राजस्थान के सीकर जिले के लक्ष्मणगढ़ क्षेत्र से एक बेहद परेशान करने वाली खबर सामने आई है। यहां के झाड़ेवा गांव में चल रहा एक शादी का जश्न उस समय एकाएक खूनी जंग में बदल गया, जब बारातियों और ग्रामीणों के बीच पटाखों को लेकर भारी विवाद हो गया। यह बहस इतनी बढ़ गई कि दोनों पक्षों के लोग लाठियां और लात-घूंसे लेकर एक-दूसरे पर टूट पड़े, जिसके परिणामस्वरूप लगभग छह लोग बुरी तरह घायल हो गए।
पटाखा फोड़ने से उपजा विवाद
इस पूरे हंगामे की शुरुआत तब हुई जब झुंझुनू जिले के भोड़की गांव से बारात लक्ष्मणगढ़ के झाड़ेवा गांव पहुंची थी। शादी के स्वागत समारोह और घुड़चढ़ी की रस्म के दौरान एक बाराती युवक काफी उत्साह में था और वहां पटाखे चला रहा था। इसी दौरान एक पटाखा पास में ही खड़ी एक कार के काफी करीब जाकर फट गया। गाड़ी के मालिक और उसमें बैठे लोग इस बात से बुरी तरह नाराज हो गए और उन्होंने तुरंत उस युवक के साथ बहस शुरू कर दी। स्थिति तब और बिगड़ गई जब गाली-गलौज के बाद गाड़ी सवार लोगों ने बाराती की पिटाई कर दी। अपने साथी को पिटते देख अन्य बाराती भी बचाव में कूद पड़े, जिसके बाद गांव के स्थानीय लोग और बारात में आए युवकों के बीच जमकर मारपीट हुई। ग्रामीणों ने मिलकर दो बारातियों की बेरहमी से धुनाई कर दी, जिससे अफरातफरी मच गई।
पुलिस की सतर्कता से टली बड़ी वारदात
हिंसा की सूचना मिलते ही लक्ष्मणगढ़ और बलारा थाने की पुलिस टीम मौके पर दौड़ पड़ी। पुलिस ने वहां पहुंचकर दोनों पक्षों के बीच चल रहे संघर्ष को शांत कराया और अतिरिक्त जाब्ता तैनात किया ताकि इलाके में शांति बनी रहे। पुलिस अधिकारी तब तक मौके पर मुस्तैद रहे जब तक शादी की बाकी रस्में संपन्न नहीं हो गईं और बारात सुरक्षित तरीके से वहां से विदा नहीं हुई। राहत की बात यह है कि देर रात तक दोनों पक्षों में से किसी ने भी थाने में कोई आधिकारिक प्राथमिकी दर्ज नहीं कराई। मामले को आगे बढ़ने से रोकने के लिए दोनों तरफ के बुजुर्गों ने आपस में बैठ कर सुलह करने और विवाद को वहीं खत्म करने का फैसला किया है।













