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बहराइच में शुरू हुआ ऑर्गेनिक मिलेट्स मार्ट, किसानों से सीधे खेत से पहुंचेगा पौष्टिक मोटा अनाजभारत
23 सित॰ 2026, 2:51 pm (31 मिनट पहले)· 0

बहराइच में शुरू हुआ ऑर्गेनिक मिलेट्स मार्ट, किसानों से सीधे खेत से पहुंचेगा पौष्टिक मोटा अनाज

बहराइच में किसान डिग्री कॉलेज के पास खुले विशेष मिलेट्स मार्ट में रागी, कोदो, बाजरा जैसे पौष्टिक मोटे अनाज, गाय का देसी घी और कोल्हू का सरसों तेल उपलब्ध कराया जा रहा है।

बढ़ती जीवनशैली की बीमारियों और बाजार में बिकने वाली मिलावटी खाद्य सामग्रियों के बीच सेहतमंद आहार चुनना लोगों के लिए एक कठिन काम बन गया है। आधुनिक चिकित्सा विशेषज्ञ और आहार सलाहकार खानपान में पौष्टिक मोटे अनाजों को शामिल करने की लगातार वकालत करते रहे हैं। हालांकि सामान्य बाजारों में पूरी तरह शुद्ध और रसायनमुक्त खाद्यान्न खोजना उपभोक्ताओं के लिए अक्सर पेचीदा साबित होता है। इसी समस्या के व्यावहारिक समाधान के रूप में उत्तर प्रदेश के बहराइच शहर में एक विशेष मोटा अनाज मार्ट की शुरुआत की गई है, जहाँ उपभोक्ताओं को सीधे खेतों से निकला प्रामाणिक खाद्यान्न उपलब्ध कराया जा रहा है।

प्रशासनिक स्तर पर हुआ शुभारंभ और किसानों को सीधे जोड़ने की व्यवस्था

इस अनूठे खाद्यान्न केंद्र का विधिवत उद्घाटन 15 तारीख को स्थानीय जिलाधिकारी द्वारा किया गया। केंद्र के संचालक मनीष कुमार शुक्ला ने इस परियोजना की रूपरेखा साझा करते हुए स्पष्ट किया कि इस पहल का केंद्रीय मकसद क्षेत्रीय कृषकों के लिए एक समर्पित उत्पाद गैलरी तैयार करना है। इस मंच के माध्यम से किसान अपनी जैविक फसलों को बिना किसी बिचौलिए के सीधे बाजार में लाकर विक्रय कर सकते हैं। उत्पादों की जैविक प्रामाणिकता और शुद्धता की पुष्टि के लिए संस्थान की अपनी तकनीकी टीम किसानों के खेतों पर व्यक्तिगत रूप से जाती है और फसलों की जैविक पद्धतियों का मौके पर निरीक्षण करती है।

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पारंपरिक अनाजों की व्यापक श्रृंखला और शुद्ध देशी उत्पाद

इस केंद्र में दैनिक खानपान को पोषणयुक्त बनाने वाले लगभग सभी पारंपरिक मोटे अनाज एक ही छत के नीचे संकलित किए गए हैं। ग्राहकों के लिए यहाँ मक्के का दलिया, रागी, सांवा, कुटकी, देसी चना, साबुत हल्दी, ज्वार, बाजरा और कोदो जैसी दुर्लभ पौष्टिक फसलें पर्याप्त मात्रा में रखी गई हैं। अनाजों के अतिरिक्त दैनिक रसोई में इस्तेमाल होने वाले अन्य जरूरी उत्पाद भी पूरी शुद्धता की गारंटी के साथ पेश किए गए हैं, जिनमें शुद्ध देशी गाय का घी और पारंपरिक बैल कोल्हू विधि से तैयार किया गया शुद्ध सरसों का तेल प्रमुख रूप से शामिल हैं।

किफायती मूल्य निर्धारण और विशेष छूट की सुविधा

व्यावसायिक पैकेटबंद उत्पादों की तुलना में यहाँ की मूल्य नीति को आम नागरिकों की क्रय क्षमता के अनुकूल व्यवस्थित किया गया है। संचालक मनीष शुक्ला के अनुसार केंद्र पर उच्च गुणवत्ता वाली रागी 120 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से उपलब्ध है, जबकि मक्के का दलिया 100 रुपये प्रति किलोग्राम पर निर्धारित किया गया है। इसके अलावा उपभोक्ताओं को विभिन्न वस्तुओं पर 30% तक की विशेष छूट भी प्रदान की जा रही है, जिससे रासायनिक मिलावट से मुक्त यह खाद्यान्न कॉर्पोरेट ब्रांडों के महंगे पैकेटों की तुलना में काफी किफायती और सुलभ बन जाता है।

ताजा आटा तैयार करने की व्यवस्था और संचालन समय

खानपान में ज्वार, बाजरा और विभिन्न पोषक तत्वों से युक्त मिश्रित अथवा मल्टीग्रेन आटा पसंद करने वाले उपभोक्ताओं के लिए यहाँ जल्द ही एक नई सेवा शुरू की जा रही है। परिसर के भीतर ही एक विशेष आटा चक्की स्थापित की जा रही है, ताकि खरीदार अपनी पसंद के मोटे अनाजों का चुनाव कर मौके पर ही उनका ताजा आटा पिसवा सकें। यह प्रतिष्ठान बहराइच स्थित किसान डिग्री कॉलेज के ठीक सामने, मौरंग की दुकान के निकट स्थित है। दैनिक खरीदारी के लिए यह केंद्र सुबह 10:00 बजे से लेकर रात्रि 9:30 बजे तक ग्राहकों की सेवा के लिए खुला रहता है।

सवाल-जवाब

बहराइच में यह नया मोटा अनाज मार्ट कहाँ स्थित है?
यह मार्ट किसान डिग्री कॉलेज के सामने, मौरंग की दुकान के ठीक बगल में स्थित है।
इस मार्ट का उद्घाटन कब और किसके द्वारा किया गया?
इस केंद्र का उद्घाटन 15 तारीख को स्थानीय जिलाधिकारी द्वारा संपन्न किया गया।
मार्ट में मुख्य रूप से कौन-कौन से मोटे अनाज उपलब्ध हैं?
यहाँ रागी, मक्के का दलिया, सांवा, कुटकी, देसी चना, हल्दी, ज्वार, बाजरा और कोदो जैसे मोटे अनाज उपलब्ध हैं।
मार्ट में रागी और मक्के के दलिया का क्या भाव है?
यहाँ रागी 120 रुपये प्रति किलो और मक्के का दलिया 100 रुपये प्रति किलो की दर से उपलब्ध है, साथ ही उत्पादों पर 30% तक छूट भी दी जा रही है।
अनाजों के अलावा यहाँ अन्य कौन से उत्पाद मिलते हैं?
अनाजों के अतिरिक्त यहाँ शुद्ध देसी गाय का घी और बैल कोल्हू से तैयार शुद्ध सरसों का तेल भी मिलता है।
इस मार्ट के खुलने और बंद होने का समय क्या है?
यह मार्ट ग्राहकों के लिए सुबह 10:00 बजे से लेकर रात 9:30 बजे तक खुला रहता है।
मिश्रित आटा पसंद करने वाले ग्राहकों के लिए क्या विशेष सुविधा होने वाली है?
मार्ट में जल्द ही एक आटा चक्की स्थापित की जा रही है, जहाँ से ग्राहक अपनी पसंद के अनाजों का ताजा आटा तुरंत पिसवा सकेंगे।
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टिप्पणियाँ 2

Karan Malhotra@karan-malhotra·4 मिनट पहले

बाजार में खाने-पीने की चीजों में मिलावट इतनी बढ़ गई है कि शुद्ध मिलना मुश्किल हो गया है। बहराइच के किसानों की यह पहल अच्छी है, सीधे खेत से जैविक सामान मिलेगा तो सेहत भी सुधरेगी।

Ravikash Gupta@ravikash·3 मिनट पहले

करन जी, बिल्कुल सही कहा आपने। आजकल मिलावट इतनी है कि खेतों से सीधा जैविक सामान मिलना कंज्यूमर और लोकल किसानों दोनों के लिए गेम-चेंजर है, खासकर तब जब फूड इन्फ्लेशन और सप्लाई चेन में शुद्धता बनाए रखना बड़ी चुनौती बन गया है।

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