सत्तारूढ़ दल BJP ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल (X) के ज़रिए देश में बुनियादी ढांचे के विकास को लेकर एक पोस्ट साझा की, जिसमें "फाइलों से फील्ड तक" के संदेश के साथ यह बताने की कोशिश की गई कि बड़ी परियोजनाएं अब किस रफ्तार से ज़मीन पर उतर रही हैं।
पहले और अब का फर्क
पार्टी ने अपने संदेश में 2014 से पहले के दौर का ज़िक्र करते हुए कहा कि उस समय बड़ी परियोजनाएं वर्षों तक अटकी रह जाती थीं। इसके उलट, पोस्ट के मुताबिक आज देश तेज़ फैसलों और समयबद्ध डिलीवरी के एक नए दौर में आगे बढ़ रहा है, जहां योजनाओं को कागज़ से निकालकर मैदान तक पहुंचाने पर ज़ोर दिया जा रहा है।
किन उपलब्धियों को गिनाया गया
BJP ने अपनी पोस्ट में इस रफ्तार के कुछ ठोस उदाहरण भी सामने रखे। इनमें इंजीनियरिंग के लिहाज़ से चर्चित चिनाब ब्रिज का राष्ट्र को समर्पण एक प्रमुख उपलब्धि के रूप में गिनाया गया।
- चिनाब ब्रिज को राष्ट्र को समर्पित किया गया।
- देश के 23+ शहरों में मेट्रो सेवा का विस्तार।
- हाईवे निर्माण की रफ्तार 34 किमी/दिन तक पहुंचना।
पार्टी का इशारा साफ था कि रेल, शहरी परिवहन और सड़क — तीनों मोर्चों पर एक साथ काम तेज़ी से आगे बढ़ रहा है, और इन्हीं आंकड़ों को वह बदलते भारत की तस्वीर के रूप में पेश कर रही है।
जनता की प्रतिक्रिया
पोस्ट पर मिली प्रतिक्रियाओं में जहां कई लोगों ने इन कामों की सराहना की, वहीं कुछ यूज़र्स ने ज़मीनी अनुभव को लेकर सवाल भी उठाए। खासकर रेल यात्रा को लेकर यह चिंता सामने आई कि अलग फ्रेट कॉरिडोर बनने के बावजूद आम यात्री ट्रेनों के घंटों लेट चलने से परेशान हैं, और लोग पूछ रहे हैं कि समय पर यात्रा का फायदा उन तक कब पहुंचेगा।













