प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हाल में ऑस्ट्रेलिया के दौरे पर मेलबर्न पहुंचे, जहां भारतीय समुदाय ने उनका जोरदार स्वागत किया। इस स्वागत समारोह के दौरान हुई एक शानदार कथक प्रस्तुति ने उनका दिल जीत लिया और उन्होंने यह अनुभव अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर साझा किया।
मोदी ने एक्स पर क्या लिखा
अपने आधिकारिक हैंडल @narendramodi से माइक्रोब्लॉगिंग मंच एक्स (X) पर पोस्ट करते हुए नरेंद्र मोदी ने लिखा कि मेलबर्न में भारतीय समुदाय द्वारा किए गए स्वागत समारोह के दौरान उन्हें एक शानदार कथक प्रस्तुति देखने का मौका मिला, जिसे देखकर उन्हें बेहद खुशी हुई। उन्होंने आगे लिखा कि यह देखकर अच्छा लगता है कि भारतीय नृत्य शैलियां पूरे ऑस्ट्रेलिया में लोकप्रिय होती जा रही हैं। इस पोस्ट के साथ उन्होंने कार्यक्रम का एक वीडियो लिंक भी साझा किया, जिसमें कलाकारों की प्रस्तुति देखी जा सकती है।
मेलबर्न में सांस्कृतिक स्वागत
मेलबर्न में रह रहे भारतीय मूल के लोगों ने प्रधानमंत्री के स्वागत में यह सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किया था, जिसमें कथक नृत्य को खास तौर पर प्रस्तुत किया गया। कथक भारत की प्रमुख शास्त्रीय नृत्य शैलियों में गिना जाता है, जो अपने लयबद्ध पदचाप, चक्करदार घुमाव और भाव प्रदर्शन के लिए जाना जाता है। नरेंद्र मोदी की इस पोस्ट से साफ झलकता है कि विदेश में बसे भारतीय अपनी सांस्कृतिक विरासत को जीवंत बनाए रखने में जुटे हुए हैं और यह परंपरा अब स्थानीय ऑस्ट्रेलियाई समाज में भी अपनी पहचान बना रही है। ऐसे स्वागत समारोह प्रवासी भारतीयों और भारत सरकार के बीच सांस्कृतिक जुड़ाव को और मजबूत करने का काम करते हैं।
जनता की प्रतिक्रिया
प्रधानमंत्री की इस पोस्ट पर सोशल मीडिया पर लोगों की मिली-जुली प्रतिक्रिया देखने को मिली। कई यूजर्स ने ऑस्ट्रेलिया में भारतीय संस्कृति और परिधानों, जैसे साड़ी, को मिल रहे सम्मान पर खुशी जताई और इसे गर्व का पल बताया। कुछ यूजर्स ने अपने आसपास हो रहे कथक और अन्य नृत्य कार्यक्रमों का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री का ध्यान उस ओर खींचने की कोशिश की। वहीं कुछ लोगों ने विदेश यात्राओं और उनसे जुड़े सरकारी खर्च को लेकर सवाल भी उठाए, जिससे यह चर्चा महज सांस्कृतिक तारीफ तक सीमित न रहकर सरकार की नीतियों और खर्च तक भी पहुंच गई।


















