भारतीय उपमहाद्वीप के एक बहुत बड़े हिस्से में इस समय दक्षिण-पश्चिम मानसून पूरी तरह से सक्रिय हो चुका है, जिसके चलते देश के कई हिस्सों में मूसलाधार बारिश और गरज-चमक के साथ आंधी का दौर लगातार जारी है। उत्तर से लेकर पश्चिम और मध्य भारत तक मौसम का मिजाज पूरी तरह से बदला हुआ है। इसी बीच, भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने आने वाले कुछ घंटों में देश के 15 अलग-अलग राज्यों के लिए भारी बारिश, वज्रपात और गंभीर आंधी-तूफान को लेकर हाई अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि इस दौरान संवेदनशील इलाकों में 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज और विनाशकारी हवाएं चल सकती हैं। मौसम की इस गंभीर स्थिति को देखते हुए नागरिकों को सुरक्षित स्थानों पर रहने, घरों से बाहर न निकलने और मौसम संबंधी दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन करने को कहा गया है।
इन 15 राज्यों के लिए मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट
मौसम विज्ञान केंद्र द्वारा जारी ताजा बुलेटिन के अनुसार, देश के कुल 15 राज्यों को इस समय भारी बारिश और तेज हवाओं की मार झेलनी पड़ सकती है। इन राज्यों की सूची में देश की राजधानी दिल्ली के अलावा महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, हरियाणा, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, झारखंड, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और केरल जैसे महत्वपूर्ण राज्य शामिल हैं। इन 15 राज्यों के अतिरिक्त पश्चिमी राज्य गुजरात में भी हालात काफी चिंताजनक बने हुए हैं, जहां लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के चलते सामान्य जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है और प्रशासनिक मशीनरी पूरी तरह से सतर्क है।
विभिन्न राज्यों और महानगरों में मौसम का ताजा हाल
- दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र: देश की राजधानी दिल्ली और इसके सीमावर्ती इलाकों में 8 जुलाई से लेकर 10 जुलाई तक तेज गरज और बिजली चमकने के साथ भारी बारिश का दौर बने रहने का अनुमान है। तापमान की बात करें तो आज यहां अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है। हालांकि, राहत की बात यह है कि आगामी 11 जुलाई से इस क्षेत्र में बारिश की गतिविधियों में थोड़ी कमी दर्ज की जा सकती है।
- उत्तर प्रदेश: राज्य के कई बड़े शहरों और जिलों जैसे लखनऊ, कानपुर, वाराणसी और मुजफ्फरनगर में मूसलाधार बारिश की गंभीर चेतावनी दी गई है। मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में अत्यधिक तीव्र बारिश होने की संभावना है, जिससे तापमान सामान्य से नीचे गिर जाएगा और लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी।
- बिहार: पटना, मुजफ्फरपुर और गया सहित कई प्रमुख जिलों में 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी और आकाशीय बिजली गिरने के साथ भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। राजधानी पटना में अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का पूर्वानुमान है।
- महाराष्ट्र और गुजरात: महाराष्ट्र की राजधानी और देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में आज के लिए 'येलो अलर्ट' जारी किया गया है, जबकि इसके पास स्थित ठाणे जिले में मौसम की प्रचंडता को देखते हुए 'ऑरेंज अलर्ट' घोषित किया गया है। दूसरी ओर, गुजरात के कई जिलों में भारी बाढ़ और सड़कों पर जलभराव की गंभीर आशंका को देखते हुए 'रेड अलर्ट' जारी किया गया है, जहां लोगों को सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी गई है।
- राजस्थान: मरुस्थलीय राज्य राजस्थान के जयपुर, उदयपुर और जोधपुर जैसे प्रमुख जिलों में 8 और 9 जुलाई को अत्यधिक भारी बारिश की आशंका जताई गई है। इसके बाद, 10 जुलाई से राज्य में मानसून की रफ्तार थोड़ी धीमी पड़ने की संभावना है।
- पश्चिम बंगाल: राजधानी कोलकाता और दार्जिलिंग जैसे पहाड़ी क्षेत्रों सहित कई जिलों के लिए मौसम विभाग ने 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया है। तीस्ता और तोर्सा जैसी प्रमुख नदियां इस समय खतरे के निशान के पास उफान पर बह रही हैं, जिससे इन नदियों के किनारे और निचले इलाकों में भीषण बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है।
हाल के दिनों में देश के विभिन्न हिस्सों में भारी मानसूनी बारिश के कारण गंभीर घटनाएं भी सामने आई हैं। उदाहरण के लिए, केरल के वायनाड में मीनाक्षी ब्रिज के पास हुए भीषण भूस्खलन के दौरान एक पूरा का पूरा तेल टैंकर पानी के तेज बहाव में ताश के पत्तों की तरह बह गया था। इसके साथ ही, मुंबई जैसे प्रमुख महानगरों में लगातार हो रही बाढ़ और जलभराव की घटनाओं को लेकर पर्यावरण विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक जलवायु परिवर्तन के कारण भारतीय मानसून के पारंपरिक स्वरूप में तेजी से बदलाव आ रहा है, जिससे कम समय में अत्यधिक बारिश होने की घटनाएं बढ़ रही हैं।











