिट कार्ड से बैलेंस इन्क्वायरी या मिनी स्टेटमेंट निकालकर ताजा बैलेंस देखा जा सकता है। भारतीय स्टेट बैंक के अनुसार उसकी एटीएम बैलेंस इन्क्वायरी सेवा रियल-टाइम बैलेंस और मिनी स्टेटमेंट हालिया लेनदेन प्रदर्शित करती है।
उपभोक्ता इंटरनेट बैंकिंग के जरिए अपने लैपटॉप या कंप्यूटर पर लॉगिन कर अकाउंट स्टेटमेंट डाउनलोड कर सकते हैं, जिसमें सैलरी, सैल क्रेडिट, एनईएफटी या ईसीएस जैसी प्रविष्टियां दिखाई देती हैं। यदि डिजिटल सेवाओं में कोई तकनीकी खामी आए, तो बैंक के आधिकारिक हेल्पलाइन नंबर पर फोन करके भी अंतिम लेनदेन की जानकारी हासिल की जा सकती है।


















