देश का सबसे बड़ा सरकारी ऋणदाता, भारतीय स्टेट बैंक, सुरक्षित निवेश और निश्चित रिटर्न की तलाश करने वाले करोड़ों जमाकर्ताओं की पहली पसंद बना हुआ है। आम जनता अपनी गाढ़ी कमाई को बिना जोखिम बढ़ाए सुरक्षित रखने के लिए बैंक की सावधि जमा योजनाओं पर गहरा भरोसा जताती है। बैंक अपने खाताधारकों को उनकी वित्तीय प्राथमिकताओं के अनुसार 7 दिनों की न्यूनतम अवधि से लेकर 10 वर्षों की अधिकतम मियाद तक सावधि जमा खोलने की सुविधा देता है। यदि कोई जमाकर्ता 364 दिनों की विशिष्ट अवधि के लिए 2 लाख रुपये की एकमुश्त राशि जमा करता है, तो परिपक्वता पर उसे मिलने वाले लाभ का सटीक वित्तीय गणित समझना बेहद उपयोगी है।
सावधि जमा पर विभिन्न अवधियों के ब्याज दर स्लैब
भारतीय स्टेट बैंक अपने ग्राहकों को बचत पर आकर्षक रिटर्न प्रदान करने के उद्देश्य से समय सीमा के आधार पर अलग-अलग ब्याज दरें निर्धारित करता है। सबसे कम समय यानी 7 दिनों से लेकर 14 दिनों तक चलने वाली अल्पकालिक जमा पर 3.05 प्रतिशत से लेकर 3.65 प्रतिशत तक का ब्याज दिया जाता है। मध्यम अवधि के विकल्प तलाशने वाले निवेशकों के लिए, 211 दिनों से लेकर 1 वर्ष से कम समय सीमा वाले खातों पर बैंक 5.90 प्रतिशत से लेकर 6.50 प्रतिशत तक का प्रतिफल सुनिश्चित करता है। लंबी अवधि के संचय पर जोर देने वाले जमाकर्ताओं को 5 वर्ष से लेकर 10 वर्ष तक की परिपक्वता अवधि पर 6.05 प्रतिशत से लेकर अधिकतम 7.15 प्रतिशत तक की ब्याज दर मुहैया कराई जाती है।
364 दिन की जमा पर 2 लाख रुपये का परिपक्वता गणित
जब कोई सामान्य नागरिक 364 दिनों के लिए बैंक में 2 लाख रुपये का निवेश करता है, तो इस अवधि के पूरा होने पर उसे 12,030 रुपये का निश्चित ब्याज हासिल होता है। इस तरह मूलधन और ब्याज को मिलाकर कुल देय राशि 2,12,030 रुपये बनती है। यह गणना उन लोगों के लिए बेहतरीन विकल्प दर्शाती है जो एक साल से ठीक एक दिन पहले अपने पैसे पर तयशुदा मुनाफा अर्जित करना चाहते हैं।
वरिष्ठ और अति वरिष्ठ नागरिकों को मिलने वाले अतिरिक्त फायदे
बुजुर्ग नागरिकों की वित्तीय सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए भारतीय स्टेट बैंक उम्र के आधार पर अधिक ब्याज की पेशकश करता है। यदि 60 वर्ष या उससे अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिक 364 दिनों की अवधि के लिए 2 लाख रुपये जमा करते हैं, तो उन्हें परिपक्वता के समय 13,073 रुपये का ब्याज मिलेगा, जिससे उनकी कुल निकासी राशि 2,13,073 रुपये हो जाएगी। इसके अलावा, 80 वर्ष या उससे अधिक उम्र के अति वरिष्ठ नागरिकों को इससे भी अधिक लाभ दिया जाता है। समान अवधि और समान 2 लाख रुपये की जमा पूंजी पर अति वरिष्ठ नागरिकों को 13,283 रुपये का ब्याज मिलता है, और कुल मिलाकर उन्हें 2,13,283 रुपये की परिपक्व राशि का भुगतान किया जाता है।

















