देश के विभिन्न हिस्सों में बादलों की सक्रियता से हालात गंभीर बने हुए हैं और पहाड़ों से लेकर मैदानी इलाकों तक जलप्रलय जैसा मंज़र देखने को मिल रहा है। मानसूनी बारिश की वजह से कई नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं और उनका पानी रिहायशी इलाकों में घुस रहा है। गंगा नदी का जलस्तर बढ़ने से आसपास के इलाके कट रहे हैं और बाढ़ के पानी ने हर तरफ तबाही मचा रखी है।
बलिया में गंगा नदी में समाई विशाल टंकी
उत्तर प्रदेश के बलिया जिले में गंगा नदी का रौद्र रूप देखने को मिल रहा है। यहां बाढ़ के पानी के कटाव के कारण 20 फीट से अधिक ऊंची पानी की एक पूरी टंकी नदी में समा गई। वहीं मध्य प्रदेश के रीवा में हालात इतने बिगड़ गए कि बाढ़ का पानी आवासीय सोसायटी के अंदर तक भर गया। घरों के भूतल पूरी तरह डूब जाने के कारण लोगों को मजबूरन अपनी जान बचाने के लिए ऊपरी मंजिलों पर शरण लेनी पड़ी। इस संकट से निपटने के लिए पुलिस कर्मियों को गले तक पानी में उतरकर बचाव अभियान चलाना पड़ा और फंसे हुए नागरिकों को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
मोहाली में पानी के तेज बहाव में फंसा पिकअप वाहन
पंजाब के मोहाली में भी बाढ़ की भयंकर स्थिति सामने आई है। पानी के तेज बहाव के बीच एक पिकअप वाहन फंस गया जिसमें एक भैंस भी सवार थी। जलस्तर अचानक बढ़ने की वजह से यह वाहन रास्ते में ही अटक गया था। हालांकि समय रहते स्थानीय स्तर पर प्रयास किए गए और चालक तथा भैंस दोनों को सुरक्षित निकाल लिया गया। इसके बाद रस्सियों की मदद से पानी के तेज प्रवाह के बीच से पिकअप वाहन को भी बाहर खींच लिया गया।
उत्तराखंड के देहरादून में टपकेश्वर महादेव मंदिर के पास डूबे घाट
उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में भारी बारिश के चलते प्रशासन ने रेड अलर्ट जारी कर रखा है। लगातार हो रही वर्षा के कारण तमसा नदी का जलस्तर खतरनाक स्तर पर बना हुआ है। प्रसिद्ध टपकेश्वर महादेव मंदिर के आसपास का क्षेत्र भारी तबाही की चपेट में है। मंदिर का एक हिस्सा और वहां बने घाट पूरी तरह जलमग्न हो चुके हैं। पहाड़ों से पानी इतनी तेजी से नीचे आ रहा है कि पूरा इलाका डूब क्षेत्र में बदल गया है। नदी का यह खतरनाक रूप लोगों में भय पैदा कर रहा है।
तमसा नदी के उफान से पार्किंग में खड़ी गाड़ियां क्षतिग्रस्त
तमसा नदी के प्रलयकारी रूप के कारण पास की पार्किंग में खड़ी कई गाड़ियां भी क्षतिग्रस्त हो गई हैं। मंदिर का बड़ा हिस्सा पानी में डूबा हुआ है और बाढ़ का पानी विशालकाय हनुमान मूर्ति के पास तक पहुंच चुका है। हालात को देखते हुए पूरे इलाके में हाई अलर्ट घोषित किया गया है और लोगों को नदी के निचले तथा तटीय इलाकों से दूर रहने की सख्त हिदायत दी गई है। नदी के किनारों पर प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है और लगातार मुनादी कर लोगों से सतर्क रहने की अपील की जा रही है।
जम्मू-कश्मीर के अखनूर में चिनाब नदी से बचाए गए तीन युवक
जम्मू-कश्मीर के अखनूर क्षेत्र में चिनाब नदी में फंसे तीन लोगों को घंटों चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद सुरक्षित बचा लिया गया। शनिवार की रात चांदियां घाट पर तीन लड़के नदी के पत्थरों के किनारे बैठे हुए थे, तभी अचानक जलस्तर बढ़ गया और वे पानी की तेज धार के बीच फंस गए। स्थानीय लोगों से सूचना मिलने पर अखनूर पुलिस हरकत में आई और भारतीय तथा एसडीआरएफ की टीमों के साथ मिलकर रस्सियों के सहारे तीनों युवकों को सकुशल बाहर निकाल लिया। इससे पहले ओडिशा के मयूरभंज में भी ऐसा ही मामला सामने आया था जब बाढ़ के पानी में ऑटो बह गया था और स्थानीय नागरिकों ने सूझबूझ दिखाते हुए यात्रियों की जान बचाई थी।























