2026 की त्योहारी अवधि में रेल से लंबी दूरी तय करने वाले यात्रियों के लिए 100 से अधिक अतिरिक्त सेवाएं तय की गई हैं, और विस्तृत सूची में कुल 102 ट्रेन सेवाएं दिखाई देती हैं। यह कार्यक्रम छठ पूजा, दुर्गा पूजा और दिवाली के आसपास उत्तर, पूर्व, पश्चिम तथा दक्षिण के गंतव्यों को कई दो तरफा मार्गों से जोड़ेगा।
त्योहारी भीड़ के लिए बढ़ेगी रेल क्षमता
बड़े त्योहारों के दौरान रेल यात्रा की मांग में मौसमी तेजी आती है, इसलिए नई सेवाओं का मकसद यात्रियों के विकल्पों को बढ़ाना है। घर लौटने वाले यात्रियों की भारी संख्या को देखते हुए भीड़ वाले दीर्घ दूरी के मार्गों पर अतिरिक्त जगह उपलब्ध कराने पर ध्यान रखा गया है, न कि केवल एक क्षेत्र में विस्तार करने पर।
तैयार कार्यक्रम में कुल 102 नंबर वाली ट्रेन सेवाएं रखी गई हैं। कई शहर जोड़ों में आने और जाने के लिए अलग-अलग गाड़ियां तय की गई हैं, ताकि यात्री त्योहारी अवधि में आगे की यात्रा के साथ वापसी की योजना भी बना सकें।
किन राज्यों और प्रमुख स्टेशनों को मिली जगह
उत्तर प्रदेश, बिहार और पश्चिम बंगाल से जुड़े यात्रियों के साथ असम, दिल्ली, गुजरात, महाराष्ट्र, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक और तमिलनाडु के यात्री भी इन अतिरिक्त सेवाओं से लाभ उठा सकते हैं। सूची में कोलकाता, गुवाहाटी, असारवा, उधना, सबरमती, वलसाड, दादर, एसएमवीटी बेंगलुरु, मदुरै और बांद्रा टर्मिनस जैसे गंतव्य शामिल हैं।
मार्गों का चुनाव उत्तर प्रदेश से रोजगार, शिक्षा और व्यापार के बड़े केंद्रों की ओर जाने वाली यात्रा के लिए खास तौर पर उपयोगी है। श्रमिकों, छात्रों और अन्य यात्रियों के लिए बड़े शहरों और अपने गृह नगरों के बीच त्योहारी सफर में ये अतिरिक्त विकल्प काम आ सकते हैं।
बिहार और पश्चिम बंगाल के लिए कई पूर्वी जोड
बिहार और पश्चिम बंगाल को योजना में व्यापक विस्तार मिला है। सीलदाह-पटना, हावड़ा-रक्सौल, कोलकाता-मधुबनी, सीलदाह-सीतामढ़ी, आसनसोल-गोरखपुर, आसनसोल-पटना और कोलकाता-न्यू जलपाईगुड़ी मार्ग इसी विस्तार का हिस्सा हैं।
ये सेवाएं पूर्वी भारत और बिहार के अलग-अलग हिस्सों के बीच कई विकल्प बनाती हैं। हर दिशा को अलग ट्रेन नंबर दिया गया है, इसलिए यात्री आने और जाने वाली गाड़ी को समय-सारणी में स्पष्ट रूप से पहचान सकते हैं।
उत्तरपूर्व के लिए लंबी दूरी की नई कड़ियां
योजना उत्तरपूर्व भारत को देश के अन्य हिस्सों से जोड़ने वाली कई दीर्घ दूरी की सेवाएं भी शामिल करती है। कानपुर सेंट्रल-गुवाहाटी, हावड़ा-लुमडिंग, डिब्रूगढ़-कोलकाता और सांतरागाछी-नहरलागुन मार्ग तय किए गए हैं।
ये मार्ग त्योहारी अवधि में पूर्वी भारत और उत्तरपूर्वी गंतव्यों के बीच सफर करने वालों के लिए महत्व रखते हैं। सभी गाड़ियों का कैलेंडर एक जैसा नहीं है; कुछ कई हफ्तों तक निश्चित वारों पर चलेंगी, जबकि कुछ सितंबर से नवंबर की खास तारीखों तक ही उपलब्ध होंगी।
दक्षिण और पश्चिम में भी बढ़ेंगे विकल्प
दक्षिण की ओर कानपुर सेंट्रल-मदुरै, कानपुर सेंट्रल-एसएमवीटी बेंगलुरु, शालिमार-चर्लपल्ली और विशाखापट्टनम-एसएमवीटी बेंगलुरु सेवाएं शामिल हैं। ये एक राज्य से दूसरे राज्य तक लंबे सफरों के लिए अतिरिक्त मार्ग उपलब्ध कराती हैं।
पश्चिमी हिस्से में दादर, उधना, वलसाड, असारवा और बांद्रा टर्मिनस गंतव्यों को जगह दी गई है। श्रमिकों, छात्रों और अन्य यात्रियों के लिए बड़े शहरों तथा अपने गृह नगरों के बीच आने-जाने में इन सेवाओं से मदद मिल सकती है।
दो अलग तरह के चलने वाले कैलेंडर
102 सेवाओं में से सभी पर एक जैसा समय लागू नहीं होगा। चार ट्रेनें कई हफ्तों तक तय वारों पर चलेंगी, जबकि बाकी जोड़ों को त्योहारी अवधि की खास तारीखों या निर्धारित महीनों में सीमित रखा गया है।
यात्रा तय करते समय ट्रेन नंबर, दिशा, चलने का वार और तारीख रेंज साथ में मिलाना जरूरी है। एक ही मार्ग पर जाने और लौटने वाली गाड़ियां अक्सर अलग दिनों पर चलती हैं, इसलिए केवल शहरों के नाम से योजना बनाना पर्याप्त नहीं होगा।
निश्चित वारों पर चलने वाली चार सेवाएं
विस्तृत सूची में चार कानपुर से जुड़ी सेवाओं को कई हफ्तों के लिए निश्चित वार दिए गए हैं। उनके चलने की तारीखें और दिशाएं इस प्रकार हैं।
- ट्रेन 04131: कानपुर सेंट्रल से एसएमवीटी बेंगलुरु जाने वाली यह सेवा 4 अक्टूबर से 15 नवंबर, 2026 तक हर रविवार चलेगी।
- ट्रेन 04132: एसएमवीटी बेंगलुरु से कानपुर सेंट्रल की वापसी गाड़ी 7 अक्टूबर से 18 नवंबर, 2026 तक हर बुधवार चलेगी।
- ट्रेन 01925: कानपुर सेंट्रल-मदुरै सेवा 2 सितंबर से 25 नवंबर, 2026 तक हर बुधवार चलेगी।
- ट्रेन 01926: मदुरै-कानपुर सेंट्रल वापसी सेवा 5 सितंबर से 28 नवंबर, 2026 तक हर शनिवार चलेगी।
खास तारीखों तक सीमित आठ सेवाएं
बाकी विवरणों में हर हफ्ते एक जैसे वार के बजाय खास तारीखों वाला कैलेंडर अपनाया गया है। हर ट्रेन नंबर के साथ त्योहारी अवधि, माह की रेंज और दिशा ध्यान से देखनी होगी।
- ट्रेन 04003: आनंद विहार से जोगबानी जाने वाली यह सेवा त्योहारी अवधि की चुनिंदा तारीखों पर चलेगी।
- ट्रेन 04004: जोगबानी से आनंद विहार की वापसी सेवा भी त्योहारी अवधि की चुनिंदा तारीखों पर चलेगी।
- ट्रेन 08047: हावड़ा से रक्सौल जाने वाली सेवा अक्टूबर और नवंबर 2026 की चुनिंदा तारीखों पर चलेगी।
- ट्रेन 08048: रक्सौल से हावड़ा की वापसी गाड़ी भी अक्टूबर और नवंबर 2026 की चुनिंदा तारीखों पर उपलब्ध रहेगी।
- ट्रेन 03105: सीलदाह से पटना जाने वाली सेवा अक्टूबर और नवंबर 2026 की चुनिंदा तारीखों पर चलेगी।
- ट्रेन 03106: पटना से सीलदाह की वापसी सेवा भी अक्टूबर और नवंबर 2026 की चुनिंदा तारीखों पर चलेगी।
- ट्रेन 05911: डिब्रूगढ़ से कोलकाता जाने वाली सेवा सितंबर से नवंबर 2026 की चुनिंदा तारीखों पर चलेगी।
- ट्रेन 05912: कोलकाता से डिब्रूगढ़ की वापसी सेवा भी सितंबर से नवंबर 2026 की चुनिंदा तारीखों पर चलेगी।
यात्री समय-सारणी को कैसे पढ़ें
मुख्य बात यह है कि एक ही शहर जोड़े के लिए दो अलग ट्रेन नंबर और दो अलग कैलेंडर हो सकते हैं। मिसाल के लिए कानपुर सेंट्रल से एसएमवीटी बेंगलुरु जाने वाली गाड़ी रविवार को चलती है, जबकि उसी मार्ग की वापसी गाड़ी बुधवार को चलेगी; मदुरै वाले जोड़े में भी जाने और लौटने के दिन अलग हैं।
चुनिंदा तारीखों वाली सेवाओं के लिए घोषणा में महीने की सीमा दी गई है, कोई एक नियमित वार नहीं दिया गया है। यात्री मार्गों की सूची से संभावित कड़ियां पहचान सकते हैं, लेकिन अपनी यात्रा से पहले सही नंबर और चलने की अवधि मिलाना आवश्यक है।



















