दलाल स्ट्रीट पर लंबी अवधि के लिए सही शेयरों का चुनाव करने वाले धैर्यवान निवेशकों की संपत्ति में अभूतपूर्व इजाफा देखने को मिला है। इसी कड़ी में हेल्थकेयर क्षेत्र से जुड़ी कंपनी क्यूपिड के शेयरों ने अपने धारकों को अप्रत्याशित वित्तीय प्रतिफल देकर अचंभित कर दिया है। कभी कौड़ियों के भाव बिकने वाला यह पेनी स्टॉक अब बाजार में मजबूती से स्थापित होकर निवेशकों के लिए जबरदस्त संपत्ति सृजन का माध्यम बन चुका है। पंद्रह सितंबर को कारोबार के दौरान इस शेयर में चार फीसदी का जोरदार उछाल दर्ज किया गया, जिससे इसका भाव बढ़कर 284.65 रुपये के स्तर पर पहुंच गया।
तिमाही नतीजों में जबरदस्त वित्तीय प्रदर्शन
शेयर की कीमतों में आई इस तेज बढ़त के मूल में कंपनी के मजबूत होते बुनियादी वित्तीय आंकड़े हैं। चालू वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही के दौरान कंपनी का वित्तीय लेखा-जोखा बेहद प्रभावशाली रहा है। पहली तिमाही में कंपनी का एकीकृत शुद्ध लाभ सालाना आधार पर दोगुने से भी अधिक होकर 44 करोड़ रुपये दर्ज किया गया, जबकि पिछले वित्त वर्ष की इसी तिमाही में यह आंकड़ा 15 करोड़ रुपये पर सीमित था। वहीं परिचालन से प्राप्त होने वाला राजस्व 159 प्रतिशत की छलांग लगाकर 155 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। इसके अतिरिक्त परिचालन लाभ यानी EBITDA में 265 प्रतिशत की भारी बढ़त दर्ज की गई है, जिसने बाजार विश्लेषकों का ध्यान आकर्षित किया है।
दीर्घकालिक चार्ट पर ध्वस्त हुए पुराने रिकॉर्ड
दीर्घकालिक समयावधि में क्यूपिड के शेयरों ने रिटर्न के सारे पुराने रिकॉर्ड पीछे छोड़ दिए हैं। पिछले पांच वर्षों के आंकड़ों पर नजर डालें तो इस शेयर ने निवेशकों को लगभग 11,956 प्रतिशत का अविश्वसनीय रिटर्न दिया है। सतरह सितंबर 2021 को इस शेयर का भाव मात्र 2.30 रुपये हुआ करता था, जो अब चढ़कर 285 रुपये के आसपास पहुंच चुका है। इसका सीधा मतलब यह है कि अगर किसी निवेशक ने पांच साल पहले इस कंपनी में एक लाख रुपये की पूंजी लगाकर भरोसा जताया होता, तो आज उसकी उस पूंजी का मूल्य बढ़कर लगभग 1.20 करोड़ रुपये हो चुका होता।
कम अवधि में भी निवेशकों की पूंजी में भारी इजाफा
इस मल्टीबैगर शेयर ने न केवल पांच वर्षों में बल्कि पिछले तीन और एक वर्ष में भी शानदार प्रदर्शन दोहराया है। पिछले तीन वर्षों के दौरान क्यूपिड के शेयरों ने 6,623 प्रतिशत की जोरदार छलांग लगाई है। तीन साल पहले लगाया गया एक लाख रुपये का मूल निवेश आज बढ़कर 67 लाख रुपये में तब्दील हो चुका है। वहीं सिर्फ बारह महीने पहले दांव लगाने वाले निवेशकों को भी भारी लाभ मिला है, जहां एक लाख रुपये की पूंजी बढ़कर लगभग सात लाख रुपये हो चुकी है। वर्ष 2026 में अब तक यह शेयर 166 प्रतिशत से ज्यादा की बढ़त हासिल कर चुका है, जिसके चलते जनवरी 2026 की शुरुआत में निवेश किए गए एक लाख रुपये आज बढ़कर 2.6 लाख रुपये हो गए हैं।
कारोबारी विस्तार और वित्तीय अनुमान में बढ़ोतरी
कंपनी अपने व्यवसाय को आगे बढ़ाने के लिए घरेलू और वैश्विक दोनों स्तरों पर आक्रामक रणनीति अपना रही है। मुख्य हेल्थकेयर खंड के साथ-साथ घरेलू उपभोक्ता हेल्थकेयर और एफएमसीजी व्यापार में कंपनी की पैठ लगातार गहरी हो रही है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में मार्जिन बेहतर करने के उद्देश्य से क्यूपिड ने अपने निर्यात पोर्टफोलियो की कीमतों में कम से कम 10 प्रतिशत तक की वृद्धि की है, जिसका सीधा सकारात्मक असर मुनाफे और रियलाइजेशन पर दिखाई देने लगा है। इस मजबूत स्थिति को देखते हुए प्रबंधन ने पूरे वित्त वर्ष 2026-27 के अपने वित्तीय मार्गदर्शन को बढ़ा दिया है। अब कंपनी को पूरे वित्त वर्ष में 725 से 750 करोड़ रुपये के कुल राजस्व और 210 से 225 करोड़ रुपये के शुद्ध लाभ की उम्मीद है।


















