पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद में बीजेपी कार्यकर्ता सुजीत मंडल हत्याकांड के मुख्य आरोपी का एनकाउंटर, अस्पताल में मौतपश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना में नाबालिग से दुष्कर्म और ब्लैकमेल का मामला, बागुईआटी थाने में शिकायत दर्जराशिफल 29 अक्टूबर: उच्च के चंद्रमा के प्रभाव से 8 राशियों की बदलेगी किस्मत, हर तरफ से मिलेंगे लाभ के संकेतबिक्रम सिंह मजीठिया की कानूनी मुश्किलें गहरी, आय से अधिक संपत्ति मामले में दाखिल हुई सप्लीमेंट्री चार्जशीटसीवर और सेप्टिक टैंक सफाई के दौरान जान गंवाने वालों के परिजनों को मिलेगा 30 लाख मुआवजा, सुप्रीम कोर्ट का सख्त निर्देशमूलांक 4 दैनिक अंकज्योतिष 29 अक्टूबर: डिजिटल लेन-देन में बरतें सावधानी, जल्दबाजी से बचेंमुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के लिए धारा 18 बनी ढाल, सुप्रीम कोर्ट में चुनाव आयोग ने रखा अपना पक्षचार राज्यों के विधान परिषद चुनाव में कांग्रेस को करारा झटका, बीजेपी और सपा का दबदबाअमेरिकी मध्यावधि चुनावों में एलन मस्क का बड़ा दांव, झोंके 7.6 करोड़ डॉलरमूलांक 2 राशिफल 29 अक्टूबर 2026: दिल की बातों और पैसों के लेन-देन में बरतें सावधानी
अहमदाबाद एयरपोर्ट के लिए बनेगा नया एलिवेटेड कॉरिडोर, यात्रियों को मिलेंगे अलग एंट्री और एग्जिट रूटभारत
23 सित॰ 2026, 2:00 pm (36 दिन पहले)· 1

अहमदाबाद एयरपोर्ट के लिए बनेगा नया एलिवेटेड कॉरिडोर, यात्रियों को मिलेंगे अलग एंट्री और एग्जिट रूट

सरदार वल्लभभाई पटेल अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर जाम खत्म करने के लिए नया एलिवेटेड कॉरिडोर प्रस्तावित किया गया है। इसके बनने से यात्रियों के लिए एंट्री और एग्जिट के अलग रास्ते तैयार होंगे।

हवाई यात्रियों को जाम से राहत दिलाने और सफर को सुगम बनाने के लिए अब दिल्ली और मुंबई के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों की तर्ज पर अहमदाबाद में भी बड़ा बुनियादी ढांचा तैयार करने की तैयारी चल रही है। अहमदाबाद स्थित सरदार वल्लभभाई पटेल अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट (एसवीपीआई) तक आवाजाही को बाधा रहित बनाने के लिए एक अत्याधुनिक एलिवेटेड कॉरिडोर का प्रस्ताव तैयार किया गया है। इस पूरी परियोजना का मुख्य मकसद हवाई अड्डे पर आने और वहां से बाहर निकलने वाले वाहनों के लिए अलग-अलग एंट्री तथा एग्जिट रूट उपलब्ध कराना है, जिससे यात्रियों को शहर के सामान्य जाम से नहीं जूझना पड़ेगा।

जाम से निजात के लिए तैयार हुआ विशेष रूट प्लान

हवाई अड्डे के परिसर में दाखिल होते समय अक्सर उम्मेद सर्कल के आसपास भीषण जाम की स्थिति बन जाती है। शहर के इस भारी दबाव से निजात दिलाने के मकसद से इंदिरा ब्रिज सर्कल से लेकर फ्लैग सर्कल तक एक नया एलिवेटेड कॉरिडोर बनाने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। वर्तमान में इस योजना पर अंतिम औपचारिक प्रशासनिक स्वीकृति मिलना बाकी है। इस योजना के जमीन पर उतरने के बाद हवाई अड्डे की ओर जाने वाले वाहनों को व्यस्त एयरपोर्ट रोड के स्थानीय ट्रैफिक से पूरी तरह अलग कर दिया जाएगा। हवाई अड्डा संचालक ने इस संबंध में एक विस्तृत रोड नेटवर्क प्लान तैयार किया है और नगर निगम के अधिकारियों के साथ इस पर कई दौर की प्रारंभिक बैठकें भी संपन्न हो चुकी हैं।

ये भी पढ़ें

तीन चरणों में बंटेगा प्रस्तावित एलिवेटेड कॉरिडोर

परियोजना की रूपरेखा को सुगम बनाने के लिए इस पूरे मार्ग को तीन प्रमुख हिस्सों में विभाजित किया गया है। इसका पहला हिस्सा सीधे हवाई अड्डा परिसर की सीमा के भीतर तैयार किया जाएगा। दूसरा हिस्सा फ्लैग सर्कल से इंदिरा ब्रिज सर्कल के बीच संपर्क स्थापित करेगा। वहीं तीसरे हिस्से की विस्तृत रूपरेखा को फिलहाल अंतिम रूप दिया जा रहा है। इस तीसरे हिस्से में साबरमती नदी पर दो पुलों का निर्माण और गांधीनगर की तरफ इंदिरा सर्कल तक जाने वाले रैंप को शामिल किए जाने की उम्मीद है, ताकि दोनों दिशाओं से आने वाले वाहनों को तेज गति मिल सके।

मौजूदा सड़कों पर ट्रैफिक का भारी दबाव

वर्तमान समय में एयरपोर्ट सर्कल से जुड़ने वाले रास्तों पर वाहनों का जबर्दस्त दबाव देखने को मिलता है। गांधीनगर और हंसोल से शाहीबाग की ओर जाने वाले वाहन और उल्टी दिशा से आने वाला सारा ट्रैफिक इसी एक सड़क पर आकर मिलता है। इसके साथ ही हवाई अड्डे पर आने-जाने वाले हजारों यात्रियों की गाड़ियां भी इसी मार्ग का इस्तेमाल करती हैं। इस मौजूदा व्यवस्था की सबसे बड़ी खामी यह है कि सामान्य शहर से गुजरने वाले वाहन और फ्लाइट पकड़ने वाले यात्रियों की गाड़ियां दोनों एक ही सड़क पर जमा हो जाती हैं, जिससे आए दिन लंबा जाम लग जाता है। आंकड़ों के मुताबिक रोजाना कम से कम 14,000 कारें एसवीपीआई हवाई अड्डा परिसर में आती-जाती हैं। इस भारी संख्या को देखते हुए एलिवेटेड मार्ग बनने से मुख्य सड़कों पर से कारों का बोझ काफी घट जाएगा।

रक्षा भूमि का उपयोग और भविष्य का लॉजिस्टिक्स नेटवर्क

इस बड़े निर्माण कार्य को पूरा करने के लिए रक्षा मंत्रालय के अधीन आने वाली भूमि के कुछ हिस्से को भी परियोजना में शामिल करने पर विचार किया जा रहा है। अक्टूबर 2025 में ही अहमदाबाद नगर निगम और एयरपोर्ट से जुड़े वरिष्ठ अधिकारी इस इलाके में भीड़ कम करने के लिए एलिवेटेड कॉरिडोर और वैकल्पिक पहुंच मार्गों की व्यावहारिकता की गहन पड़ताल कर रहे थे। अब इस प्रक्रिया को आगे बढ़ाते हुए विस्तृत रोड नेटवर्क प्लान पर तेजी से कार्य चल रहा है। इस पूरी योजना में एयरपोर्ट कार्गो लॉजिस्टिक्स सेंटर और इंदिरा सर्कल की दिशा में मजबूत कनेक्टिविटी का प्रावधान भी जोड़ा गया है। इसके बन जाने से हवाई अड्डे तक पहुंचने का समय काफी घट जाएगा और पूरे शहर की ट्रैफिक व्यवस्था भी व्यवस्थित रूप से चलती रहेगी।

सवाल-जवाब

अहमदाबाद एयरपोर्ट के लिए कौन सा नया प्रोजेक्ट प्रस्तावित किया गया है?
सरदार वल्लभभाई पटेल अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट (एसवीपीआई) के लिए इंदिरा ब्रिज सर्कल से फ्लैग सर्कल तक एक नया एलिवेटेड कॉरिडोर बनाने का प्रस्ताव तैयार किया गया है।
इस एलिवेटेड कॉरिडोर का मुख्य फायदा क्या होगा?
इससे एयरपोर्ट जाने वाले यात्रियों को अलग एंट्री और एग्जिट मार्ग मिलेंगे और वे शहर के नियमित ट्रैफिक से बचकर तेजी से एयरपोर्ट पहुंच सकेंगे।
प्रस्तावित कॉरिडोर को कितने हिस्सों में बांटा गया है?
इस पूरे कॉरिडोर को तीन हिस्सों में बांटा गया है, जिसमें एयरपोर्ट की सीमा का हिस्सा, फ्लैग सर्कल से इंदिरा ब्रिज का हिस्सा और साबरमती पर दो पुलों वाला तीसरा हिस्सा शामिल है।
वर्तमान में अहमदाबाद एयरपोर्ट पर रोजाना कितनी गाड़ियां आती-जाती हैं?
अनुमान के मुताबिक वर्तमान में रोजाना कम से कम 14,000 कारें एसवीपीआई एयरपोर्ट परिसर में आवाजाही करती हैं।
क्या इस प्रोजेक्ट में किसी केंद्रीय मंत्रालय की जमीन की जरूरत होगी?
योजना के तहत इस एलिवेटेड कॉरिडोर और रोड नेटवर्क में रक्षा मंत्रालय के अधीन आने वाली जमीन को शामिल करने की तैयारी की जा रही है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 5

Priya Sharma@priya-sharma·35 दिन पहले

अहमदाबाद एयरपोर्ट पर जाम कम करने के लिए यह एलिवेटेड कॉरिडोर का आइडिया तो बहुत सही लग रहा है, खासकर जब रोज़ चौदह हज़ार गाड़ियाँ आती-जाती हों। बस ये समझ नहीं आया कि साबरमती पर बनने वाले नए पुलों और इस पूरे काम को ज़मीन पर उतारने में असल में कितना वक्त लगेगा?

Arjun Mehta@arjun-mehta·35 दिन पहले

उम्मीद सर्कल का जाम तो हट जाएगा, पर जब तक साबरमती पर नए पुल नहीं बनते, तब तक इस पूरे प्लान पर भरोसा करना जल्दबाजी होगी।

Ravikash Gupta@ravikash·35 दिन पहले

अर्जुन जी, बात तो आपकी बिल्कुल सही है, साबरमती पर जब तक नए पुल नहीं बनेंगे, तब तक राहत मिलना मुश्किल लग रहा है।

Rohan Verma@rohan-verma·35 दिन पहले

पिछली बार जब मैं अहमदाबाद एयरपोर्ट गया था, तो उम्मेद सर्कल के पास टैक्सी में घंटों जाम में फंसे रहे थे। फ्लाइट का समय पास था और दिल की धड़कनें बढ़ी हुई थीं। अगर यह एलिवेटेड कॉरिडोर बन जाता है, तो यात्रियों की यह बड़ी सिरदर्द हमेशा के लिए खत्म हो जाएगी।

Karan Malhotra@karan-malhotra·35 दिन पहले

रोहन भाई, सच कहा आपने! वहां जाम में फंसकर फ्लाइट छूटने का डर वाकई बहुत डरावना होता है।

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp