सोमवार सुबह के शुरुआती कारोबार के दौरान मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर सोना और चांदी दोनों की कीमतों में तेज गिरावट देखने को मिली। शुरुआती घंटों में गोल्ड फ्यूचर्स में 1.31 प्रतिशत की बड़ी गिरावट दर्ज की गई, जबकि सिल्वर फ्यूचर्स भी 0.76 प्रतिशत तक नीचे आ गए। बाजार में लगातार बने दबाव के बीच निवेशकों की नजरें कीमती धातुओं के उतार-चढ़ाव पर टिकी हुई हैं।
प्रमुख महानगरों में सोने के नए भाव
चेन्नई बाजार में 24 कैरेट सोने की 100 ग्राम की कीमत अब घटकर 15,67,700 रुपये पर आ गई है, क्योंकि इसमें 14,700 रुपये की सीधी कमी आई है। इसके अलावा, चेन्नई में ही 22 कैरेट सोने के भाव भी 13,500 रुपये फिसलकर 14,37,000 रुपये पर पहुंच गए हैं। हैदराबाद और अन्य दक्षिण भारतीय बाजारों में भी इन संशोधित और घटी हुई कीमतों का सीधा असर देखने को मिल रहा है, जिससे खरीदारों को बड़ी राहत मिली है।
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर कारोबार का हाल
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर सोमवार सुबह के सत्र में दोनों बहुमूल्य धातुओं पर बिकवाली का भारी दबाव बना रहा। एमसीएक्स गोल्ड 5 अक्टूबर फ्यूचर्स 1,854 रुपये यानी 1.19 प्रतिशत की गिरावट के साथ 1,54,427 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार करता नजर आया। वहीं दूसरी ओर, एमसीएक्स सिल्वर 4 सितंबर फ्यूचर्स 1,304 रुपये यानी 0.55 प्रतिशत लुढ़ककर 2,53,153 रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गया।
फेडरल रिजर्व के बयानों और वैश्विक संकेतों का असर
हाल ही में जैक्सन होल सम्मेलन में फेडरल रिजर्व के चेयरमैन केविन वॉर्श की ओर से दिए गए सख्त बयानों के बाद वैश्विक स्तर पर स्पॉट गोल्ड में भी भारी गिरावट आई। ट्रेडिंग इकोनॉमिक्स के आंकड़ों के अनुसार, यह घटा हुआ भाव 432.49 डॉलर प्रति औंस दर्ज किया गया। केडिया एडवाइजरी की ताजा बुलियन रिपोर्ट के अनुसार, आज के लिए सोने का ट्रेडिंग दायरा 153300 से 161850 रुपये के बीच रहने का अनुमान जताया गया है।
घरेलू बाजार में कमजोर मांग और अमेरिकी आंकड़ों का प्रभाव
विशेषज्ञों का मानना है कि महंगाई पर लगाम कसने के लिए ब्याज दरों में बढ़ोतरी की बढ़ती संभावनाओं के कारण सोने के दाम नीचे आए हैं। इसके अलावा, अमेरिका के संशोधित रोजगार आंकड़ों से पता चला है कि मार्च 2026 तक के 12 महीनों में अर्थव्यवस्था में 79,000 कम नौकरियां जुड़ी हैं। भारत के घरेलू मोर्चे पर भी कमजोर मांग के चलते सोने पर मिलने वाला डिस्काउंट पिछले तीन महीनों के सबसे निचले स्तर पर पहुंच गया है।



















